पाक जासूसी कांड: BSF हवलदार समेत चार पुलिस रिमांड पर
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पटियाला हाउस कोर्ट ने पाकिस्तान के लिए जासूसी करने के मामले में बीएसएफ के हवलदार अब्दुल राशिद व तीन अन्य आरोपियों को तीन दिनों की पुलिस हिरासत में भेज दिया।
पुलिस ने आरोपियों को पाक खुफिया एजेंसी आईएसआई को देश की खुफिया जानकारियां देने के आरोप में गिरफ्तार किया था। सात दिन की रिमांड खत्म होने के बाद पुलिस ने सोमवार को अब्दुल राशिद को कोर्ट में पेश किया।
इसके अलावा पूर्व सैनिक मुनव्वर अहमद मीर, स्कूल टीचर मोहम्मद साबिर व सेना में सिपाही फरीद अहमद को भी कोर्ट में पेश किया। पुलिस ने सीएमएम संजय खनगवाल के समक्ष आरोपियों की रिमांड मांगते हुए कहा कि जासूसी के नेटवर्क व इनके मॉड्यूल की पहचान के लिए आरोपियों से पूछताछ की जरूरत है।
अन्य दो आरोपी मुनव्वर और साबिर भी कफायतुल्ला के संपर्क में थे
दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने कोर्ट को बताया कि फरीद को पश्चिम बंगाल के दार्जिलिंग से, जबकि मुनव्वर व साबर को जम्मू-कश्मीर से गिरफ्तार किया गया है।
सेना में सिपाही फरीद की यूनिट दार्जिलिंग में तैनात है। इससे पहले वह जम्मू में तैनात था और सेना की खुफिया जानकारियों तक उसकी पहुंच थी।
उसने खुफिया जानकारी संबंधी दस्तावेज आईएसआई के एजेंट कफायतुल्ला खान उर्फ मास्टर राजा को दिए थे। अन्य दो आरोपी मुनव्वर और साबिर भी कफायतुल्ला के संपर्क में थे और उसे ई-मेल के जरिये उसे खुफिया जानकारी देते थे।
खूफिया जानकारी देने वाला ये मॉड्यूल 2013 से था सक्रिय
कोर्ट के पूछने पर पुलिस ने बताया कि यह मॉड्यूल 2013 से सक्रिय था और खुफिया जानकारियां पाक एजेंसी को दे रहा था। आरोपियों से मिले कागजात की पुष्टि के लिए इन्हें आमने-सामने बैठाकर पूछताछ करनी है।
इसलिए चारों आरोपियों को रिमांड पर लेना जरूरी है। इसके बाद कोर्ट ने चारों आरोपियों को रिमांड पर भेज दिया। कोर्ट ने कफायतुल्ला को 10 दिसंबर तक रिमांड में भेजा था।
दिल्ली पुलिस ने 26 नवंबर को उसे भोपाल जाते समय नई दिल्ली स्टेशन पर पकड़ा था।