लोकप्रिय और ट्रेंडिंग टॉपिक्स

Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Should Mehboob also hold scarf collector ear.

महबूब को चाहिए माफी तो जिलाध्यक्ष भी पकड़ें कान

अमर उजाला, गाजियाबाद Updated Mon, 20 Apr 2015 01:04 PM IST
Should Mehboob also hold scarf collector ear.
विज्ञापन
रश्मि चौधरी-महबूब अंसारी मामले में रविवार को समझौते का प्रयास किया गया। एमएलसी आशू मलिक और वरिष्ठ सपा नेता सुधन रावत ने सामने रश्मि चौधरी ने महबूब को माफ करना स्वीकार कर अपना केस वापस लेने का भरोसा दिया, लेकिन बाद में वह मुकर गई।


रश्मि का कहना है कि बड़े नेताओं के सम्मान की खातिर हां कर दी थी, लेकिन मामला खत्म नहीं हुआ है। पहले जिलाध्यक्ष साजिद हुसैन माफी मांगें, तभी कोर्ट केस वापस लिया जाएगा।


पार्टी सूत्रों के अनुसार जिलाध्यक्ष को नामजद करने के बाद से पार्टी में हड़कंप मचा था। महबूब अंसारी का बचाव करने के आरोप में जिलाध्यक्ष पर निशाना साधा जा रहा था।

रविवार को सुधन रावत ने महिला मोर्चे की पूर्व जिलाध्यक्ष मधू चौधरी और रश्मि चौधरी को साथ लेकर मुरादनगर में एमएलसी आशू मलिक के आवास पर बैठक कराई।

आशू मलिक और सुधन रावत की मौजूदगी में महबूब अंसारी ने रश्मि से माफी मांगी और भविष्य में कोई गलती न करने का भरोसा दिया था।

रश्मि को पार्टी के कुछ पूर्व पदाधिकारी हवा दे रहे थे। उनको चिंहित कर कार्रवाई की तैयारी होने पर वह भाग खड़े हुए। रश्मि का भले ही समझौता हो गया हो, लेकिन उक्त चारों चिंहित आरोपियों पर मुख्यमंत्री की वापसी होने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।- संजय यादव, महानगर अध्यक्ष।

महबूब अंसारी ने माफी मांग ली है। इसके बाद रश्मि चौधरी ने उसको माफ कर दिया। अब कोर्ट से अभियोग वापस ले लिया जाएगा। महबूब ने भविष्य में कोई गलती न करने का भरोसा दिया है। - मधु चौधरी, पूर्व जिलाध्यक्ष महिला सभा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Election
एप में पढ़ें
जानिए अपना दैनिक राशिफल बेहतर अनुभव के साथ सिर्फ अमर उजाला एप पर
अभी नहीं

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00