फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   TEDx-WIPS organized at campus of Vivekananda Institute of Professional Studies concludes

TEDx-WIPS Program: 'पैसा, बड़ा घर, बड़ी गाड़ी सफलता नहीं...' टेडेक्स-विप्स में बोले थियेटर कलाकार कुलजीत सिंह

Tue, 24 Sep 2024 07:53 AM IST
श्याम जी. अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली Published by: श्याम जी. Updated Tue, 24 Sep 2024 07:53 AM IST
सार

थियेटर कलाकार कुलजीत सिंह ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि पैसा, बड़ा घर, बड़ी गाड़ी सफलता नहीं हो सकती है। अगर असफल नहीं होंगे, तो सफलता का अहसास नहीं हो सकता है।

विज्ञापन
TEDx-WIPS organized at campus of Vivekananda Institute of Professional Studies concludes
थिएटर कलाकार कुलजीत सिंह छात्रों के साथ अपने अनुभव साझा करते हुए। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

पीतमपुरा स्थित विवेकानंद इंस्टीट्यूट ऑफ प्रोफेशनल स्टडीज (विप्स) के कैंपस में आयोजित दो दिवसीय टेडेक्स-विप्स का सोमवार को समापन हो गया। आयोजन के अंतिम दिन अलग-अलग क्षेत्रों की प्रेरक हस्तियों ने भाग लिया। वक्ताओं ने अपने अनुभव छात्रों के साथ साझा किए। उन्होंने छात्रों को जीवन के महत्व से लेकर जिंदगी की हार और जीत के बारे में बताया। साथ ही भागदौड़ भरी जिंदगी में किस तरह अपने आपको सहज रखें, इसके भी गुर बताए। अमर उजाला कार्यक्रम में एक्सीलेंस पार्टनर रहा।

विज्ञापन


आयोजन की थीम अस्तित्व की भूलभुलैया से रहस्य को हटाना रही। आयोजन में अलग-अलग कॉलेजों के छात्र शामिल रहे। सबसे पहले अभिनेत्री अपरा मेहता ने छात्रों के साथ अनुभव साझा किए। उन्होंने कहा कि थियेटर बहुत कुछ सिखाता है। उनकी पहली कमाई 125 रुपये थी। कहा कि सीरियल में काम करना चुनौती होती है। हालांकि, आसान कुछ नहीं है। हमेशा सफलता नहीं मिलती है। उन्होंने कहा कि जो भी कार्य कर रहे हैं, उसका सम्मान करें। 
विज्ञापन


वहीं, थियेटर कलाकार कुलजीत सिंह ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि पैसा, बड़ा घर, बड़ी गाड़ी सफलता नहीं हो सकती है। अगर असफल नहीं होंगे, तो सफलता का अहसास नहीं हो सकता है। कुलजीत ने अपनी जीवन यात्रा के बारे में बताते हुए कहा कि जब वह अपने मन की कर रहे थे, तो लोगों ने उनको वह कार्य करने से मना किया, लेकिन जब वह इस कार्य में सफल हुए तो अब लोग सही बोलते हैं। उन्होंने छात्रों से कहा कि हार से डरना नहीं है। सिर्फ चलना जरूरी है।
विज्ञापन
विज्ञापन


इसी तरह पैरा एथलीट शम्स आलम ने भी श्रोताओं का दिल जीत लिया। उन्होंने अपनी खेल यात्रा के बारे में बताया। कहा कि जब उनके शरीर ने काम करना बंद कर दिया तो उन्होंने अपने आपको अकेला समझा, लेकिन जल्द ही उन्होंने अपने खेल की रुचि को विस्तार दिया। अब वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। आलम ने बताया कि दिव्यांग लोगों के समक्ष कई चुनौतियां आती हैं। एक दिन में कुछ नहीं मिलता है। अपने ऊपर हमेशा विश्वास होना चाहिए। हर सफलता के पीछे कड़ी मेहनत होती है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed