फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Nuh Court has granted regular bail to MLA Maman Khan in Nuh violence case

नूंह हिंसा मामला : एसआईटी नहीं पेश कर पाई सबूत, विधायक मामन खान को मिली नियमित जमानत

Wed, 18 Oct 2023 10:35 PM IST
श्याम जी. अमर उजाला नेटवर्क, नूंह
अमर उजाला नेटवर्क, नूंह Published by: श्याम जी. Updated Wed, 18 Oct 2023 10:35 PM IST
सार

नूंह हिंसा मामले में कांग्रेस विधायक मामन खान को नूंह कोर्ट ने नियमित बेल दे दी है। मामले में एसआईटी विधायक मामन खान के मोबाइल और लैपटॉप से सबूत जुटाकर कोर्ट में पेश नहीं कर पाई। 
 

विज्ञापन
Nuh Court has granted regular bail to MLA Maman Khan in Nuh violence case
कांग्रेस विधायक मामन खान - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

नूंह हिंसा मामले में अंतरिम जमानत पर बाहर आए कांग्रेस विधायक मामन खान को नूंह कोर्ट ने नियमित बेल दे दी है। मामले में एसआईटी विधायक मामन खान के मोबाइल और लैपटॉप से सबूत जुटाकर कोर्ट में पेश नहीं कर पाई। जिसके चलते कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद बुधवार शाम छह बजे अतिरिक्त सेशन जज अजय शर्मा की अदालत ने विधायक को रेगुलर जमानत दे दी। इस दौरान सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध किए गए थे।

विज्ञापन


जानकारी के मुताबिक, विधायक की तरफ से महताब अहमद, ताहिर हुसैन देवला तथा ताहिर हुसैन रुपड़िया ने अदालत में अपनी दलील रखते हुए बहस की। सरकार की तरफ से स्थानीय सरकारी वकीलों के अलावा चंडीगढ़ से आए एजी (सरकारी वकील) सभरवाल ने भी काफी देर तक बहस की। एसआईटी टीम व सरकारी वकील कोई ऐसी दलील व सबूत पेश नहीं कर पाए, जिससे विधायक की आंतरिक जमानत रद्द हो सके। 
विज्ञापन


हालांकि एसआईटी टीम ने दावा किया था कि मामन खान के मोबाइल को डाईटेक के लिए भेजा गया है। उसमें हिंसा से संबंधित काफी सबूत मिलने की उम्मीद है। इतना ही नहीं बहस के दौरान बार-बार मामन खान को हिंसा का मास्टरमाइंड भी बताया गया। साथ ही यह भी दावा किया गया कि मोबाइल से तौफीक के साथ मोबाइल चैट हुई हैं। इसके अलावा दंगे से पहले 29 में 30 तारीख को मामन खान इंजीनियर अपने इलाके में थे और उन्होंने दंगा भड़काने का षड्यंत्र रचा। 
विज्ञापन
विज्ञापन


खास बात यह रही कि स्थानीय सरकारी वकीलों के साथ-साथ ऐसा पहली बार देखा गया है कि जिला स्तरीय अदालत में चंडीगढ़ से वकील को बहस के लिए बुलाया गया हो, लेकिन इस दौरान चली लंबी बहस में कोई ऐसे सबूत नहीं मिले, जिससे आंतरिक जमानत को रद्द किया जा सके। लिहाजा कोर्ट ने उन्हें नियमित बेल दे दी। साथ ही नया जमानत नामा लगाने के लिए कहा है। 

विधायक के वकील ताहिर देवला ने बताया कि यह पहला मामला है, जिसमें स्थानीय सरकारी वकीलों पर विश्वास नहीं करते हुए बहस के लिए चंडीगढ़ से सरकारी वकील बुलाए गए। सरकार की हर संभव कोशिश थी कि विधायक मामन खान को फंसाया जाए, लेकिन उन्हें कोर्ट पर भरोसा था। एसआईटी ऐसा कोई सबूत पेश नहीं कर पाई, जिससे आंतरिक जमानत को रद्द किया जा सके। जिससे मामन खान को नियमित बेल दे दी गई है।

सुबह से ही कोर्ट के बाहर पुलिस के पुख्ता प्रबंध कर दिए गए थे। पुलिस ने लघु सचिवालय में कोर्ट परिसर में किसी भी व्यक्ति को गाड़ी के साथ नहीं घुसने दिया, जो लोग कोर्ट परिसर में जा रहे थे उन पर कड़ी निगरानी रखी गई। इसके अलावा पुलिस के अधिकारी अपने कर्मचारियों से पल-पल की खबर ले रहे थे। मामन खान अपनी फॉर्च्यूनर गाड़ी में अदालत पहुंचे। वहां काफी लंबी बहस के बाद देर शाम फैसला सुनाया गया। 

नूंह हिंसा मामले में फिरोजपुर झिरका से कांग्रेस विधायक मामन खान को नगीना थाने में दर्ज एफआईआर नंबर 137, 148, 149 और 150 में नामजद किया गया है। यह चारों मुकदमे 1 अगस्त को नगीना थाने में दर्ज हुए। विधायक मामन खान को एसआईटी ने 14 सितंबर की रात जयपुर से गिरफ्तार किया। इसके बाद नगीना थाने में दर्ज 149 एफआईआर में उन्हें 15 सितंबर को नूंह कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने उन्हें 2 दिन पुलिस रिमांड पर भेजा।


इसके बाद 17 सितंबर को फिर कोर्ट में पेश किया। फिर एसआईटी ने एफआईआर नंबर 149 के अलावा 3 और एफआईआर नंबर 137, 148 और 150 में नामजद किया। कोर्ट ने 148, 149 और 150 मुकदमे में जेल के आदेश दिए जबकि मुकदमा नंबर 137 में 2 दिन की रिमांड पर भेज दिया। इसके बाद रिमांड की अवधि पूरी होने के बाद 19 सितंबर को कोर्ट में पेश कर 14 दिन के लिए नूंह जेल भेेज दिया गया था। इसके बाद 3 अक्तूबर को विधायक मामन खान को अंतरिम जमानत मिलने पर जेल बाहर आ गए। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed