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'केंद्र ने दिल्ली सरकार के साथ बनाए भारत-पाकिस्तान जैसे रिश्ते'

Sun, 17 Jul 2016 08:43 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Sun, 17 Jul 2016 08:43 PM IST
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The central building of the city government, such as India-Pakistan relations'
talktoak

मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने रविवार को टॉक टू एके शुरू किया। इस कार्यक्रम में भी केंद्र पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार ने भारत पाकिस्तान जैसे रिश्ते बनाए हैं। 

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केंद्र सरकार अगर भारत-पाकिस्तान वाली स्थिति पैदा न करती, तो अभी जितना काम हुआ है, इससे चार गुना अधिक काम करते। करीब दो घंटे चले कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने शुरुआती 56 मिनट अपने मन की बात रखी। 
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उसके बाद एसएमएस, ट्विटर, फेसबुक और टेलीफोन लाइन पर आए एक दर्जन से अधिक सवाल लिए। केजरीवाल के साथ उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया थे, तो मॉडरेटर की भूमिका में गायक विशाल डडलानी मौजूद रहे। 
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बीच में विधायकों की गिरफ्तारी पर बात करते हुए कैंट विधायक सुरेंद्र कुमार को भी फ्रेम में बैठाकर केंद्र सरकार पर हमला बोला। मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली सरकार ने ईमानदारी से काम किया है।

दिल्ली में 45 नए स्कूल और 8 हजार कमरे बनकर तैयार हैं। बीस हजार शिक्षकों की जरूरत है, जिसके लिए अतिथि शिक्षकों की फाइल भेजी थी, एलजी साहब ने रोक दी। 

'मेरा बेटा नोएडा में पढ़ता था, मैं कहीं भी फोन करके दाखिला करवा लेता'

The central building of the city government, such as India-Pakistan relations'
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इसके अलावा 100 नए स्कूलों के लिए जमीन की पहचान हो चुकी है, प्राइवेट स्कूलों से अच्छी बिल्डिंग बनाएंगे। प्राइवेट स्कूलों पर नकेल कसी है। केजरीवाल ने कहा कि मेरा बेटा नोएडा में पढ़ता था, वहीं पढ़ रहा है। 

मैं कहीं भी फोन करके दाखिला करवा लेता, लेकिन फिर मेरी बात कैसे सुनते। स्वास्थ्य को लेकर केजरीवाल ने केंद्र से अपील की कि सभी अस्पतालों में दवाई और जांच निशुल्क करवा दें। 

10 नए अस्पताल के लिए डीडीए से जमीन मांगी है, दिलवा दीजिए। साथ ही कहा कि दिल्ली कैबिनेट ने अक्षय पात्र एनजीओ को मिड डे मील देने का कैबिनेट प्रस्ताव पास किया, इसे उपराज्यपाल ने रोक दिया।

प्रधानमंत्री से की प्रार्थना
केजरीवाल ने कहा कि मैंने बहुत कोशिश की। प्रधानमंत्री से मिलकर आया। हाथ जोड़कर प्रार्थना की। गलती हुई तो माफ कर दीजिए। फिर भी केंद्र ने भारत-पाकिस्तान वाली स्थित पैदा की है। 

नो डिटेंशन पॉलिसी से बिगड़ी शिक्षा व्यवस्था का भी जिक्र किया। प्राइवेट स्कूल पर नकेल और नो डिटेंशन पॉलिसी, जनलोकपाल बिल, सयमबद्ध सेवा कानून बिल समेत 14 बिल गिनवाए, जो केंद्र सरकार से रुके हैं।

अधिकारियों के ट्रांसफर को बताया काम ठप्प करने की साजिश

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केजरीवाल और मनीष सिसोदिया - फोटो : अमर उजाला

बाहर से लाएंगे अधिकारी
केजरीवाल ने अधिकारियों के ट्रांसफर को दिल्ली सरकार के काम ठप करने की केंद्र सरकार की साजिश बताकर कहा, रुकेंगे नहीं। जल्द विज्ञापन देकर बाहर से अधिकारी ले जाएंगे। उन्होंने कहा कि हमारे सामने भी कोई रिश्वत ले रहा है और मैं कुछ नहीं कर सकता। 

32 केस भेजे हैं, लेकिन केंद्र ने कोई एक्शन नहीं लिया। 150 शिकायतें नागरिकों की गई हैं। इनके पास मनीष, कपिल मिश्रा को पकड़ने के अलावा कोई काम नहीं हैं। मेरे खिलाफ भी एफआईआर कर दी।

राजेंद्र कुमार का खुलकर किया बचाव
मुख्यमंत्री ने प्रधान सचिव राजेंद्र कुमार को ईमानदार अधिकारी बताकर बचाव किया। सफाई दी कि हमारी कोई दोस्ती नहीं है। पत्रकारों ने कहा था इसलिए सचिव बनाया। जिन लोगों ने इनके साथ काम किया सब ईमानदारी की कसमें खाते हैं।

एक-डेढ़ महीने में फिर होगा टॉक टू एके

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टॉकटूएके
जांच चल रही है। बेईमानी की है तो दोगुनी सजा दीजिए, लेकिन अभी तक कोई सबूत सामने नहीं आया है। केजरीवाल ने कहा, आरोप 2006 से जुड़ा है। 

उस कार्यकाल में सबसे ज्यादा भ्रष्टाचार तो शीला दीक्षित सरकार के नेताओं ने किया है। कॉमनवेल्थ गेम्स में भ्रष्टाचार पर हमने एफआईआर भी करवाई। कुछ अधिकारियों के बारे में लोग जानते हैं कि वे भ्रष्टाचारी हैं। 

भ्रष्टाचारी को पकड़ लेते, तो सारे ईमानदारों को कोई दिक्कत नहीं होती। ईमानदार अधिकारी को पकड़कर यह संदेश दिया जा रहा है कि अगर दिल्ली सरकार का काम किया, तो छोड़ेंगे नहीं।

फिर एक-डेढ़ महीने में टॉक टू एके
मुख्यमंत्री ने कहा है कि ‘टॉक टू एके’ एक डेढ़ महीने में फिर होगा। अगली बार सुझाव भी हों तो जरूर भेजें। जितने भी एसएमएस या सवाल आएं हैं, उनके जबाव भी सरकार की तरफ से भेजे जाएंगे।
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