सीमापुरी हादसा में नया खुलासा: किराये के लिए गलियों में बना दीं छह मंजिला इमारतें, बिना बीम-खंभे के हैं खड़े
दिल्ली के सीमापुरी में गिरी चार मंजिला इमारत के बाद इलाके में खतरनाक मकानों की सुरक्षा पर सवाल उठ रहे हैं। पड़ताल में सामने आया कि संकरी गलियों में कई मकान पांच से छह मंजिल तक बने हैं। ये मकान 30 से 40 गज के छोटे भूखंडों पर खड़े हैं।
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सीमापुरी में बुधवार को चार मंजिला इमारत गिरने के बाद इलाके में एक बड़ा सवाल खड़ा हो कि क्या हादसे के बाद भी आसपास के ऐसे मकानों की सुध ली जा रही है, जो देखने में ही खतरनाक नजर आ रहे हैं। हादसे के अगले दिन इलाके में जाकर की गई पड़ताल में एक संकरी गली के भीतर कई ऐसे मकान मिले, जिन पर पांच से छह मंजिल तक निर्माण किया गया है।
कई मकान महज 30 से 40 गज के छोटे भूखंड पर खड़े हैं। सबसे हैरानी की बात यह है कि कुछ मकानों की ऊपरी मंजिलों पर पक्की छत के बजाय गाटर-पटिया का सहारा दिखाई दिया। कई जगह बीम और खंभों का सहारा भी नजर नहीं आया। स्थानीय लोगों के अनुसार, छोटे भूखंड पर अधिक से अधिक मंजिलें बनाने के पीछे किराये से ज्यादा कमाई की चाहत है।
नीचे खुद के रहने की जगह और ऊपर किराये के लिए कमरे बना दिए जाते हैं। बाहर से देखने पर ये मकान कई मंजिल ऊंचे नजर आते हैं, लेकिन उनकी बनावट और आसपास की स्थिति लोगों की चिंता बढ़ा रही है। इलाके में किराये पर रहने वाले शाहिद मिर्जा ने बताया कि कई मकानों की छत और दीवारों से समय-समय पर मलबा झड़ता है। इसके बावजूद ऊपर नई मंजिलें बनाई जाती रहीं।