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Noida News: लोकल से ग्लोबल की सोच को आगे बढ़ाएगी इंटरनेशनल ट्रेड सिटी
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- यमुना सिटी में चीन की यीवू इंटरनेशनल ट्रेड सिटी की तर्ज पर होगा विकास
- नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास चिंहित की गई जगह, बोर्ड से भी मिल चुकी मंजूरी
- उद्यमियों को थोक बाजार के रूप में यहां एक ही छत के नीचे मिल जाएगी जगह और ग्राहक
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। औद्योगिक विकास को नई गति देने और स्थानीय उत्पादों का निर्यात बढ़ाने के लिए एक ही छत के नीचे थोक बाजार नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास विकसित होगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पहल के बाद अब यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) ने इस योजना पर काम शुरू कर दिया है। यीडा के बोर्ड की मंजूरी के बाद यह तय हुआ है कि चीन की यीवू इंटरनेशनल ट्रेड सिटी की तर्ज पर इस इंटरनेशनल ट्रेड सिटी को विकसित किया जाएगा।
यीडा के अधिकारियों का कहना है कि पिछले दिनों मुख्यमंत्री से सैद्धांतिक सहमति मिलने के बाद इस इंटरनेशनल ट्रेड सिटी का प्रस्ताव बोर्ड के सदस्यों के सामने रखा गया। इसे मंजूरी मिलने के बाद अब विकास कराने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। इंटरनेशनल ट्रेड सिटी को व्यापार, उद्योग और निर्यात के एक नए वैश्विक केंद्र के रूप में विकसित किया जाना तय हुआ है। इंटरनेशनल ट्रेड सिटी में औद्योगिक उत्पादों को एक ऐसा संगठित और स्वीकृत बाजार उपलब्ध होगा। जहां उत्पादों का प्रदर्शन, बिक्री और निर्यात एक ही प्लेटफॉर्म से किया जा सकेगा। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास कार्गो विलेज की मौजूदगी से देश-विदेश में कहीं भी न्यूनतम समय में हवाई मार्ग से सामान भी यहां से पहुंचाना सुनिश्चित हो सकेगा।
इनसेट-
उद्योगों को मिल सकेंगे नए ग्राहक
योगी सरकार की औद्योगिक नीति का प्रमुख लक्ष्य उत्तर प्रदेश को केवल बड़े निवेश का केंद्र बनाना ही नहीं, बल्कि यहां तैयार होने वाले उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंचाना भी है। इंटरनेशनल ट्रेड सिटी इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कड़ी साबित हो सकती है। प्रस्तावित इंटरनेशनल ट्रेड सिटी में विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े औद्योगिक उत्पादों के लिए व्यवस्थित बाजार और प्रदर्शन की सुविधा विकसित किए जाने की परिकल्पना है। इससे उत्पादकों को अपने उत्पाद सीधे देश-विदेश के खरीदारों के सामने प्रस्तुत करने का अवसर मिलेगा। साथ ही निर्यातकों और संभावित विदेशी खरीदारों के बीच व्यावसायिक संपर्क बढ़ाने में भी मदद मिलेगी।
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इनसेट-
वन स्टॉप ट्रेडिंग डेस्टीनेशन के रूप में करेगा कामचीन के यीवू इंटरनेशनल ट्रेड सिटी को दुनिया के प्रमुख थोक व्यापार केंद्रों में गिना जाता है, जहां बड़ी संख्या में उत्पादों के लिए एक संगठित बाजार उपलब्ध है। इसी से प्रेरणा लेते हुए यमुना सिटी में इंटरनेशनल ट्रेड सिटी को विकसित करने की दिशा में पहल की गई। इसका उद्देश्य एक ऐसा वन-स्टॉप ट्रेडिंग डेस्टिनेशन तैयार करना है, जहां विभिन्न औद्योगिक उत्पादों के प्रदर्शन, कारोबार और संभावित निर्यात के लिए सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध हो सकें।
इनसेट-
एमएसएमई और स्थानीय उद्यमियों को सबसे बड़ा लाभ
सीईओ राकेश कुमार सिंह ने बताया कि इंटरनेशनल ट्रेड सिटी का सबसे महत्वपूर्ण लाभ सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) और स्थानीय उद्यमियों को मिल सकता है। अक्सर छोटे उद्यमों के सामने अपने उत्पादों को बड़े बाजार और अंतरराष्ट्रीय खरीदारों तक पहुंचाने की चुनौती रहती है। इस थोक बाजार से उद्यमियों को अपने उत्पादों को प्रदर्शित करने, नए खरीदारों से संपर्क करने और व्यापारिक नेटवर्क का विस्तार करने का अवसर मिलेगा। यहां उत्पादकों, खरीदारों, निर्यातकों और व्यापारिक संस्थाओं को एक साझा मंच मिल सकेगा। इससे स्थानीय स्तर पर उत्पादन को बढ़ावा मिलने के साथ रोजगार के नए अवसर भी सृजित हो सकते हैं। इंटरनेशनल ट्रेड सिटी की औद्योगिक इकोसिस्टम को बेहतर करने में भी मदद करेगा।
इनसेट-
ओडीओपी’ को भी मिल सकता बड़ा फायदा
उत्तर प्रदेश के एक जनपद-एक उत्पाद (ओडीओपी) योजना के लिए यह अंतरराष्ट्रीय व्यापार केंद्र महत्वपूर्ण साबित हो सकता है। इससे स्थानीय उत्पादों की ब्रांडिंग, बाजार विस्तार और निर्यात की संभावनाओं को बल मिल सकता है।
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- नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास चिंहित की गई जगह, बोर्ड से भी मिल चुकी मंजूरी
- उद्यमियों को थोक बाजार के रूप में यहां एक ही छत के नीचे मिल जाएगी जगह और ग्राहक
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। औद्योगिक विकास को नई गति देने और स्थानीय उत्पादों का निर्यात बढ़ाने के लिए एक ही छत के नीचे थोक बाजार नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास विकसित होगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पहल के बाद अब यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) ने इस योजना पर काम शुरू कर दिया है। यीडा के बोर्ड की मंजूरी के बाद यह तय हुआ है कि चीन की यीवू इंटरनेशनल ट्रेड सिटी की तर्ज पर इस इंटरनेशनल ट्रेड सिटी को विकसित किया जाएगा।
यीडा के अधिकारियों का कहना है कि पिछले दिनों मुख्यमंत्री से सैद्धांतिक सहमति मिलने के बाद इस इंटरनेशनल ट्रेड सिटी का प्रस्ताव बोर्ड के सदस्यों के सामने रखा गया। इसे मंजूरी मिलने के बाद अब विकास कराने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। इंटरनेशनल ट्रेड सिटी को व्यापार, उद्योग और निर्यात के एक नए वैश्विक केंद्र के रूप में विकसित किया जाना तय हुआ है। इंटरनेशनल ट्रेड सिटी में औद्योगिक उत्पादों को एक ऐसा संगठित और स्वीकृत बाजार उपलब्ध होगा। जहां उत्पादों का प्रदर्शन, बिक्री और निर्यात एक ही प्लेटफॉर्म से किया जा सकेगा। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास कार्गो विलेज की मौजूदगी से देश-विदेश में कहीं भी न्यूनतम समय में हवाई मार्ग से सामान भी यहां से पहुंचाना सुनिश्चित हो सकेगा।
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उद्योगों को मिल सकेंगे नए ग्राहक
योगी सरकार की औद्योगिक नीति का प्रमुख लक्ष्य उत्तर प्रदेश को केवल बड़े निवेश का केंद्र बनाना ही नहीं, बल्कि यहां तैयार होने वाले उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंचाना भी है। इंटरनेशनल ट्रेड सिटी इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कड़ी साबित हो सकती है। प्रस्तावित इंटरनेशनल ट्रेड सिटी में विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े औद्योगिक उत्पादों के लिए व्यवस्थित बाजार और प्रदर्शन की सुविधा विकसित किए जाने की परिकल्पना है। इससे उत्पादकों को अपने उत्पाद सीधे देश-विदेश के खरीदारों के सामने प्रस्तुत करने का अवसर मिलेगा। साथ ही निर्यातकों और संभावित विदेशी खरीदारों के बीच व्यावसायिक संपर्क बढ़ाने में भी मदद मिलेगी।
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वन स्टॉप ट्रेडिंग डेस्टीनेशन के रूप में करेगा कामचीन के यीवू इंटरनेशनल ट्रेड सिटी को दुनिया के प्रमुख थोक व्यापार केंद्रों में गिना जाता है, जहां बड़ी संख्या में उत्पादों के लिए एक संगठित बाजार उपलब्ध है। इसी से प्रेरणा लेते हुए यमुना सिटी में इंटरनेशनल ट्रेड सिटी को विकसित करने की दिशा में पहल की गई। इसका उद्देश्य एक ऐसा वन-स्टॉप ट्रेडिंग डेस्टिनेशन तैयार करना है, जहां विभिन्न औद्योगिक उत्पादों के प्रदर्शन, कारोबार और संभावित निर्यात के लिए सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध हो सकें।
इनसेट-
एमएसएमई और स्थानीय उद्यमियों को सबसे बड़ा लाभ
सीईओ राकेश कुमार सिंह ने बताया कि इंटरनेशनल ट्रेड सिटी का सबसे महत्वपूर्ण लाभ सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) और स्थानीय उद्यमियों को मिल सकता है। अक्सर छोटे उद्यमों के सामने अपने उत्पादों को बड़े बाजार और अंतरराष्ट्रीय खरीदारों तक पहुंचाने की चुनौती रहती है। इस थोक बाजार से उद्यमियों को अपने उत्पादों को प्रदर्शित करने, नए खरीदारों से संपर्क करने और व्यापारिक नेटवर्क का विस्तार करने का अवसर मिलेगा। यहां उत्पादकों, खरीदारों, निर्यातकों और व्यापारिक संस्थाओं को एक साझा मंच मिल सकेगा। इससे स्थानीय स्तर पर उत्पादन को बढ़ावा मिलने के साथ रोजगार के नए अवसर भी सृजित हो सकते हैं। इंटरनेशनल ट्रेड सिटी की औद्योगिक इकोसिस्टम को बेहतर करने में भी मदद करेगा।
इनसेट-
ओडीओपी’ को भी मिल सकता बड़ा फायदा
उत्तर प्रदेश के एक जनपद-एक उत्पाद (ओडीओपी) योजना के लिए यह अंतरराष्ट्रीय व्यापार केंद्र महत्वपूर्ण साबित हो सकता है। इससे स्थानीय उत्पादों की ब्रांडिंग, बाजार विस्तार और निर्यात की संभावनाओं को बल मिल सकता है।