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Delhi: 'फरिश्ते योजना पर सरकार का दावा झूठा', राजनिवास का AAP पर हमला; LG पर लगाया था योजना को ठप करने का आरोप

Sat, 04 Jan 2025 04:33 AM IST
विजय पुंडीर अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली Published by: विजय पुंडीर Updated Sat, 04 Jan 2025 04:33 AM IST
सार

राजनिवास ने दावा किया कि दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सौरभ भारद्वाज ने उपराज्यपाल कार्यालय के विरुद्ध ‘फरिश्ते योजना’ के संबंध में सर्वोच्च न्यायालय में दायर रिट याचिका को वापस ले लिया। इससे साफ होता है कि उनके दावे झूठे थे।

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Raj Niwas targeted Delhi government over Farishte Yojana
वीके सक्सेना - फोटो : एएनआई

विस्तार

फरिश्ते योजना को लेकर राजनिवास ने दिल्ली सरकार पर निशाना साधा है। उपराज्यपाल कार्यालय का दावा है कि इस मामले में दिल्ली सरकार केवल राजनीति कर रही थी। योजना के तहत सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को इलाज की सुविधा मिलती है।

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राजनिवास ने दावा किया कि दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सौरभ भारद्वाज ने उपराज्यपाल कार्यालय के विरुद्ध ‘फरिश्ते योजना’ के संबंध में सर्वोच्च न्यायालय में दायर रिट याचिका को वापस ले लिया। इससे साफ होता है कि उनके दावे झूठे थे। साथ ही इस योजना को लेकर उपराज्यपाल कार्यालय और दिल्ली के स्वास्थ्य सचिव द्वारा अपनाए गए रुख को सही साबित करता है।
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राजनिवास का दावा है कि इस योजना को कभी कमजोर नहीं किया गया। वित्त वर्ष 2022-2023 के दौरान योजना के तहत लाभार्थियों की कुल संख्या 3698 थी। वित्त वर्ष 2023-2024 में अक्टूबर तक यह संख्या 3604 थी। याचिका में मंत्री ने झूठ बोला। योजना के तहत वित्त वर्ष 2022-2023 के दौरान 4.85 करोड़ रुपये का भुगतान और वित्त वर्ष 2023-2024 में 12 फरवरी तक 4.98 करोड़ रुपये का भुगतान योजना के तहत निजी अस्पतालों को किया गया।कार्यालय का दावा है कि इस योजना का क्रियान्वयन स्वास्थ्य विभाग ने किया। यह दिल्ली सरकार का क्षेत्र है और इसकी विफलता के लिए मंत्री जिम्मेदार हैं।
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स्वास्थ्य मंत्री सौरभ भारद्वाज स्वयं दिल्ली आरोग्य कोष के अध्यक्ष हैं। वे ही स्वास्थ्य सेवा महानिदेशक (डीजीएचएस) के तरफ से सीधे उनके पास भेजी गई हर फाइल को मंजूरी देते हैं। स्वास्थ्य विभाग के सचिव या एलजी कार्यालय के इसमें शामिल होने का सवाल ही नहीं उठता।

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