फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   The court asked 'how three girls were missing from orphanage'

कोर्ट ने पूछा 'अनाथालय से तीनों लड़कियां कैसे गायब हुईं'

Tue, 17 Nov 2015 04:12 AM IST
Updated Tue, 17 Nov 2015 04:12 AM IST
विज्ञापन
The court asked 'how three girls were missing from orphanage'

किराड़ी स्थित रेनवो अनाथालय से तीन नाबालिग लड़कियों के अपहरण के मामले को हाईकोर्ट ने गंभीरता से लिया है। अदालत ने इस मामले में दिल्ली सरकार, पुलिस आयुक्त, महिला एवं बाल कल्याण विभाग और किराड़ी रेनवो होम को नोटिस जारी किया है।

विज्ञापन


मुख्य न्यायाधीश जी. रोहिणी व न्यायमूर्ति जयंत नाथ की खंडपीठ ने सभी पक्षों को स्पष्ट करने का निर्देश दिया कि अनाथालय से तीनों लड़कियां कैसे गायब हुईं।

वहां सुरक्षा के क्या प्रबंध हैं और लड़कियों को ढूंढने के क्या प्रयास किए जा रहे हैं। सभी पक्षों को दो दिसंबर तक जवाब दाखिल करने को कहा गया है।

हो सकता है लड़कियां देह व्यापार में धकेल दी गई हों

The court asked 'how three girls were missing from orphanage'

दरअसल, सुप्रीम कोर्ट के न्यायमूर्ति टीएस ठाकुर द्वारा हाईकोर्ट का ध्यान दिलवाने पर खंडपीठ ने इस मामले में संज्ञान लिया। सुप्रीम कोर्ट के रजिस्ट्रार चिराग भानू सिंह ने मुख्य न्यायाधीश कार्यालय को फोन कर न्यायमूर्ति ठाकुर को इस मामले में हस्तक्षेप करने को कहा था।


उन्होंने कहा था कि एक समाचार पत्र में छपा है कि कश्मीरी गेट थाना क्षेत्र स्थित अनाथालय से तीन लड़कियों का अपहरण हो गया और स्वयं डीसीपी ने इस बात की पुष्टि की है।

न्यायमूर्ति ठाकुर ने संदेह जताया कि यह मामला मानव तस्करी का हो सकता है और संभवत: इन लड़कियों को देह व्यापार के काम में धकेल दिया गया हो। ऐसे में इस मामले में हस्तक्षेप करना जरूरी है कि आखिर अनाथालय से लड़कियों का अपहरण कैसे हुआ।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed