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Delhi NCR News: जेएनयू में प्रोफेसर के बच्चों को दाखिला में कोटा देने पर विरोध
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- जेएनयू शिक्षक संघ ने मंगलवार को बुलाई जीबीएम की आपात बैठक
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) में दाखिले के लिए पांच फीसदी का वार्ड कोटा शिक्षण कर्मचारियों के बच्चों के लिए निर्धारित किए जाने के फैसले को लेकर विरोध शुरू हो गया है। इस मामले पर जेएनयू शिक्षक संघ ने मंगलवार को जीबीएम की आपात बैठक बुलाई है।
शिक्षक संघ के सचिव अविनाश कुमार ने बताया कि यह फैसला जेएनयू में दाखिले की इच्छा रखने वाले आम छात्र का हक छीनने जैसा है। जेएनयू की कुछ दिन पहले हुई कार्यकारिणी परिषद की बैठक में प्रोफेसर के बच्चों को दाखिले में पांच फीसदी के वार्ड कोटा के प्रावधान को मंजूरी दी गई। इस बैठक में परिषद के तीन सदस्यों द्वारा प्रस्ताव को लेकर असहमति दर्ज कराई गई थी। इसके बावजूद प्रस्ताव को पारित किया गया। इसको लेकर शिक्षक संघ विरोध दर्ज कराएगा।
यह फैसला आम छात्र को जेएनयू में दाखिले की दौड़ से बाहर कर देगा। प्रोफेसर के बच्चों को ऐसा खास फायदा देना पूरी तरह से अनुचित है। अभी तक ग्रुप बी से लेकर डी के गैर शैक्षणिक कर्मचारियों के लिए वार्ड कोटे का प्रावधान है।
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जेएनयू प्रशासन नए शैक्षणिक सत्र में दाखिले के संबंध में पाठ्यक्रम से लेकर आरक्षित सीट को लेकर सूचना जारी कर चुका है। उसमें अभी वार्ड कोटा में प्रोफेसर के बच्चों के लिए सीट आरक्षित करने का कोई उल्लेख नहीं किया गया है। वहीं शिक्षण कर्मचारियों के लिए वार्ड कोटा निर्धारित करने को लेकर जेएनयू प्रशासन की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली है।
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अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) में दाखिले के लिए पांच फीसदी का वार्ड कोटा शिक्षण कर्मचारियों के बच्चों के लिए निर्धारित किए जाने के फैसले को लेकर विरोध शुरू हो गया है। इस मामले पर जेएनयू शिक्षक संघ ने मंगलवार को जीबीएम की आपात बैठक बुलाई है।
शिक्षक संघ के सचिव अविनाश कुमार ने बताया कि यह फैसला जेएनयू में दाखिले की इच्छा रखने वाले आम छात्र का हक छीनने जैसा है। जेएनयू की कुछ दिन पहले हुई कार्यकारिणी परिषद की बैठक में प्रोफेसर के बच्चों को दाखिले में पांच फीसदी के वार्ड कोटा के प्रावधान को मंजूरी दी गई। इस बैठक में परिषद के तीन सदस्यों द्वारा प्रस्ताव को लेकर असहमति दर्ज कराई गई थी। इसके बावजूद प्रस्ताव को पारित किया गया। इसको लेकर शिक्षक संघ विरोध दर्ज कराएगा।
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यह फैसला आम छात्र को जेएनयू में दाखिले की दौड़ से बाहर कर देगा। प्रोफेसर के बच्चों को ऐसा खास फायदा देना पूरी तरह से अनुचित है। अभी तक ग्रुप बी से लेकर डी के गैर शैक्षणिक कर्मचारियों के लिए वार्ड कोटे का प्रावधान है।
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जेएनयू प्रशासन नए शैक्षणिक सत्र में दाखिले के संबंध में पाठ्यक्रम से लेकर आरक्षित सीट को लेकर सूचना जारी कर चुका है। उसमें अभी वार्ड कोटा में प्रोफेसर के बच्चों के लिए सीट आरक्षित करने का कोई उल्लेख नहीं किया गया है। वहीं शिक्षण कर्मचारियों के लिए वार्ड कोटा निर्धारित करने को लेकर जेएनयू प्रशासन की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली है।