पेट्रोल पंप मालिक से 29 लाख लूटे, नकाबपोश बदमाशों ने गोली मारने की धमकी देकर दिनदहाड़े की वारदात
दिल्ली के सुल्तानपुरी इलाके में सोमवार दोपहर बाइक सवार नकाबपोश बदमाशों ने एक बैंक के सामने गोली मारने की धमकी देकर पेट्रोल पंप मालिक से 28 लाख 85 हजार रुपये लूट लिए। वे एक कर्मचारी के साथ रुपये बैंक में जमा कराने आए थे। पूरी वारदात सीसीटीवी में कैद हो गई।
पुलिस के अनुसार, जंतर-मंतर रोड निवासी अनिल शर्मा का सेक्टर-23 रोहिणी में सेनानी सर्विस सेंटर नाम से पेट्रोल पंप है। सोमवार दोपहर अनिल अपने कर्मचारी आबिद के साथ कंझावला रोड स्थित भारतीय स्टेट बैंक में शनिवार और रविवार का कलेक्शन 28 लाख 85 हजार रुपये जमा करने गए थे। बैंक के पास उन्होंने अपनी मर्सिडीज कार रोकी, तभी दो बाइकों पर चार नकाबपोश बदमाश आए। उन्होंने अपनी बाइक उनकी कार के दोनों तरफ लगा दी।
दो बदमाशों के हाथ में पिस्टल थे। अनिल ने पुलिस को फोन करने का प्रयास किया, लेकिन बदमाशों ने गोली मारने की धमकी देकर उन्हें नीचे उतरने के लिए कहा। अनिल व आबिद बैग लेकर नीचे उतरे। बदमाश आबिद से हाथापाई कर उसके हाथ से बैग छीनने की कोशिश करने लगे। अनिल के विरोध करने पर एक बदमाश ने उसके पैर में गोली मारने के लिए पिस्टल का ट्रिगर दबाया, लेकिन गोली फंस गई। बदमाश उसे धक्का देकर बैग छीनकर फरार हो गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
बैंक के सामने लगा सीसीटीवी कैमरा खराब
पुलिस के आधिकारिक सूत्रों का कहना है कि बैंक के गेट पर लगा सीसीटीवी कैमरा खराब होने की वजह से वारदात उसमें कैद नहीं हो पाई। उसके पास ही लगे एक अन्य कैमरे में पूरी वारदात कैद हो गई। हालांकि इस कैमरे की रेंज कम होने की वजह से फुटेज धुंधली है। तीन अन्य कैमरे अलग-अलग दिशा में थे।
परिचित के शामिल होने की आशंका
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वारदात के तरीके से इसमें किसी परिचित के शामिल होने की आशंका है। बदमाशों को जानकारी थी कि अनिल शर्मा सोमवार को बैंक में बड़ी रकम लेकर जाएंगे। आशंका है कि अनिल शर्मा के पेट्रोल पंप से निकलने के बाद बदमाशों को इसकी सूचना दी गई थी।
बदमाश काफी दूर से उनकी कार का पीछा करते हुए बैंक तक पहुंचे थे। पुलिस पेट्रोल पंप पर काम करने वाले करीब डेढ़ दर्जन कर्मचारियों से पूछताछ कर उनके फोन की कॉल डिटेल निकाल रही है। पुलिस ने आबिद को भी क्लीन चिट नहीं दी है। पुलिस का कहना है कि सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि एक बदमाश की पिस्टल की गोली फंसने पर दूसरे बदमाश ने गोली क्यों नहीं चलाई।