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GST Fruad: इनपुट टैक्स क्रेडिट का इस्तेमाल कर की करोड़ों की टैक्स चोरी, गिरफ्तार
Thu, 19 May 2022 05:52 AM IST
Jeet Kumar
अमर उजाला ब्यूरो, गुरुग्राम।
अमर उजाला ब्यूरो, गुरुग्राम।
Published by: Jeet Kumar
Updated Thu, 19 May 2022 05:52 AM IST
सार
वित मंत्रालय के द्वारा बुधवार को जारी किए गए एक बयान के मुताबिक गुरुग्राम जोनल यूनिट के द्वारा की गई जांच के बाद यह मामला सामने आया है। यह व्यापारी एक इंपोर्टर है। सूखे मेवों का थोक व्यापारी है।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : ani
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विस्तार
वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) अधिकारियों ने एक व्यक्ति को 160 करोड़ रुपये से अधिक धनराशि का उपयोग कर टैक्स चोरी करने के मामले में गिरफ्तार किया है। पवन शर्मा नाम के आरोपी ने इनपुट टैक्स क्रेडिट आईटीसी का इस्तेमाल करते हुए 10 फर्जी फर्मों के नेटवर्क का इस काम के लिए इस्तेमाल किया।
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वित मंत्रालय के द्वारा बुधवार को जारी किए गए एक बयान के मुताबिक गुरुग्राम जोनल यूनिट के द्वारा की गई जांच के बाद यह मामला सामने आया है। यह व्यापारी एक इंपोर्टर है। सूखे मेवों का थोक व्यापारी है। इसने इंपोर्ट पर आईजीएसटी के इनपुट टैक्स क्रेडिट का फायदा उठाया है। लेकिन इसी आधार पर इसमें अन्य गैर अधिकृत फर्मों को भुगतान चालान जारी कर दिए हैं। यह कंपनियां जिनको चालान जारी किए गए थे इनका कोई अस्तित्व ही नहीं था।
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जीएसटी इंटेलिजेंस महानिदेशालय (डीजीजीआई) गुरुग्राम जोनल यूनिट (जीजेडयू), हरियाणा ने एक ऐसे मामले का पता लगाया है जिसमें 160 करोड़ रुपये से अधिक के कुल आईटीसी का उपयोग किया गया है। विभिन्न मौजूदा संस्थाओं के साथ मिलकर गैर-मौजूद और नकली फर्मों के नेटवर्क द्वारा पारित किया गया है। मंत्रालय ने एक बयान में कहा। व्यापारी ने अब तक 5 करोड़ रुपये जमा किए हैं, इस मामले में अतिरिक्त वसूली की उम्मीद है।
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कुल मिलाकर, जांच में अब तक 10 ऐसी फर्जी फर्मों का भंडाफोड़ हुआ है, जिन्होंने धोखे से 160 करोड़ रुपये से अधिक का इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) लिया है, जो व्यापारी से आवक आपूर्ति चालान के आधार पर और अन्य नकली स्रोतों से है। इनकी आगे जांच की जा रही है।
एक ऐसी फर्म के नियंत्रक, जिसे व्यापारी द्वारा वास्तविक माल की आपूर्ति के बिना शुल्क भुगतान चालान जारी किए गए थे, उसकी पहचान पवन कुमार शर्मा के रूप में की गई थी। शर्मा एक अन्य फर्म मेसर्स पवन ट्रेडर्स के मालिक भी हैं और फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) को पारित करने में भी शामिल हैं। शर्मा को 13 मई को गिरफ्तार किया गया और 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।