आखिरकार राहुल ने ही धोया चार माह पुराना धब्बा
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दिल्ली विधानसभा चुनाव में अंबेडकर नगर के दक्षिणपुरी में राहुल रैली की भीड़ पर लगा धब्बा रविवार को करीब चार माहने बाद धुल गया। धूप में पहुंची भीड़ ने पूर्व सांसद सज्जन कुमार व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अरविंदर सिंह को शक्ति प्रदर्शन में पास कर दिया।
भीड़ से उत्साहित राहुल गांधी समर्थकों से हाथ मिलाने के लिए सुरक्षा घेरे तक पहुंच गए। इस बीच उन्होंने ‘आप’ की तर्ज पर जनता से राय लेकर घोषणापत्र बनाने का जिक्र किया तो नरेंद्र मोदी पर धीरे से टेप मामले पर हमला भी बोला।
राहुल ने कहा कि गुजरात में महिलाओं के पीछे पुलिस वाले लगाए जाते हैं। दिल्ली में कांग्रेस सरकार के 15 साल के विकास कार्य के बावजूद जिसे जनता ने मौका दिया, उनके नेता दिल्ली छोड़कर भाग गए। कुछ यूपी चले गए तो कुछ देश के अन्य हिस्सों में पहुंचे।
आखिरकार राहुल ने मानी गलती
राहुल गांधी ने शीला दीक्षित को बड़े-बड़े काम का तमगा देकर कार्यकर्ताओं से दूरी बनाने की शिकायत भी कर डाली। उन्होंने कहा कि विधानसभा चुनाव हराकर जनता ने मैसेज दिया कि सिर्फ विकास करने से काम नहीं चलेगा। नेताओं के दरवाजे भी जनता के लिए खुलने चाहिए।
चुनाव बाद नए सिरे से संगठन तैयार करेंगे और उसमें जनता को शामिल करेंगे। वहीं, राहुल गांधी के इस संदेश से पहले दिल्ली कांग्रेस की कार्यकारिणी पहले ही भंग कर दी गई है।
राहुल गांधी ने कहा कि उन्होंने ‘आप’ को समर्थन देकर गलती की। जिसका नुकसान जनता को हुआ। ‘आप’ ने दिल्ली के लोगों को मुफ्त पानी और सस्ती बिजली देने का वादा किया था। उन्होंने भीड़ से पूछा कि क्या ‘आप’ सरकार ने बिजली और पानी के जो वादे किए थे, वे पूरे किए। लोगों ने इसका उत्तर नहीं-नहीं में दिया।
...और फिसल गई राहुल की जुबान
रैली में कांग्रेस उपाध्यक्ष की जुबान फिसल गई। यूपी व बिहार के लोगों पर महाराष्ट्र में दुर्व्यवहार का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि वहां एनडीए की सरकार है। शिवसेना वाले लोगों को भगाते हैं।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अरविंदर सिंह ने सोमवार को मोदी की होने वाली रैली रद्द किए जाने पर भाजपा को कठघरे में खड़ा किया। अरविंदर सिंह ने कहा कि उन्होंने राजनीतिक जीवन में ऐसा मामला नहीं देखा कि किसी पार्टी के बड़े नेता की रैली घोषित हो और चुनाव से चंद दिन पहले मना कर दिया जाए।
पूर्वी दिल्ली से कांग्रेस प्रत्याशी संदीप दीक्षित ने कहा कि तीन-चार महीने पहले जो माहौल था, उससे सिद्ध हुआ है कि सरकार चलाना सिर्फ कांग्रेस को आता है। जो नारा 1989 में कांग्रेस ने दिया था, आज कारगर लगता है। पूरे देश से नाता है, सरकार चलाना आता है।
यहां भी गरमाया बोफोर्स का मुद्दा
कांग्रेस विधायक चौधरी मतीन अहमद ने कहा कि देश को आजादी किसने दिलवाई। बोफोर्स तोप से पाकिस्तान को शिकस्त किसने दी। कांग्रेस ने। फिर कांग्रेस से बड़ा भाईचारा और कहां मिलेगा।
उन्होंने कहा कि कोई मुसलमान चुनाव नहीं लड़ रहा है लेकिन जामा मस्जिद के शाही इमाम हिंदू प्रत्याशियों के लिए वोट मांग रहे हैं।
रैली के कारण बीआरटी कॉरिडोर समेत दक्षिण दिल्ली को जोड़ने वाली सड़कों पर घंटों जाम रहा। जगह-जगह कांग्रेस कार्यकर्ता बैठे दिखे। कॉरिडोर पर आवागमन करने वाली बसें न सिर्फ दोपहर बल्कि रैली खत्म होने के बाद भी थमी रहीं।