{"_id":"6488770fd069c502da06c668","slug":"lg-adopts-four-villages-will-get-adequate-civic-facilities-noida-news-c-340-1-del1004-16063-2023-06-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Noida News: एलजी ने चार गांव लिए गोद, पर्याप्त नागरिक सुविधाएं मिलेंगी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Noida News: एलजी ने चार गांव लिए गोद, पर्याप्त नागरिक सुविधाएं मिलेंगी
विज्ञापन
निजामपुर, जौंती, रावता और देवराला में मुहैया कराई जाएंगी इन्फ्रा, स्वास्थ्य से जुड़ी सेवाएं
कुतुबगढ़ गांव के नतीजों से उत्साहित एलजी ने दिखाई चार गांवों को गोद लेने में दिलचस्पी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
दिल्ली में सांसदों की तर्ज पर एलजी वीके सक्सेना ने उत्तर-पश्चिम दिल्ली में निजामपुर, जौंती और दक्षिण-पश्चिम दिल्ली में रावता, देवराला को गोद लिया है, इन्हें मॉडल गांव के रूप में विकसित किया जाएगा। इससे पहले एलजी ने उत्तर पश्चिम दिल्ली के कुतुबगढ़ गांव को गोद दिया था, इसे मॉडल गांव के रूप में विकसित किया जा रहा है। इसके उत्साहजनक परिणामों से उत्साहित एलजी ने चार और गांवों को गोद लेने में दिलचस्पी दिखाई है। इन गांवों को पर्याप्त नागरिक बुनियादी ढांचे के साथ विकसित किया जाएगा।
चारों गांवों में पहले व्यापक स्तर पर जल प्रबंधन होगा। बड़े पैमाने पर पौधरोपण कर हरियाली बढ़ाई जाएगी। गांव की विरासत को संरक्षित किया जाएगा। इन्फ्रा, स्वास्थ्य से जुड़ी सेवाएं विकसित की जाएंगी। वैज्ञानिक तरीके से पशुधन प्रबंधन व विकास के लिए गांव में काम शुरू किया जाएगा और लोकल स्तर पर आजीविका के अवसर पैदा किए जाएंगे। जौंती गांव को इससे पहले पूर्व सांसद उदित राज ने गोद लिया था, लेकिन गांव में कोई विशेष सुधार नहीं हुआ।
मॉडल गांव बनाने की पहल शुरू हुई
एलजी कार्यालय के मुताबिक, इन चार गांवों को मॉडल गांव के तौर पर विकसित करने की पहल शुरू की गई है। 2011 की जनगणना के मुताबिक निजामपुर गांव की जनसंख्या करीब 6000-7000 और जौंती की करीब 8000-9000 है, जबकि रावता की जनसंख्या करीब 2933 और देवराला की 524 है। इन चार गांवों में रहने वाले लोगों के जीवन की गुणवत्ता और आर्थिक कल्याण में सुधार के लिए सभी प्रयास किए जाएंगे। कृषि, स्वास्थ्य जैसे मुद्दों को प्राथमिकता के आधार पर समाधान किया जाएगा।
विज्ञापन
कुतुबगढ़ गांव के विकास मॉडल को दोहराया जाएगा
सितंबर 2022 में एलजी ने कुतुबगढ़ को गोद लिया था, एलजी की अध्यक्षता में 500 किसानों ने चंदन के 1000 पौधे लगाए थे। बाद में एलजी वीके सक्सेना ने 13 अप्रैल 2023 को एक बार फिर कुतुबगढ़ गांव का दौरा किया और ग्रामीणों को 2000 अमरूद और 1000 अंगूर के पौधे वितरित किए। एलजी ने संबंधित अधिकारियों को निर्धारित समय सीमा के भीतर कुतुबगढ़ को एक मॉडल गांव के रूप में विकसित करने के लिए हर संभव कदम उठाने का निर्देश दिया था। उन्होंने कहा था कि कुतुबगढ़ को पहले मॉडल गांव के रूप में विकसित करने के बाद विकास के उसी मॉडल को अन्य गांवों में दोहराया जाएगा।
यह मॉल अपनाया जा रहा
-- -एमसीडी डिस्पेंसरी को पॉलीक्लीनिक में अपग्रेड किया जाएगा
-- -गांव में डाकघर बनेगा
-- -सरकारी स्कूल में साइंस स्ट्रीम होगी
-- -544 एलईडी स्ट्रीट लाइटें लगाई जा चुकी हैं
-- -डीडीए दो तालाब विकसित करेगा
-- -दो पार्कों में ओपन जिम के साथ डीडीए चार नए पार्क विकसित करेगा
-- -60 स्थानीय किसानों को कृषि विज्ञान केंद्रों (केवीके) में कुशल सिंचाई तंत्र और जैविक खेती में प्रशिक्षित किया गया है
-- -आईएंडएफसी विभाग ने कुतुबगढ़ में साइन बोर्ड और गांव के नक्शे लगाए हैं
- युवाओं की आजीविका और कॅरिअर के लिए कौशल विकास कार्यक्रम शुरू होंगे
-- -सार्वजनिक परिवहन को मजबूत करने के लिए नए बस रूट शुरू होंगे
विज्ञापन
कुतुबगढ़ गांव के नतीजों से उत्साहित एलजी ने दिखाई चार गांवों को गोद लेने में दिलचस्पी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
दिल्ली में सांसदों की तर्ज पर एलजी वीके सक्सेना ने उत्तर-पश्चिम दिल्ली में निजामपुर, जौंती और दक्षिण-पश्चिम दिल्ली में रावता, देवराला को गोद लिया है, इन्हें मॉडल गांव के रूप में विकसित किया जाएगा। इससे पहले एलजी ने उत्तर पश्चिम दिल्ली के कुतुबगढ़ गांव को गोद दिया था, इसे मॉडल गांव के रूप में विकसित किया जा रहा है। इसके उत्साहजनक परिणामों से उत्साहित एलजी ने चार और गांवों को गोद लेने में दिलचस्पी दिखाई है। इन गांवों को पर्याप्त नागरिक बुनियादी ढांचे के साथ विकसित किया जाएगा।
चारों गांवों में पहले व्यापक स्तर पर जल प्रबंधन होगा। बड़े पैमाने पर पौधरोपण कर हरियाली बढ़ाई जाएगी। गांव की विरासत को संरक्षित किया जाएगा। इन्फ्रा, स्वास्थ्य से जुड़ी सेवाएं विकसित की जाएंगी। वैज्ञानिक तरीके से पशुधन प्रबंधन व विकास के लिए गांव में काम शुरू किया जाएगा और लोकल स्तर पर आजीविका के अवसर पैदा किए जाएंगे। जौंती गांव को इससे पहले पूर्व सांसद उदित राज ने गोद लिया था, लेकिन गांव में कोई विशेष सुधार नहीं हुआ।
विज्ञापन
मॉडल गांव बनाने की पहल शुरू हुई
एलजी कार्यालय के मुताबिक, इन चार गांवों को मॉडल गांव के तौर पर विकसित करने की पहल शुरू की गई है। 2011 की जनगणना के मुताबिक निजामपुर गांव की जनसंख्या करीब 6000-7000 और जौंती की करीब 8000-9000 है, जबकि रावता की जनसंख्या करीब 2933 और देवराला की 524 है। इन चार गांवों में रहने वाले लोगों के जीवन की गुणवत्ता और आर्थिक कल्याण में सुधार के लिए सभी प्रयास किए जाएंगे। कृषि, स्वास्थ्य जैसे मुद्दों को प्राथमिकता के आधार पर समाधान किया जाएगा।
विज्ञापन
कुतुबगढ़ गांव के विकास मॉडल को दोहराया जाएगा
सितंबर 2022 में एलजी ने कुतुबगढ़ को गोद लिया था, एलजी की अध्यक्षता में 500 किसानों ने चंदन के 1000 पौधे लगाए थे। बाद में एलजी वीके सक्सेना ने 13 अप्रैल 2023 को एक बार फिर कुतुबगढ़ गांव का दौरा किया और ग्रामीणों को 2000 अमरूद और 1000 अंगूर के पौधे वितरित किए। एलजी ने संबंधित अधिकारियों को निर्धारित समय सीमा के भीतर कुतुबगढ़ को एक मॉडल गांव के रूप में विकसित करने के लिए हर संभव कदम उठाने का निर्देश दिया था। उन्होंने कहा था कि कुतुबगढ़ को पहले मॉडल गांव के रूप में विकसित करने के बाद विकास के उसी मॉडल को अन्य गांवों में दोहराया जाएगा।
यह मॉल अपनाया जा रहा
- युवाओं की आजीविका और कॅरिअर के लिए कौशल विकास कार्यक्रम शुरू होंगे