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नोटबंदी में राहत की पहलः कैशलेस होगा परिवहन विभाग, लगेंगी 50 पीओएस मशीन
बृजेश सिंह/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Sun, 11 Dec 2016 05:42 PM IST
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कैश की किल्लत के बीच अब दिल्ली सरकार का परिवहन विभाग भी कैशलेस होने जा रहा है। वाहन रजिस्ट्रेशन से लेकर परमिट फीस, डुप्लीकेट प्रति, डीएल फीस समेत अन्य सभी तरह के भुगतान अब आप कैशलेस व्यवस्था के तहत कर पाएंगे। परिवहन विभाग इसके लिए पीओएस (प्वाइंट ऑफ सेल) इसे स्वाइप मशीन भी कहते हैं लगाने जा रहा है। इसके अलावा ऑनलाइन भुगतान का विकल्प भी मिलेगा।
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परिवहन विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, बीते दिनों इस व्यवस्था को लेकर एक बैठक हुई है। बैठक में परिवहन विभाग को कुल 50 पीओएस की जरूरत बताई गई है। क्योंकि परिवहन विभाग के 13 जोनल कार्यालय हैं, जहां वाहनों का रजिस्ट्रेशन, डीएल, ई-रिक्शा पंजीकरण समेत अन्य काम होते हैं। इसके अलावा बड़े कमर्शियल वाहन रजिस्ट्रेशन, फिटनेस सर्टिफिकेट सेंटर, ऑटो टैक्सी यूनिट बुराड़ी में है। कम से कम सभी कार्यालयों में दो पीओएस की जरूरत है।
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परिवहन विभाग के मुताबिक, ये मशीनें स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की ओर से उपलब्ध कराई जाएंगी। इसके लगने से सभी तरह के भुगतान डेबिट या क्रेडिट कार्ड से हो सकेंगे। अभी सिर्फ वाहन पंजीकरण के टैक्स और डीएल बनवाने के फीस का भुगतान ही ऑनलाइन होता है। वहीं वाहन फोर सॉफ्टवेयर में ऑनलाइन भुगतान का विकल्प नहीं है।
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बैठक में वाहन फोर सॉफ्टवेयर में भी ऑनलाइन भुगतान का विकल्प शुरू करने पर चर्चा हुई है। क्योंकि परिवहन विभाग का सभी काम अब वाहन फोर सॉफ्टवेयर पर हो रहा है। मगर वहां अभी भी डीएल समेत अन्य किसी भी काम के लिए ऑनलाइन भुगतान की सुविधा नहीं है।
फैैक्ट फाइल:
18 जोनल ऑफिस बुराड़ी समेत हैं।
50 पीओएस मशीनें लगाई जाएंगी।
800 वाहन प्रतिदिन पंजीकृत होते हैं।
500 से ज्यादा डीएल के आवेदन आते हैं।
1100 अन्य आवेदन मिलते हैं।