अनाथ बच्चों की मां और बुजुर्गों की बेटी हैं ये
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अंजना राजगोपाल
सेक्टर 12 में साईं कृपा, आगाहपुर में दो स्कूल और एक वोकेशनल ट्रेनिंग सेंटर चला रहीं अंजना को अनाथ बच्चे मां कहकर बुलाते हैं।
वह बड़ी संख्या में अनाथ बच्चों को अपने साथ साईं कृपा में रखती हैं। उन्होंने बच्चों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए शादी भी नहीं की।
साईं कृपा में पली बढ़ी कई अनाथ लड़कियों की वह शादी भी करा चुकी हैं।
शिक्षा का उठाया बीड़ा
सुप्रिया अखौरी
नोएडा के सेक्टर 93 ए में रहनेवाली सुप्रिया अखौरी ने
गरीब बच्चों को शिक्षा से जोड़ने का बीड़ा उठाया है।
वर्ष 1998 में
चार्टर्ड एकाउंटेंट का काम छोड़ने के बाद सुप्रिया सेक्टर 37 स्थित हरिजन
बस्ती समेत तीन और स्थानों (बरौला, खोड़ा, शाहपुर गांव) में विद्या एंड
चाइल्ड स्कूल चलाती हैं।
इन स्कूलों में करीब एक हजार बच्चों को निशुल्क
शिक्षा मिलती है। सुप्रिया कहती हैं कि गरीब परिवारों के बच्चों को शिक्षा
देना एक सुखद अनुभव है। वह इन बच्चों को काबिल बनते देखना चाहती हैं।
बेसहारा बुजुर्गों के लिए आसरा
नीलिमा मिश्रा
सेक्टर 55 स्थित वृद्ध आश्रम में नीलिमा मिश्रा ने
बुजुर्गों को सहारा दिया है।
नीलिमा घर से बेदखल कर दिए गए और परेशान
बुजुर्गों का सहारा हैं।
वृद्ध आश्रम में रह रहे बुजुर्गों की देखभाल वह
पूरी जिम्मेदारी से करती हैं।
सेक्टर 26 निवासी नीलिमा 22 वर्षों से
बुजुर्गों की सेवा में जुटी हुई हैं।