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UP By Poll: गाजियाबाद विधानसभा सीट पर नामांकन के आखिरी दिन उम्मीदवारों की भीड़, संजीव शर्मा ने किया ये दावा
Fri, 25 Oct 2024 03:34 PM IST
श्याम जी.
अमर उजाला नेटवर्क, गाजियाबाद
अमर उजाला नेटवर्क, गाजियाबाद
Published by: श्याम जी.
Updated Fri, 25 Oct 2024 03:34 PM IST
सार
गाजियाबाद विधानसभा सीट पर उप चुनाव के लिए नामांकन के अंतिम दिन सुबह से नामांकन करने वाले उमीदवारों की भीड़ रही। भाजपा, आईआईएम के प्रत्याशी सहित पिंकी चौधरी की पत्नी पूनम चौधरी ने भी नामांकन किया।
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भाजपा प्रत्याशी संजीव शर्मा
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
गाजियाबाद सदर सीट पर उपचुनाव के लिए भाजपा प्रत्याशी संजीव शर्मा ने नामांकन किया। उन्होंने कहा जीतने के बाद जो कार्य रुक गए हैं, उनको पूरा कराना पहली प्राथमिकता होगी। वह क्षेत्र के लोगों की समस्याओं से भली-भांति परिचित हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा की किसी से टक्कर नहीं है। इस क्षेत्र में भाजपा ने जितने काम कराए हैं, पिछली सरकार कोई भी नहीं कर पाई। उन्होंने संगठन का धन्यवाद दिया कि उसने भरोसा जताया जिस पर वह खरा करने का प्रयास करेंगे।
उप चुनाव में मुख्य मुकाबला दलबदलुओं के बीच होगा। तीनों प्रमुख दलों के उम्मीदवार पहले किसी और दल में रह चुके हैं। भाजपा प्रत्याशी संजीव शर्मा 2007 में सपा छोड़कर भाजपा में आए थे। बसपा उम्मीदवार परमानंद गर्ग पहले सपा में थे। उन्होंने कुछ दिन पहले ही पार्टी छोड़ दी और बसपा में शामिल हो गए। बसपा में आते ही टिकट मिल गया। सपा के उम्मीदवार सिंहराज जाटव 2022 में बसपा छोड़कर साइकिल पर सवार हुए थे। दो साल में सपा ने कोई महत्वपूर्ण पद नहीं दिया लेकिन टिकट की बाजी वह जीत गए।
संजीव शर्मा
- मूलरूप से हापुड़ जनपद के पिलखुवा के रहने वाले हैं। 20 साल से शालीमार गार्डन में रह रहे हैं। प्रॉपर्टी का कारोबार है।
- 48 वर्षीय संजीव शर्मा के पास चार्टर्ड अकाउंटेंट की डिग्री है। 2013 में भाजपा में महानगर महामंत्री बने, 2019 से महानगर अध्यक्ष के पद पर हैं।
सिंहराज जाटव
- 48 वर्षीय सिंहराज जाटव विजयनगर क्षेत्र से हैं। स्नातक तक पढ़ाई कर चुके हैं। केबल इंटरनेट कारोबारी हैं।
- 18 साल से राजनीति में है। बसपा में मेरठ मंडल के मुख्य सेक्टर प्रभारी, उत्तराखंड के प्रदेश प्रभारी, मुरादाबाद और बरेली मंडल के मुख्य कोऑर्डिनेटर और विजयनगर से पार्षद रह चुके हैं।
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सिर्फ उप चुनाव में जीती है सपा
गाजियाबाद विधानसभा सीट पर सपा को सिर्फ एक ही बार जीत मिली है। यह 20 साल पहले उप चुनाव में ही मिली थी। कांग्रेस के सुरेंद्र गोयल के विधायक से सांसद बन जाने पर सीट खाली हुई थी। सपा से सुरेंद्र कुमार मुन्नी चुनाव लड़े थे। उन्हें जीत मिली थी।
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उप चुनाव में मुख्य मुकाबला दलबदलुओं के बीच होगा। तीनों प्रमुख दलों के उम्मीदवार पहले किसी और दल में रह चुके हैं। भाजपा प्रत्याशी संजीव शर्मा 2007 में सपा छोड़कर भाजपा में आए थे। बसपा उम्मीदवार परमानंद गर्ग पहले सपा में थे। उन्होंने कुछ दिन पहले ही पार्टी छोड़ दी और बसपा में शामिल हो गए। बसपा में आते ही टिकट मिल गया। सपा के उम्मीदवार सिंहराज जाटव 2022 में बसपा छोड़कर साइकिल पर सवार हुए थे। दो साल में सपा ने कोई महत्वपूर्ण पद नहीं दिया लेकिन टिकट की बाजी वह जीत गए।
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संजीव शर्मा
- मूलरूप से हापुड़ जनपद के पिलखुवा के रहने वाले हैं। 20 साल से शालीमार गार्डन में रह रहे हैं। प्रॉपर्टी का कारोबार है।
- 48 वर्षीय संजीव शर्मा के पास चार्टर्ड अकाउंटेंट की डिग्री है। 2013 में भाजपा में महानगर महामंत्री बने, 2019 से महानगर अध्यक्ष के पद पर हैं।
सिंहराज जाटव
- 48 वर्षीय सिंहराज जाटव विजयनगर क्षेत्र से हैं। स्नातक तक पढ़ाई कर चुके हैं। केबल इंटरनेट कारोबारी हैं।
- 18 साल से राजनीति में है। बसपा में मेरठ मंडल के मुख्य सेक्टर प्रभारी, उत्तराखंड के प्रदेश प्रभारी, मुरादाबाद और बरेली मंडल के मुख्य कोऑर्डिनेटर और विजयनगर से पार्षद रह चुके हैं।
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सिर्फ उप चुनाव में जीती है सपा
गाजियाबाद विधानसभा सीट पर सपा को सिर्फ एक ही बार जीत मिली है। यह 20 साल पहले उप चुनाव में ही मिली थी। कांग्रेस के सुरेंद्र गोयल के विधायक से सांसद बन जाने पर सीट खाली हुई थी। सपा से सुरेंद्र कुमार मुन्नी चुनाव लड़े थे। उन्हें जीत मिली थी।