फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   People shocked by the violation of protocol on the bjp platform

दिल्ली विधानसभा चुनाव : मंच पर प्रोटोकॉल के उल्लंघन से चौंके लोग, राजनीतिक कयासबाजी शुरू

Mon, 06 Jan 2020 06:05 AM IST
दुष्यंत शर्मा नवनीत शरण, नई दिल्ली
नवनीत शरण, नई दिल्ली Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Mon, 06 Jan 2020 06:05 AM IST
विज्ञापन
People shocked by the violation of protocol on the bjp platform
भाजपा सम्मेलन - फोटो : अमर उजाला

दिल्ली विधानसभा चुनाव में मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार को लेकर भाजपा में ऊहापोह है। इसका इंतजार विपक्षी पार्टियों के साथ कार्यकर्ताओं को भी है। इस बीच, बूथ सम्मेलन में सांसद प्रवेश साहिब सिंह वर्मा ने अमित शाह को भाषण देने के लिए न्योता दिया तो सब चौंक गए। प्रोटोकॉल के तहत प्रदेशाध्यक्ष ही राष्ट्रीय अध्यक्ष को मंच पर संबोधन के लिए आमंत्रित करते हैं।

विज्ञापन


मंच पर सांसद प्रवेश वर्मा का अमित शाह को आमंत्रित करना राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय है। कई तरह के गुणा-भाग किए जा रहे हैं। राजनीति के जानकारों का कहना है कि मंच पर प्रवेश वर्मा को तरजीह देकर भाजपा जाट समुदाय को संदेश दे रही है। 
विज्ञापन


उसका प्रयास है कि हरियाणा में जाट समुदाय की नाराजगी का असर दिल्ली चुनाव में नहीं पड़ना चाहिए। बाहरी दिल्ली के गांव-देहात के विकास के लिए आज भी जाटों के बीच पूर्व मुख्यमंत्री साहिब सिंह वर्मा को याद किया जाता है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


हरियाणा से सटी दिल्ली की आधा दर्जन से अधिक सीटों पर जाट मतदाता चुनावी जीत-हार में महत्वपूर्ण भूमिका में रहते हैं। जानकारों के मुताबिक, बाहरी दिल्ली में वंदना पार्क के उद्घाटन के दौरान भी अमित शाह ने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को चुनौती दी थी कि वे प्रवेश वर्मा से किसी भी मुद्दे पर बहस कर लें। 

इसी रणनीति का एक हिस्सा यह भी है कि मुख्यमंत्री केजरीवाल दिल्ली के कई नेताओं को मुख्यमंत्री पद का दावेदार कहकर तंज कसते रहते हैं। प्रवेश वर्मा पर उन्होंने अभी सीधा अटैक नहीं किया है। वर्मा को पार्टी के खास तवज्जो देने पर मुख्यमंत्री उन्हें निशाना बनाते हैं तो आप पर इसका उल्टा असर पड़ सकता है। 

जाट मतदाता उससे दूरी बना सकते हैं। प्रवेश वर्मा साफ-सुथरी राजनीति के लिए जाने जाते हैं। मनोज तिवारी पर निशाना साधकर पूर्वांचलियों के एक बड़े वर्ग को आप नाराज कर चुकी है। डॉ. हर्षवर्धन व विजय गोयल पर निशाना साधने से वैश्य समुदाय में नाराजगी है। ऐसे में प्रवेश वर्मा पर आप निशाना साधती है तो दिल्ली गांव-देहात के मतदाता उससे दूरी बना सकते हैं।

... पर चुनाव पीएम के चेहरे पर ही
भाजपा की रणनीति है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी युवा वर्ग में काफी लोकप्रिय हैं। प्रवेश वर्मा दिल्ली में भाजपा के युवा चेहरे हैं। पार्टी सूत्रों की मानें तो दिल्ली में भाजपा बिना चेहरा दिए चुनावी मैदान में उतरेगी। पिछली बार किरण बेदी को मुख्यमंत्री का चेहरा बनाकर पार्टी हार का सामना कर चुकी है।


बेदी के पहले भाजपा ने डॉ. हर्षवर्धन को मुख्यमंत्री का उम्मीदवार बनाया था। उस दौरान भी भाजपा को हार का सामना करना पड़ा था। लिहाजा इस बार भाजपा मुख्यमंत्री का उम्मीदवार पेश करने की जगह मोदी के चेहरे पर ही चुनाव मैदान में उतरेगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed