रोबोट से मौत के मामले में श्रम विभाग कराएगा जांच
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आईएमटी मानेसर स्थित एसकेएच मेटल कंपनी में रोबोट की चपेट में आने से श्रमिक की मौत मामले में श्रम विभाग ने जांच बैठा दी है।
तीन सदस्यीय कमेटी एक सप्ताह में मामले की जांच कर संयुक्त श्रमायुक्त को रिपोर्ट देगी। श्रमायुक्त इसे राज्य सरकार को भेज देंगे।
मामले को लेकर श्रम विभाग के चंड़ीगढ़ मुख्यालय में भी अधिकारियों के बीच बातचीत हुई।
वहां से मिले निर्देश के बाद गुड़गांव में कार्यरत संयुक्त श्रमायुक्त आरसी विधान ने मामले की जांच का आदेश दिया। तीन सदस्यीय टीम में औद्योगिक सुरक्षा एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को भी शामिल किया गया है।
विधान ने बताया कि जिन कंपनियों में रोबोट से काम लिया जा रहा है, उनमें सुरक्षा संबंधित गाइडलाइन होती है। जांच कमेटी कंपनी में जाकर यह समझने की कोशिश करेगी कि आखिर हादसा कैसे हुआ और इसमें कौन लोग दोषी हैं।
पीड़ित परिवार को मिलेगा मुआवजा!
उधर, उप श्रमायुक्त आरके सैनी का कहना है कि कंपनी प्रबंधन और पीड़ित पक्ष ने आपस में मुआवजे को लेकर बात कर ली है। इसलिए इस मामले में श्रम विभाग बीच में नहीं पड़ा है।
लेकिन विभाग पीड़ित परिवार को श्रमिक कल्याण बोर्ड से पांच लाख रुपये मुआवजा दिलाने की कोशिश करेगा। ईएसआई कॉरपोरेशन भी परिवार को सहायता देगा।
बता दें कि मानेसर के सेक्टर-3ए प्लॉट नंबर 13/24 स्थित एसकेएच मेटल कंपनी में बुधवार को रोबोट की चपेट में आने से उन्नाव, यूपी निवासी श्रमिक रामजी की मौत हो गई थी। यह कंपनी मारुति के लिए पेट्रोल टैंक बनाने का काम करती है।