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अब श्रमिकों को मिलेगा 10 रुपये में पौष्टिक भोजन, सीएम ने दिए निर्देश
ब्यूरो/अमर उजाला, नोएडा
Updated Fri, 12 Aug 2016 12:01 AM IST
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सीएम अखिलेश यादव
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14 अगस्त से शहर में निर्माणाधीन साइटों पर श्रमिकों को 10 रुपये में स्वादिष्ट एवं पौष्टिक भोजन दिया जाएगा। इसकी शुरुआत श्रम एवं सेवायोजन मंत्री शाहिद मंजूर द्वारा सेक्टर-18 स्थित वेव की साइट से की जाएगी।
जिलाधिकारी एनपी सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने निर्देश दिया था कि प्रदेश में श्रमिकों को कम से कम एक समय के भोजन में 1200 कैलोरी मिलनी चाहिए।
इसके लिए उत्तर प्रदेश भवन निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड के प्र्रमुख सचिव के निर्देश पर साइटों पर काम करने वाले मजदूरों के लिए मध्याह्न भोजन योजना शुरू की गई है। इसका नोडल अधिकारी उपश्रमायुक्त बीके रॉय को बनाया गया है।
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डीएम ने बताया कि 14 अगस्त को योजना की शुरुआत की जाएगी। वहीं, 15 अगस्त से वेव, सुपरटेक, अजनारा, पंचशील, गुलशन, केपीसी, निराला, साया जीवन, गौड़ सिटी, एलएंडटी समेत शहर की 16 बिल्डर साइट पर श्रमिकों को 10 रुपये में भोजन मिलना शुरू हो जाएगा।
इससे 1575 श्रमिक लाभान्वित होंगे और 10 रुपये में यह टिफिन मिलेगा। हालांकि भोजन की कुल लागत 55 रुपये है। भोजन सप्लाई करने का जिम्मा रेलवे कैंटीन को दिया गया है। जल्द ही इसके लिए ठेका दिया जाएगा।
एक दिन पहले देने होंगे 10 रुपये
कैंटीन संचालक को 10 रुपये श्रमिक देंगे, बाकी कीमत प्रदेश सरकार वहन करेगी। कैंटीन संचालक रुपये लेने के बाद श्रमिक को एक टोकन देगा। श्रमिकों को एक दिन पहले ही 10 रुपये देने होंगे। ऐसा इसलिए किया गया है, ताकि जितने लोग इच्छुक हैं, उतना ही खाना बने। खाना डिब्बा (टिफिन) में दिया जाएगा।
खाना अच्छा है या बुरा, रजिस्टर में होगा दर्ज
हर रोज दो लोग श्रमिकों की ओर से टिफिन लेंगे और खाना खाने के बाद श्रमिक डिब्बा बिना साफ किए ही वापस कर देंगे। कैंटीन संचालक हर एक साइट पर एक टिफिन अधिक देगा, जिसे कोई अन्य व्यक्ति खाएगा और उसकी गुणवत्ता के बारे में अपनी रिपोर्ट साइट पर मौजूद रजिस्टर में लिखेगा।
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जिलाधिकारी एनपी सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने निर्देश दिया था कि प्रदेश में श्रमिकों को कम से कम एक समय के भोजन में 1200 कैलोरी मिलनी चाहिए।
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इसके लिए उत्तर प्रदेश भवन निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड के प्र्रमुख सचिव के निर्देश पर साइटों पर काम करने वाले मजदूरों के लिए मध्याह्न भोजन योजना शुरू की गई है। इसका नोडल अधिकारी उपश्रमायुक्त बीके रॉय को बनाया गया है।
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डीएम ने बताया कि 14 अगस्त को योजना की शुरुआत की जाएगी। वहीं, 15 अगस्त से वेव, सुपरटेक, अजनारा, पंचशील, गुलशन, केपीसी, निराला, साया जीवन, गौड़ सिटी, एलएंडटी समेत शहर की 16 बिल्डर साइट पर श्रमिकों को 10 रुपये में भोजन मिलना शुरू हो जाएगा।
इससे 1575 श्रमिक लाभान्वित होंगे और 10 रुपये में यह टिफिन मिलेगा। हालांकि भोजन की कुल लागत 55 रुपये है। भोजन सप्लाई करने का जिम्मा रेलवे कैंटीन को दिया गया है। जल्द ही इसके लिए ठेका दिया जाएगा।
एक दिन पहले देने होंगे 10 रुपये
कैंटीन संचालक को 10 रुपये श्रमिक देंगे, बाकी कीमत प्रदेश सरकार वहन करेगी। कैंटीन संचालक रुपये लेने के बाद श्रमिक को एक टोकन देगा। श्रमिकों को एक दिन पहले ही 10 रुपये देने होंगे। ऐसा इसलिए किया गया है, ताकि जितने लोग इच्छुक हैं, उतना ही खाना बने। खाना डिब्बा (टिफिन) में दिया जाएगा।
खाना अच्छा है या बुरा, रजिस्टर में होगा दर्ज
हर रोज दो लोग श्रमिकों की ओर से टिफिन लेंगे और खाना खाने के बाद श्रमिक डिब्बा बिना साफ किए ही वापस कर देंगे। कैंटीन संचालक हर एक साइट पर एक टिफिन अधिक देगा, जिसे कोई अन्य व्यक्ति खाएगा और उसकी गुणवत्ता के बारे में अपनी रिपोर्ट साइट पर मौजूद रजिस्टर में लिखेगा।