फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   pollution in delhi ncr, aqi,noida, greater noida, faridabad, pollution control board

दिल्ली-एनसीआर में नहीं थम रही प्रदूषण की मार, नोएडा-फरीदाबाद में भी एक्यूआई 400 के पार 

Sun, 08 Nov 2020 06:47 PM IST
Mohit Mudgal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Mohit Mudgal Updated Sun, 08 Nov 2020 06:47 PM IST
विज्ञापन
pollution in delhi ncr, aqi,noida, greater noida, faridabad, pollution control board
दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण - फोटो : अमर उजाला

दिल्ली में हवा की गुणवत्ता गंभीर श्रेणी में बनी हुई है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुसार राजधानी में एयर क्वालिटी इंडेक्स(एक्यूआई) गंभीर श्रेणी में बना हुआ है। रविवार को आंनद विहार में एक्यूआई  431, जहांगीरपुरी में 465, पंजाबी बाग में 426 और रोहिणी में 424 सभी गंभीर श्रेणी में दर्ज किए गए। 

विज्ञापन


पश्चिमी दिल्ली निवासी राजेश ने बताय कि मायापुरी में कई प्लास्टिक के कारखाने चल रहें हैं। इसके कारण यहां प्रदूषण बढ़ रहा है। इसकी वजह से हमें कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। हम ठीक से सांस नहीं ले पा रहे हैं। एक और स्थानीय निवासी ने कहा कि प्रदूषण के कारण मुझे गले में समस्या हो रही है। सांस लेने में भी दिक्क्त हो रही है। इससे बचने के लिए और फिट रहने के लिए मैं सुबह सैर करता हूं। 
विज्ञापन


नोएडा, ग्रेटर नोएडा में एक्यूआई 400 के पार 
वायु प्रदूषण के आगे पर्यावरण प्रदूषण नियंत्रण प्राधिकरण (ईपीसीए) का ग्रेडेड रेस्पांस एक्शन प्लान (ग्रेप) भी बेअसर साबित हो रहा है। इसका मुख्य कारण प्राधिकरण और प्रशासन के स्तर पर बरती जा रही लापरवाही है। प्रदूषण फैलाने वालों पर कार्रवाई की जा रही है, लेकिन अपने स्तर पर रोकथाम की कार्रवाई नहीं की जा रही है। यहीं कारण है कि रविवार को भी नोएडा का एक्यूआई 428 और ग्रेटर नोएडा का एक्यूआई 440 रहा है। दिन भर आसमान में धुंध छाई रही। 
विज्ञापन
विज्ञापन

सर्दी का मौसम शुरू होने के साथ ही दिल्ली एनसीआर की आबोहवा जहरीली होना शुरू हो जाती है। हर बार की तरह इस बार भी 15 अक्तूबर से ग्रेप लागू कर दिया गया। ग्रेप का पालन जिला प्रशासन के साथ-साथ तीनों प्राधिकरण को कराना है, लेकिन सभी जगह केवल सीमित कार्रवाई की जा रही है। उसी का असर है कि रोजाना वायु प्रदूषण बढ़ता जा रहा है। 

पिछले चार दिन से वायु प्रदूषण बेहद खतरनाक स्तर पर चल रहा है। लोगों का कहना है कि पिछले साल वायु प्रदूषण बढ़ने के बाद अभियान चलाकर पेड़ों को धोया गया था। उसका असर भी हुआ था, लेकिन इस बार ऐसी कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। वहीं ईपीसीए ने सप्ताह में दो बार धूल भरी सड़कों को धोने का आदेश दिया था, लेकिन करीब एक माह बाद भी किसी भी प्राधिकरण ने सड़कों की धुलाई नहीं की है। 

वहीं धूल उड़ने से रोकने के लिए कैमिकल युक्त पानी का छिड़काव किया जाना है। वह भी नहीं किया जा रहा है। कच्ची सड़कों को भी ठीक नहीं कराया गया है। 

फरीदाबाद में एक्यूआई 426 

फरीदाबाद में लगातार चौथे दिन प्रदूषण का स्तर खतरनाक श्रेणी में बना रहा। शनिवार को फरीदाबाद का एयर क्वालिटी इंडेक्स 442 के साथ देश में प्रथम नंबर पर रहा था। वहीं रविवार को यह 426 दर्ज किया गया है। वायु गुणवत्ता में मामूली गिरावट आई मगर इसके बाद भी हवा बेहद खराब श्रेणी में बनी हुई है। हवा में प्रदूषण कणों की अधिकता होने से लोगों को सांस लेने में तकलीफ हुई। घरों में बैठे लोगों को आंखों में जलन की समस्या सामाने आई। 

पिछले कुछ दिनों से शहर की हवा में काफी जहर घुल रहा है। आसमान में हर समय स्मॉग छाया रहता है। रविवार को भी स्मॉग छाए रहने का सिलसिला जारी रहा। स्मॉग छाए रहने की वजह से दिनभर लोगों को सूर्य देव के दर्शन नहीं हुए। वहीं लोगों को सांस लेने में दिक्कत व आंखों में जलन की समस्या का सामना करना पड़ा। दो दिन पहले तक जिले में प्रदूषण का स्तर बहुत खराब श्रेणी में बना हुआ था, मगर अब यह खतरनाक श्रेणी में पहुंच गया है। 

चार दिन से फरीदाबाद का एयर क्वालिटी इंडेक्स 400 से ऊपर बना हुआ है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की तरफ से जारी की सूची के अनुसार फरीदाबाद का एयर क्वालिटी इंडेक्स 426 दर्ज किया गया। अगर क्षेत्रों की हिसाब से बात करें तो एनआईटी क्षेत्र की हवा सबसे अधिक खराब रही। यहां पर एयर क्वालिटी इंडेक्स 448 दर्ज किया गया। वहीं सेक्टर 16 क्षेत्र का एक्यूआई 446, सेक्टर 11 में 452 व सेक्टर 30 क्षेत्र का एयर क्वालिटी इंडेक्स 387 दर्ज किया गया। बल्लभगढ़ क्षेत्र का एयर क्वालिटी इंडेक्स 362 दर्ज किया गया। 

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी दिनेश कुमार ने बताया कि प्रदूषण संबंधित गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। कोई भी लापरवाही मिलने पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही संबंधित विभाग भी लगातार सड़कों पर पानी की छिड़काव व चालान आदि करने का काम कर रहे हैं। हाल ही में नगर निगम ने तीन लगातार अभियान चलाकर प्रदूषण फैलने वालों पर करीब डेढ़ लाख रुपये का जुर्माना लगाया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed