दिल्ली-एनसीआर में अब भी आतंकी हमले का खतरा, लक्ष्मीनगर और एनसीआर में दबिश
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दिल्ली-एनसीआर में आतंकी हमले का खतरा अभी खत्म नहीं हुआ है। दिल्ली पुलिस के सामने जैश-ए-मोहम्मद के आतंकी अब्दुल लातिफ व हिलाल अहमद ने खुलासा किया है कि दिल्ली में उनके तीन से चार स्लीपर सेल मौजूद हैं। यही दिल्ली में उनकी सहायता कर रहे थे। इन स्लीपर सेल के पास विस्फोटक व ग्रेनेड भी हैं। दिल्ली पुलिस ने स्लीपर सेल की तलाश में मंगलवार व बुधवार को लक्ष्मीनगर और यमुना पार के इलाकों में दबिश दी। रिमांड खत्म होने के बाद दोनों आतंकियों को बुधवार को पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट ने दोनों को तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है।
स्पेशल सेल के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि लातिफ को ठहराने में स्लीपर सेल ने ही सहायता की थी। इन्होंने रेकी में भी लातिफ की सहायता की थी। दिल्ली पुलिस ने दो दिन पहले देवबंद, यूपी में आतंकियों के जाल में फंसे जम्मू-कश्मीर के युवक की तलाश में दबिश दी, तो वह फरार मिला। जम्मू-कश्मीर के एक मदरसे में लातिफ के साथ मुफ्ती का कोर्स करने वाला यह युवक भी आतंकियों से प्रभावित था। देवबंद में यह मुफ्ती का एडवांस कोर्स कर रहा था। दिल्ली पुलिस इसकी तलाश में है।
स्पेशल सेल की पूछताछ में लातिफ ने बताया कि वह जल्द ही आतंकी ट्रेनिंग के लिए पाकिस्तान जाने वाला था। उसने पासपोर्ट बनवाने के लिए आवेदन कर दिया था। लातिफ ने बताया कि हैंडलर अबू बकर ने उसे इसके लिए कहा था। वही इसके सारे इंतजाम कर रहा था। दिल्ली पुलिस के कुछ अधिकारियों का कहना है कि अबू बकर भारत में ही कहीं छिपा हुआ है।