शराब व्यवसायी किशन लाल वाडिया के पोते को अग्रिम जमानत
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दिल्ली के वसंत कुंज के डीएलएफ प्रोमेनेड मॉल स्थित क्लब में मारपीट व कर्मचारियों पर हमला करने के मामले में आरोपी पार्थ वाडिया को हाईकोर्ट ने सोमवार को अग्रिम जमानत दे दी। पुलिस ने हाल ही में पार्थ की गिरफ्तारी पर 20 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था।
27 जून को मारपीट के मामले में पुलिस ने दो एफआईआर दर्ज की थीं। एक में शराब व्यवसायी किशन लाल वाडिया के पोते पार्थ व उसके साथियों को, जबकि दूसरी में क्लब के बाउंसरों को आरोपी बनाया गया था।
सोमवार को कोर्ट में पार्थ के अधिवक्ता ने तर्क रखा कि उनके मुवक्किल ने जांच में पूरा सहयोग किया है और पुलिस द्वारा मांगी हर जानकारी दी है। उसे अब गिरफ्तार करने की जरूरत नहीं है, इसलिए उसकी अग्रिम जमानत स्वीकार की जाए।
दोनों पक्षों ने किया समझौता, पर क्यों?
न्यायमूर्ति एसके मिश्रा ने अपने फैसले में कहा कि इस मामले में दोनों पक्ष समझौता कर रहे हैं। इसके अलावा इस मामले में कुल 17 लोगों को गिरफ्तार किया गया था, जिनमें से 16 जमानत पर हैं। एक अन्य ने जमानत आवेदन दाखिल नहीं किया।
ऐसे में याची पार्थ वाडिया अग्रिम जमानत पाने का हकदार है। कोर्ट ने एक लाख रुपये के व्यक्तिगत मुचलके व एक अन्य जमानती पेश करने की शर्त पर पार्थ की अग्रिम जमानत मंजूर कर ली। जांच में सहयोग करने की बात कहते हुए कोर्ट ने बिना इजाजत आरोपी के देश से बाहर जाने पर रोक लगाई है।