सूरजकुंड मेला : मुख्यमंत्री ने भी की कैशलेस खरीदारी, दुकानदार को नहीं मिले रुपये
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भले ही मेले के पहले दिन सीएम ने कैशलेस खरीदारी करके लोगों के लिए एक मिशाल पेश की हो लेकिन मेले को पूरी तरह कैशलेस बनाने के दावों की हवा दूसरे दिन ही निकलती नजर आई। मेले में इस बार एक हजार से ज्यादा स्टॉल लगाए गए हैं, लेकिन महज दो फीसदी दुकानों पर ही पीओएस मशीनें (स्वाइप मशीन) उपलब्ध कराईं जा सकीं हैं।
इससे ग्राहकों को खरीदारी में दिक्कत आ रही है। वहीं दूसरी तरफ जिस स्टॉल से सीएम ने खरीदारी की थी, उस सामान के पैसे भी अभी तक दुकानदार को नहीं मिले हैं क्योंकि वह मशीन संचालक की बजाय किसी और की थी, जिसे सीएम के जाते ही हटा लिया गया। बुधवार को मेले के उद्घाटन के बाद सीएम मनोहर लाल खट्टर ने कैशलेस प्रणाली से अपनी और पीएम की हाथ से बनी तस्वीर श्रीलंका के स्टॉल और नेपाल के स्टॉल से शॉल खरीदी थी लेकिन ताज्जुब की बात यह है कि मेला अधिकारियों ने जिस मशीन से सीएम को स्वाइप करवाया, वह स्टॉल संचालक की नहीं थी।
मुख्यमंत्री के स्टॉल पर पहुंचने से पहले अधिकारियों ने पीओएस मशीन लगा दी थी और उनके जाने के कुछ देर बार ही उसे वापस मंगा लिया गया। इस बारे में नेपाल के स्टॉल के संचालक तेजनारायण ने बताया कि उन्हें अब तक न तो दोबारा पीओएस मशीन मिली है और न ही सीएम की खरीदे गए सामान के पैसे मिले हैं। वह कहते हैं मशीन किसी और की थी जिसे अधिकारियों ने सीएम के जाते ही मंगा लिया था। ऐसे में उन्हें अपने पैसे कब और कैसे मिलेंगे, यह नहीं मालूम। ब
मेले को कैशलेस बनाने के लिए पहली बार एक सरकारी बैंक की अस्थायी शाखा मेला परिसर में खोली गई है। दावा किया गया था कि सभी स्टॉल संचालकों के खाते खोले गए हैं और सभी को स्वाइप मशीनें दी जाएंगी लेकिन अभी तक ऐसा नहीं हो सका है। मेले में कुल एक हजार से ज्यादा स्टॉल लगे हैं, लेकिन अब तक महज 20 पर ही बैंक की तरफ से स्वाइप मशीन मुहैया कराई गई है। नतीजतन, जेब में पैसा होने पर भी देश-विदेश से आने वाले पर्यटक खरीदारी कर पा रहे हैं। मेले में बनाए गए अस्थायी बैंक की शाखा के प्रबंधक राजेश सिंघल ने बताया कि दो दिन में 20 स्टॉल पर मशीनें उपलब्ध कराई गई हैं। जो शिल्पकार हमारे पास आएंगे उनका खाता खोलकर मशीनें मुहैया कराई जाएंगी। मशीन के लिए शिल्पकारों को 500 रुपये देने होंगे। स्वाइप मशीन पर कार्ड स्वाइप करने पर शिल्पकार के खाते से 1.25 से 2 प्रतिशत तक सर्विस टैक्स लिया जाएगा।