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Delhi NCR News: दोस्त से मजाक करना युवक को पड़ा भारी, बम धमाके की झूठी धमकी देने पर गिरफ्तार
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- दिल्ली पुलिस ने कानपुर से आरोपी छात्र को 48 घंटे में किया गिरफ्तार
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
ने एक रिश्तेदार के घर लगे लैंडलाइन फोन का इस्तेमाल किया था। उसने अपनी आवाज बदलकर इस तरह बात की, जैसे वह सीमा पार के किसी आतंकी संगठन से जुड़ा व्यक्ति हो। उन्होंने बताया कि पुलिस ने तकनीकी निगरानी और उत्तर प्रदेश पुलिस के साथ समन्वय स्थापित कर 48 घंटे के भीतर मामले को सुलझा लिया। पुलिस के अनुसार, 27 अक्टूबर की रात मुखर्जी नगर थाने में एक पीसीआर कॉल आई थी। इंदिरा विकास कॉलोनी में रहने वाले बिहार के मधेपुरा निवासी सुमन कुमार ने पुलिस को बताया कि उसे एक धमकी भरा फोन आया है। वह सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी कर रहा था और उसी इलाके में अपने रूममेट रोहित कुमार के साथ रहता था।
डीसीपी यादव ने बताया कि फोन करने वाले ने बातचीत की शुरुआत धार्मिक अभिवादन से की और दावा किया कि लाहौर से संचालित एक संगठन इन दोनों छात्रों पर नजर रख रहा है। उसने यह भी कहा कि संगठन ने दिल्ली में बम धमाके करने के लिए उन्हें चुना है। जब सुमन ने फोन करने वाले को डराने के लिए कहा कि उसके पिता उत्तर प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री हैं, तो फोन करने वाले ने कुछ आपत्तिजनक राजनीतिक टिप्पणियां कीं और फोन काट दिया। धमकी को गंभीरता से लेते हुए छात्र ने तुरंत इमरजेंसी हेल्पलाइन के माध्यम से पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने 29 अक्टूबर को मुखर्जी नगर थाने में एफआईआर दर्ज की। पुलिस अधिकारी ने बताया कि टेलीकम्युनिकेशन रिकॉर्ड और अन्य डिजिटल डेटा का विश्लेषण करने पर उस लैंडलाइन नंबर का पता चला, जिसका इस्तेमाल आरोपी ने उत्तर प्रदेश के कानपुर से कॉल करने के लिए किया था। इसके बाद पुलिस की एक टीम कानपुर पहुंची और स्थानीय पुलिस की मदद से चिह्नित स्थान पर छापा मारा। इस कार्रवाई के दौरान एएसआई चंद्र सिंह और हवलदार की टीम ने आरोपी सूरज वर्मा को गिरफ्तार कर लिया।
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आरोपी पहले दिल्ली में ही रहता था : पूछताछ के दौरान पुलिस को पता चला कि आरोपी पहले इंदिरा विकास कॉलोनी में उसी जगह रहता था, जहां सुमन कुमार रहता है। आरोपी सुमन को जानता था और उसके साथ मजाक करने के इरादे से उसने यह फोन किया था। पुलिस के अनुसार, अपनी पहचान छिपाने और सीमा पार से सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा होने का आभास देने के लिए आरोपी ने अपने एक रिश्तेदार के घर लगे लैंडलाइन फोन का इस्तेमाल किया और कॉल के दौरान जानबूझकर अपनी आवाज बदल ली। जांच में स्पष्ट हुआ कि लाहौर स्थित संगठन से कथित संबंध और दिल्ली में बम धमाकों की धमकी पूरी तरह मनगढ़ंत थी। आरोपी ने यह कॉल केवल अपने दोस्त के साथ मजाक करने के इरादे से की थी।
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