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Indian Railway:अब छोटे उस्ताद को भी मिलेगा बड़ा प्लेटफार्म, स्टार्टअप के माध्यम से युवाओं की तकनीक को अपनाएगा रेलवे
Tue, 14 Jun 2022 06:16 AM IST
विजय पुंडीर
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: विजय पुंडीर
Updated Tue, 14 Jun 2022 06:16 AM IST
सार
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि भारतीय रेलवे में प्रौद्योगिकी के एकीकरण पर लंबे समय से चर्चा चल रही थी आज मूर्त रूप ले लिया है। देश के युवा नई ऊर्जा और नई सोच के साथ तरह तरह के समाधान लेकर आएंगे। पूरी पारदर्शिता रखी जाएगी। युवाओं से ना केवल पीपीटी लिया जाएगा बल्कि अगर उनका आइडिया ठीक लगा तो प्रोडक्ट बनाने में रेलवे पूरा सहयोग करेगा।
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Indian Railway
- फोटो : Amar Ujala
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विस्तार
रेलवे में अब छोटे उस्ताद को भी बड़ा प्लेटफार्म मिलेगा। युवाओं की सोची गई तकनीक के माध्यम से रेलवे ट्रैक पर ट्रेन दौड़ाई जाएगी। तकनीकी क्षेत्र में माहिर युवाओं को स्टार्टअप के माध्यम जोड़ा जाएगा। रेलवे द्वारा शुरू किये गये स्टार्टअप में खास बात यह है कि न केवल उनके सुझाव को सिर्फ प्रदर्शित करने के लिए कहा जाएगा बल्कि तकनीक पसंद आने पर उसे आगे बढ़ाने के लिए 50 प्रतिशत तक रकम भी रेलवे की तरफ से दी जाएगी। रेलवे उनके प्रोडक्ट के लिए बाजार भी उपलब्ध कराएगा।
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रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने 'रेलवे के लिए स्टार्टअप' का शुभारंभ किया। इस नीति का उद्देश्य भारतीय स्टार्टअप्स/एमएसएमई/इनोवेटर्स/उद्यमियों द्वारा भारतीय रेलवे की परिचालन दक्षता और सुरक्षा में सुधार के लिए विकसित नवीन तकनीकों का लाभ उठाना है। साझेदारी के आधार पर नवोन्मेषक को 1.5 करोड़ रुपया भी मिलेगा। इस माध्यम से रेलवे संचालन, रखरखाव और बुनियादी ढांचे में दक्षता लाएगी।
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वैष्णव ने कहा कि भारतीय रेलवे में प्रौद्योगिकी के एकीकरण पर लंबे समय से चर्चा चल रही थी आज मूर्त रूप ले लिया है। देश के युवा नई ऊर्जा और नई सोच के साथ तरह तरह के समाधान लेकर आएंगे। पूरी पारदर्शिता रखी जाएगी। युवाओं से ना केवल पीपीटी लिया जाएगा बल्कि अगर उनका आइडिया ठीक लगा तो प्रोडक्ट बनाने में रेलवे पूरा सहयोग करेगा। इस तरह से भारत भी दूसरे देश को युवा तकनीक देगा। इसके लिए रेल मंडल प्रबंधक को भी फंड जारी करने का अधिकार मिलेगा।
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स्टार्टअप के लिए 100 तरह की समस्या में 11 को चुना गया
रेलवे जोन, मंडल ने 100 तरह की समस्याओं की पहचान की थी। इसमें मुख्य रूप से रेल फ्रैक्चर, रेल स्ट्रेस मॉनिटरिंग सिस्टम, ट्रैक इंस्पेक्शन, ट्रैक क्लीनिंग मशीन, पैसेंजर सर्विस] आमने-सामने की टक्कर समेत 11 मुख्य समस्याओं की पहचान की गई है। जिसका समाधान रेलवे स्टार्टअप के माध्यम से करेगा। युवाओं द्वारा मिलने वाले प्रोटोटाइप आइडिया का ट्रायल करेगा। सफल प्रदर्शन करने वालों को धनराशि दी जाएगी। चयन पारदर्शी और निष्पक्ष प्रणाली द्वारा किया जाएगा।