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प्रत्याशी से आयोग पूछेगा सोशल मीडिया एकाउंट
अमर उजाला, बुलंदशहर
Updated Sat, 15 Mar 2014 03:16 PM IST
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लोकसभा चुनाव का नामांकन करते समय प्रत्याशी को सोशल नेटवर्किंग साइट का एकाउंट बताना पड़ेगा। निर्वाचन आयोग ने फार्म-26 में बदलाव कर पहली बार ऐसी व्यवस्था की है।
संसदीय चुनाव में खर्च की निगरानी करने के लिए पांच सदस्य कमेटी का गठन जिला निर्वाचन अधिकारी ने कर दिया है। प्रत्याशी की व्यक्तिगत जानकारी जैसे चल-अचल संपत्ति और परिवार के सदस्यों की बाबत फार्म 26 में देनी होती हैं।
इंटरनेट पर सोशल नेटवर्किंग साइट के बढ़ते चलन को देखते हुए निर्वाचन आयोग ने कदम उठाया है। नामांकन के दौरान निर्वाचन आयोग के फार्म-26 में बाकायदा एक कॉलम बनाया गया है।
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इस कॉलम में प्रत्याशी को सोशल नेटवर्किंग साइट पर बनाए गए एकाउंट का पता दर्ज कराना होगा। दरअसल सोशल मीडिया हाल के दिनों में काफी प्रभावी हुआ है।
शिक्षित वोटर को सोशल मीडिया का मुराद माना जाता है। ऐसे में उम्मीद जताई जा रही है कि कई प्रत्याशी सोशल मीडिया का चुनाव प्रचार का हथियार बनाएंगे।
इस एकाउंट से चुनाव प्रचार सामग्री पोस्ट या रिसीव की गई तो उसका खर्च प्रत्याशी के खाते में जोड़ा जाएगा।
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संसदीय चुनाव में खर्च की निगरानी करने के लिए पांच सदस्य कमेटी का गठन जिला निर्वाचन अधिकारी ने कर दिया है। प्रत्याशी की व्यक्तिगत जानकारी जैसे चल-अचल संपत्ति और परिवार के सदस्यों की बाबत फार्म 26 में देनी होती हैं।
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इंटरनेट पर सोशल नेटवर्किंग साइट के बढ़ते चलन को देखते हुए निर्वाचन आयोग ने कदम उठाया है। नामांकन के दौरान निर्वाचन आयोग के फार्म-26 में बाकायदा एक कॉलम बनाया गया है।
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इस कॉलम में प्रत्याशी को सोशल नेटवर्किंग साइट पर बनाए गए एकाउंट का पता दर्ज कराना होगा। दरअसल सोशल मीडिया हाल के दिनों में काफी प्रभावी हुआ है।
शिक्षित वोटर को सोशल मीडिया का मुराद माना जाता है। ऐसे में उम्मीद जताई जा रही है कि कई प्रत्याशी सोशल मीडिया का चुनाव प्रचार का हथियार बनाएंगे।
इस एकाउंट से चुनाव प्रचार सामग्री पोस्ट या रिसीव की गई तो उसका खर्च प्रत्याशी के खाते में जोड़ा जाएगा।