{"_id":"651c7286280a5664040c2f80","slug":"illegal-construction-of-20-shops-in-shahberi-case-against-two-builders-grnoida-news-c-23-1-noi1091-18418-2023-10-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Noida News: शाहबेरी में 20 दुकानों का अवैध निर्माण, दो बिल्डर पर केस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Noida News: शाहबेरी में 20 दुकानों का अवैध निर्माण, दो बिल्डर पर केस
विज्ञापन
शाहबेरी में 20 दुकानों का अवैध निर्माण, दो बिल्डर पर केस
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बावजूद नहीं लग पा रही रोक
अवैध निर्माण पर गैंगस्टर में जेल भेजे जा चुके हैं कई आरोपी
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। सुप्रीम कोर्ट के रोक के बावजूद ग्रेनो वेस्ट के शाहबेरी में अवैध निर्माण जारी है। अवैध रूप से दुकानों का निर्माण कराने पर मेसर्स गणेश इंफाटेक के बिल्डर दिल्ली के आदर्श नगर के सचिन कंसल और बीटा-एक सेक्टर के अतुल जिंदल पर केस दर्ज किया गया है। बताया गया है कि यहां 20 से अधिक दुकानों का निर्माण किया गया है। आरोपी रात में निर्माण करा रहे हैं।
ग्रेनो प्राधिकरण के सहायक प्रबंधक नाजिम खान ने बिसरख कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई है। उनका आरोप है कि प्राधिकरण के अधिसूचित क्षेत्र में शाहबेरी गांव आता है। सुप्रीम कोर्ट ने यहां निर्माण आदि पर रोक लगाई हुई है। इसके बावजूद बिना प्राधिकरण की अनुमति के सचिन और अतुल यहां अवैध रूप से दुकानों का निर्माण कर रहे हैं। इन्हें अवैध निर्माण करने से कई बार रोका गया है, इसके बावजूद भी निर्माण में मशगूल थे।
बिसरख कोतवाली में मामले में आईपीसी की धारा-188 और 447 के अंतर्गत केस दर्ज किया गया है। शाहबेरी में पांच साल पहले दो अवैध भवन गिरने से नौ लोगों की मौत के बाद यहां 90 से अधिक अवैध निर्माण के केस दर्ज हो चुके हैं। कई बिल्डर व अन्य आरोपियों को गैंगस्टर आदि के केस में जेल भी भेजा गया है। लेकिन अब कुछ माह से अवैध निर्माण करने वालों पर हल्की धाराओं में केस दर्ज किया जा रहा है।
विज्ञापन
-- -- -
किसने बदला लैंडयूज
एफआईआर में नामजद किए गए आरोपियों पर लैंडयूज बदलकर अवैध निर्माण करने का आरोप लगाया गया है। सवाल यह उठता है कि लैंडयूज किसने बदलवाया। बिना प्राधिकरण के अधिकारियों की सहमति के शाहबेरी में लैंडयूज कैसे बदल गया। इससे पहले शाहबेरी में हुए अवैध निर्माण को लेकर भी अधिकारियोें पर मिलीभगत के आरोप लगते रहे हैं।
-- -- -
यदि किसी अधिकारी ने इस तरह की गड़बड़ी कराते हुए लैंड यूज बदलवाया है, यदि उसमें सहभागिता मिलती है तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई कराई जाएगी। - रवि कुमार एनजी सीईओ ग्रेनो प्राधिकरण
विज्ञापन
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बावजूद नहीं लग पा रही रोक
अवैध निर्माण पर गैंगस्टर में जेल भेजे जा चुके हैं कई आरोपी
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। सुप्रीम कोर्ट के रोक के बावजूद ग्रेनो वेस्ट के शाहबेरी में अवैध निर्माण जारी है। अवैध रूप से दुकानों का निर्माण कराने पर मेसर्स गणेश इंफाटेक के बिल्डर दिल्ली के आदर्श नगर के सचिन कंसल और बीटा-एक सेक्टर के अतुल जिंदल पर केस दर्ज किया गया है। बताया गया है कि यहां 20 से अधिक दुकानों का निर्माण किया गया है। आरोपी रात में निर्माण करा रहे हैं।
ग्रेनो प्राधिकरण के सहायक प्रबंधक नाजिम खान ने बिसरख कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई है। उनका आरोप है कि प्राधिकरण के अधिसूचित क्षेत्र में शाहबेरी गांव आता है। सुप्रीम कोर्ट ने यहां निर्माण आदि पर रोक लगाई हुई है। इसके बावजूद बिना प्राधिकरण की अनुमति के सचिन और अतुल यहां अवैध रूप से दुकानों का निर्माण कर रहे हैं। इन्हें अवैध निर्माण करने से कई बार रोका गया है, इसके बावजूद भी निर्माण में मशगूल थे।
विज्ञापन
बिसरख कोतवाली में मामले में आईपीसी की धारा-188 और 447 के अंतर्गत केस दर्ज किया गया है। शाहबेरी में पांच साल पहले दो अवैध भवन गिरने से नौ लोगों की मौत के बाद यहां 90 से अधिक अवैध निर्माण के केस दर्ज हो चुके हैं। कई बिल्डर व अन्य आरोपियों को गैंगस्टर आदि के केस में जेल भी भेजा गया है। लेकिन अब कुछ माह से अवैध निर्माण करने वालों पर हल्की धाराओं में केस दर्ज किया जा रहा है।
विज्ञापन
किसने बदला लैंडयूज
एफआईआर में नामजद किए गए आरोपियों पर लैंडयूज बदलकर अवैध निर्माण करने का आरोप लगाया गया है। सवाल यह उठता है कि लैंडयूज किसने बदलवाया। बिना प्राधिकरण के अधिकारियों की सहमति के शाहबेरी में लैंडयूज कैसे बदल गया। इससे पहले शाहबेरी में हुए अवैध निर्माण को लेकर भी अधिकारियोें पर मिलीभगत के आरोप लगते रहे हैं।
यदि किसी अधिकारी ने इस तरह की गड़बड़ी कराते हुए लैंड यूज बदलवाया है, यदि उसमें सहभागिता मिलती है तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई कराई जाएगी। - रवि कुमार एनजी सीईओ ग्रेनो प्राधिकरण