सोते वक्त सिर में मारी कुल्हाड़ी, गड्ढे में दबाई लाश
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रकम देने के बहाने समसपुर लाकर प्रेमपाल ने कमल को सोते में कुल्हाड़ी से मार डाला। चार दिसंबर की रात खाना खाने के बाद दोनों बिस्तर पर लेट गए। कमल तो सो गया लेकिन प्रेमपाल जाग रहा था।
फिर चुपके से कुल्हाड़ी उठाकर उसने बिना धार वाले हिस्से से मयंक के सिर पर भरपूर प्रहार किए। उसके बाद रात में ही कमरे में गड्ढा खोदकर शव दफना दिया। इसके बाद सात दिसंबर को वह ग्रेटर नोएडा पहुंच गया।
प्रेमपाल और कमल में गहरी दोस्ती थी। तीन साल से वह उसके साथ रहता एक ही कमरे में रहता था। इसी दोस्ती और उससे उपजे भरोसे पर कमल ने तीन साल तक अपना वेतन प्रेमपाल के पास जमा किया।
अंदेशा नहीं हुआ कि प्रेमपाल उसकी हत्या करना चाहता है
जरूरत पर मांगा तो कई दिन आनाकानी के बाद घर चलकर रकम देने की बात पर कमल को जरा भी अंदेशा नहीं हुआ कि प्रेमपाल उसकी हत्या करना चाहता है। उसकी बातों में आकर समसपुर चला आया। पांच दिसंबर को ही प्रेमपाल ने उसकी हत्या कर दी और शव घर में दफना कर सात दिसंबर को ग्रेटर नोएडा में ड्यूटी ज्वाइन कर ली।
सोसायटी के राजेंद्र मावी ने बताया कि कमल सिंह ने सुपरवाइजर के पास जमा 2.55 लाख रुपये होने की बात बताई थी। सुपरवाइजर के आनाकानी करने पर कमल सिंह ने उनसे रुपये दिलवाने के लिए भी कहा था। राजेंद्र मावी ने बताया कि उनके घर शादी थी, इसलिए उन्होंने समारोह के बाद रुपये दिलाने का आश्वासन दिया था।
इधर अपने घर जाने की जल्दी में कमल सुपरवाइजर प्रेमपाल की बातों में आ गया और उसके साथ छतारी स्थित उसके गांव समसपुर चला गया। जाने के दौरान उसने अपने एक अन्य साथी को फोन कर उन्हें बताने के लिए भी कहा था।
शव दबे होने की खबर से गांव में सनसनी
ग्रेटर नोएडा स्थित थाना कासना के एसएसआई अजय कुमार यादव ने बताया कि आरोपी प्रेमपाल पूछताछ के दौरान पुलिस को गुमराह करता रहा। पहले उसने मृतक कमल सिंह के बारे में बताया कि वह झूठ बोलकर कहीं भाग गया।
कड़ाई से पूछताछ के बाद उसने काली नदी में धक्का देने की बात कही। उसके बताए स्थान पर पुलिस उसे लेकर वहां भी गई लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। दुबारा कड़ाई से पूछताछ करने पर प्रेमपाल ने अपने छतारी थाना के गांव समसपुर स्थित अपने घर के अंदर हत्या कर जमीन में दबाने की बात कही।
ग्रेटर नाएडा पुलिस की टीम पहुंचने के बाद प्रेमपाल के घर में शव दबे होने की खबर से गांव में सनसनी फैल गई। प्रेमपाल की इस करतूत से लोग काफी गुस्से में थे।
छतारी के गांव समसपुर में पुलिस ने जब आरोपी प्रेमपाल के घर में खुदाई शुरू कराई तो ग्रामीणों का हुजूम उमड़ पड़ा। देखने के लिए मोहल्ले की गलियों से लेकर छतों पर लोगों की भीड़ दिखाई दी। जमीन के अंदर से जब कमल सिंह का शव निकाला गया तो लोगों के होश उड़ गए।
बेटे से मिलने की खुशी में आई मां को मिला गम
मृतक कमल सिंह की मां पार्वती को परिजन घर से यह बताकर कर लाए थे कि उनका गायब हुआ बेटा मिल गया है। सुबह से बेटे से मिलने की आस में मां पार्वती छतारी थाने में बैठी इंतजार करती रही। लेकिन दोपहर बाद जब शव सामने आया तो पार्वती बदहवास होकर चीत्कार कर उठी। उसे देख वहां खड़े लोग भी अपने आंसू नहीं रोक पाए। मौके पर कोहराम सा मच गया।
गांव में चर्चा है कि आरोपी प्रेमपाल प्रेम प्रसंग को लेकर अपनी बेटी की भी हत्या कर चुका है। हालांकि यह मामला पुलिस के संज्ञान में नहीं है। ग्रामीणों के मुताबिक जब इसके बेटी के बारे में पूछा गया तो उसने गंगा में कूदकर आत्महत्या करने की बात कही थी।
ग्रेटर नोएडा के अल्फा टू स्थित गोल्ड गार्डमिया सोसायटी में तैनात सिक्योरिटी गार्ड कमल सिंह फ्लैट में रह रहे लोगों का चहेता था। सोसायटी के राजेन्द्र मावी ने बताया कि कमल सिंह का स्वभाव काफी अच्छा था और वह कभी किसी काम को न नहीं करता था। अपने इसी स्वभाव के कारण उसने सभी का दिल जीत लिया था।
यही वजह रही कि उसके जाने के बाद उसकी कमी लोगों को महसूस हो रही थी। उसको जल्द बुलाने के लिए जब उसके घर संपर्क किया गया तो पता चला कि वह वहां आया ही नहीं था। तब जाकर सुपरवाइजर प्रेमपाल से पूछताछ की गई और आशंका होने पर पुलिस को सूचना दी गई और पूरी घटना का खुलासा हुआ।