गैंगस्टर एनकाउंटर मामले में फंस सकते हैं बड़े पुलिस अधिकारी, कॉल डिटेल की हो रही जांच
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गैंगस्टर संदीप गाड़ौली के एनकाउंटर का मामला उलझता जा रहा है। मुंबई पुलिस की एसआईटी की जांच बड़े पुलिस अधिकारियों के इर्द-गिर्द घूम रही है। आरोपी तीन पुलिस कर्मियों की पुलिस रिमांड में नये राज खुल सकते हैं।
एसआईटी की ओर से अब तक की छानबीन में एक एसीपी के सरकारी नंबर पर आने वाली कॉल में एक नंबर संदिग्ध है। जिसे लेकर एनकाउंटर टीम से पूछताछ भी चल रही है।
जवाब मिला है कि दिन भर में हजारों कॉल आती है, कौन किसकी कॉल है इतना याद नहीं रहता है। गैंगस्टर के परिजनों की ओर से एसआईटी की जांच पर सवाल खड़ा किया गया है।
SIT की तीन टीमें गुड़गांव में
जिस पर सुप्रीम कोर्ट की ओर से एसआईटी को निर्देश मिला है कि वह गैंगस्टर के भाई कुलदीप के पूरे बयान के आधार पर कार्रवाई करे। उसे एफआईआर में शामिल किया जाय।
अगर उस बात को शामिल किया जाता है तो हरियाणा पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के फंसने की उम्मीद है। सूत्रों की माने तो एसआईटी की तीन टीमें गुडग़ांव में घूम रही है।
एक टीम पुलिस वालों को गिरफ्तार कर मुबई ले गई तो दूसरी टीम ने फरीदाबाद में तैनात एसीपी राजेश से बातचीत की। तीसरी टीम सुप्रीम कोर्ट में मामले की पैरवी कर रही है।
गैंगस्टर के परिजनों को यह बात नहीं समझ में आ रही है कि मुंबई पुलिस उनके साथ क्या कर रही है। वह ऐसे लोगों को ही एसआईटी इंचार्ज क्यों बनाती है जो दो माह में रिटायर हो जाते हैं। एनकाउंटर के बाद गठित एसआईटी का एक इंचार्ज रिटायर हो चुका है।