{"_id":"6a09d4a63f0cfcfccb025716","slug":"special-office-commute-network-for-government-employees-dtc-service-on-19-routes-delhi-ncr-news-c-340-1-del1011-136823-2026-05-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Delhi NCR News: सरकारी कर्मचारियों के लिए स्पेशल ऑफिस कम्यूट नेटवर्क, 19 रूटों पर डीटीसी सेवा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Delhi NCR News: सरकारी कर्मचारियों के लिए स्पेशल ऑफिस कम्यूट नेटवर्क, 19 रूटों पर डीटीसी सेवा
विज्ञापन
- सरकारी फ्लैटों से मेट्रो स्टेशन और दिल्ली सचिवालय तक चलेगी विशेष बस सेवा, 100 से ज्यादा ट्रिप का शेड्यूल जारी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली सरकार ने सरकारी कर्मचारियों के लिए विशेष ऑफिस कम्यूट नेटवर्क तैयार किया है। इसके तहत राजधानी की विभिन्न दिल्ली एडमिनिस्ट्रेशन फ्लैट कॉलोनियों से नजदीकी मेट्रो स्टेशनों और दिल्ली सचिवालय तक विशेष डीटीसी बस सेवाएं शुरू की जाएंगी। सरकार का कहना है कि इसका उद्देश्य कर्मचारियों को बेहतर सार्वजनिक परिवहन सुविधा उपलब्ध कराना और निजी वाहनों पर निर्भरता कम करना है।
सामान्य प्रशासन विभाग (जीएडी) की ओर से जारी सर्कुलर के अनुसार, कर्मचारियों से इन बस सेवाओं और मेट्रो नेटवर्क का अधिकतम उपयोग करने की अपील की गई है। योजना के तहत दिल्ली प्रशासन फ्लैट्स से कुल 19 विशेष रूट संचालित किए जाएंगे। इनमें द्वारका सेक्टर-3, वसंत कुंज, मयूर विहार, विकासपुरी, शालीमार बाग, राजपुर रोड, ग्रेटर कैलाश, हरि नगर और मॉडल टाउन जैसी प्रमुख सरकारी आवासीय कॉलोनियां शामिल हैं। इन रूटों को निकटतम मेट्रो स्टेशनों से जोड़ा गया है ताकि कर्मचारी आसानी से मेट्रो के माध्यम से अपने कार्यालय पहुंच सकें। सर्कुलर के अनुसार, इन सेवाओं के लिए सुबह और शाम कार्यालय समय के अनुरूप बस संचालन तय किया गया है। अधिकांश रूटों पर सुबह 9 बजे से 10 बजे के बीच और शाम 7:45 बजे से 8:45 बजे तक बसें उपलब्ध रहेंगी। कुल 54 बसें सुबह और 55 बसें शाम के समय संचालित होंगी, जिनके जरिए प्रतिदिन 100 से अधिक ट्रिप संचालित किए जाएंगे।
फीडर बस नेटवर्क की गई सक्रिय
दिल्ली सचिवालय तक पहुंच को आसान बनाने के लिए अलग से फीडर बस नेटवर्क भी सक्रिय किया गया है। आईटीओ और दिल्ली गेट मेट्रो स्टेशन से सचिवालय तक तीन समर्पित फीडर बसें लगभग सात मिनट की आवृत्ति पर चलेंगी। यह बसें सुबह 6:40 बजे से रात 10 बजे तक संचालित होंगी। इसके अलावा इंद्रप्रस्थ मेट्रो स्टेशन से दिल्ली सचिवालय तक देवी इलेक्ट्रिक बस सेवा भी उपलब्ध रहेगी, जो ब्लू लाइन से आने वाले कर्मचारियों को कनेक्टिविटी देगी। अधिकारियों का मानना है कि यह व्यवस्था न केवल सरकारी कर्मचारियों की दैनिक यात्रा को आसान बनाएगी, बल्कि सचिवालय और केंद्रीय कार्यालय क्षेत्रों में निजी वाहनों की संख्या और पार्किंग दबाव कम करने में भी मददगार साबित हो सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली सरकार ने सरकारी कर्मचारियों के लिए विशेष ऑफिस कम्यूट नेटवर्क तैयार किया है। इसके तहत राजधानी की विभिन्न दिल्ली एडमिनिस्ट्रेशन फ्लैट कॉलोनियों से नजदीकी मेट्रो स्टेशनों और दिल्ली सचिवालय तक विशेष डीटीसी बस सेवाएं शुरू की जाएंगी। सरकार का कहना है कि इसका उद्देश्य कर्मचारियों को बेहतर सार्वजनिक परिवहन सुविधा उपलब्ध कराना और निजी वाहनों पर निर्भरता कम करना है।
सामान्य प्रशासन विभाग (जीएडी) की ओर से जारी सर्कुलर के अनुसार, कर्मचारियों से इन बस सेवाओं और मेट्रो नेटवर्क का अधिकतम उपयोग करने की अपील की गई है। योजना के तहत दिल्ली प्रशासन फ्लैट्स से कुल 19 विशेष रूट संचालित किए जाएंगे। इनमें द्वारका सेक्टर-3, वसंत कुंज, मयूर विहार, विकासपुरी, शालीमार बाग, राजपुर रोड, ग्रेटर कैलाश, हरि नगर और मॉडल टाउन जैसी प्रमुख सरकारी आवासीय कॉलोनियां शामिल हैं। इन रूटों को निकटतम मेट्रो स्टेशनों से जोड़ा गया है ताकि कर्मचारी आसानी से मेट्रो के माध्यम से अपने कार्यालय पहुंच सकें। सर्कुलर के अनुसार, इन सेवाओं के लिए सुबह और शाम कार्यालय समय के अनुरूप बस संचालन तय किया गया है। अधिकांश रूटों पर सुबह 9 बजे से 10 बजे के बीच और शाम 7:45 बजे से 8:45 बजे तक बसें उपलब्ध रहेंगी। कुल 54 बसें सुबह और 55 बसें शाम के समय संचालित होंगी, जिनके जरिए प्रतिदिन 100 से अधिक ट्रिप संचालित किए जाएंगे।
विज्ञापन
फीडर बस नेटवर्क की गई सक्रिय
दिल्ली सचिवालय तक पहुंच को आसान बनाने के लिए अलग से फीडर बस नेटवर्क भी सक्रिय किया गया है। आईटीओ और दिल्ली गेट मेट्रो स्टेशन से सचिवालय तक तीन समर्पित फीडर बसें लगभग सात मिनट की आवृत्ति पर चलेंगी। यह बसें सुबह 6:40 बजे से रात 10 बजे तक संचालित होंगी। इसके अलावा इंद्रप्रस्थ मेट्रो स्टेशन से दिल्ली सचिवालय तक देवी इलेक्ट्रिक बस सेवा भी उपलब्ध रहेगी, जो ब्लू लाइन से आने वाले कर्मचारियों को कनेक्टिविटी देगी। अधिकारियों का मानना है कि यह व्यवस्था न केवल सरकारी कर्मचारियों की दैनिक यात्रा को आसान बनाएगी, बल्कि सचिवालय और केंद्रीय कार्यालय क्षेत्रों में निजी वाहनों की संख्या और पार्किंग दबाव कम करने में भी मददगार साबित हो सकती है।
विज्ञापन