फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Unauthorized colonies became the axis of delhi politics 

सियासत की धुरी बनीं अनधिकृत कॉलोनियां, केजरीवाल ने संभाला मोर्चा

Thu, 28 Nov 2019 05:05 AM IST
दुष्यंत शर्मा संतोष कुमार, अमर उजाला, नई दिल्ली
संतोष कुमार, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Thu, 28 Nov 2019 05:05 AM IST
विज्ञापन
Unauthorized colonies became the axis of delhi politics 
मोर्चे पर केजरीवाल - फोटो : अमर उजाला

दिल्ली विधानसभा चुनाव की सियासी बिसात अनधिकृत कॉलोनियों के मसले पर बिछती दिख रही है। केंद्र सरकार की तरफ से अनधिकृत कॉलोनियों के लोगों को मालिकाना हक दिलाने से जुड़े विधेयक पेश होने के दूसरे दिन बुधवार को मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल मैदान में उतरे। केजरीवाल ने केंद्र की प्रक्रिया पर संदेह जाहिर करते हुए सभी लोगों को रजिस्ट्री देने की मांग की। दूसरी तरफ भाजपा ने केजरीवाल के बयान को गुमराह करने वाला बताया है।

विज्ञापन


बुनियादी सुविधाओं से वंचित अनधिकृत कॉलोनियां दिल्ली की सियासी जंग में हमेशा से अहम रही हैं। समय-समय पर राजनीतिक दलों ने कॉलोनियों को नियमित करने का चुनावी वादा भी किया। अब तक हर चुनाव में कॉलोनियों को नियमित करने का मसला सियासी पार्टियां जोरशोर से उठाती रही हैं। लेकिन तकनीकी और कानूनी अड़चनों में फंसकर नतीजा सिफर ही रहा है।
विज्ञापन


इस बार के चुनाव में भी इन कॉलोनियों की 40 लाख से अधिक लोग निर्णायक होंगे। चुनाव की आहट के साथ ही दिल्ली के सियासी गलियारे में अनधिकृत कॉलोनियों का मसला फिर से गरम हो गया है। इस बार दो कदम आगे बढ़ते हुए मंगलवार को केंद्र की भाजपा सरकार ने लोकसभा में कॉलोनियों को मालिकाना हक दिलाने से जुड़ा बिल भी पेश कर दिया है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


वहीं, दिसंबर के आखिर तक कुछ लोगों को रजिस्ट्री देने की भी केंद्र सरकार की योजना है। बिल पेश होने के दूसरे दिन मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने आप की तरफ से मोर्चा संभाला। बाकायदा प्रेस कांफ्रेंस करके केजरीवाल ने न सिर्फ बीते पांच सालों में कॉलोनियों में कराए गए अपने कामों को गिनाया, बल्कि केंद्र सरकार से सभी लोगों को रजिस्ट्री दिए जाने की मांग की। 

अफवाह फैला रहे हैं केजरीवाल : विजय गोयल

अरविंद केजरीवाल का बयान आने के बाद वरिष्ठ भाजपा नेता व सांसद विजय गोयल मैदान में उतरे। गोयल ने बताया कि आम आदमी पार्टी (आप) अपनी संभावित हार को देखते हुए बौखला गई है। केजरीवाल पहले कच्ची कॉलोनियों को पक्का करने की बात कर रहे थे। जबकि खुद उन्होंने इसके लिए हाईकोर्ट से दो साल का समय मांगा है।

उनकी नाकामी को देखते हुए केंद्र सरकार ने खुद कमान संभाली। विजय गोयल ने कहा कि केजरीवाल को जब लगा कि कॉलोनियां नियमित हो जाएंगी तो अफवाह फैलाया कि बिल नहीं आएगा। अब बिल आ गया तो अफवाह फैला रहे हैं कि रजिस्ट्री नहीं होगी। गोयल ने दावा किया कि मोदी सरकार इतनी पक्की योजना बनाई है कि इसे सुप्रीम कोर्ट में भी चुनौती नहीं दी सकती। अनधिकृत कॉलोनी में रहने वाले सभी लोगों को रजिस्ट्री मिलेगी।

पूरा मसला चुनावी : कीर्ति आजाद
दिल्ली प्रदेश कांग्रेस के चुनाव अभियान समिति के अध्यक्ष कीर्ति आजाद ने कहा कि पूरा मसला चुनावी है। आम आदमी पार्टी विवाद पैदा कर रही है। आप मामले का राजनीतिकरण कर अपना हित साध रही है। डीडीए के आंतरिक सर्वे में कहा गया है कि यह काम बेहद मुश्किल है।

यहां तक कि कच्ची कॉलोनियों की मैपिंग भी नहीं हुई है। 2015 में एक नोटिफिकेशन निकला था, जिसमें दिल्ली सरकार व एमसीडी को मैंपिंग करने का कहा गया था। लेकिन दोनों एजेंसियां इस मामले में नाकाम रहीं। अनधिकृत कॉलोनियों को नियमित करने का काम सिर्फ कांग्रेस ही कर सकती है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed