{"_id":"63d12cae46a5577c7608e21a","slug":"gurugram-bus-depot-will-get-189-e-ticketing-machines-na-news-c-1-1-229707-2023-01-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Noida News: गुरुग्राम बस डिपो को मिलेंगी 189 ई-टिकटिंग मशीन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Noida News: गुरुग्राम बस डिपो को मिलेंगी 189 ई-टिकटिंग मशीन
विज्ञापन
फोटो-03
मशीनों में किराया व किलोमीटर संबंधित डेटा किया जा रहा अपलोड
मशीन मिलने के बाद परिचालकों को टिकट पंचिंग से मिलेगा छुटकारा
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। गुरुग्राम बस डिपो के परिचालक यात्रियों को टिकट पंचिंग कर नहीं देंगे, बल्कि एक बटन दबाते ही टिकट बाहर आएगा। गुरुग्राम की रोडवेज बसों में जल्द ही ई-टिकट की सुविधा शुरू हो जाएगी। शहर से हरियाणा के विभिन्न जिलों व दूसरे प्रदेशों में जाने वाली रोडवेज बसों सहित लोकल रूरों पर चलने वाली बसों के किलोमीटर व उसके अनुसार किराया तय किया जा रहा है। गुरुग्राम बस डिपो को 189 इलेक्ट्रानिक टिकटिंग मशीन (ईटीएम) मिलेंगी। डिपो के दो परिचालक मनोज व संदीप बतौर यातायात निरीक्षक (टीआई) ई-टिकटिंग मशीनों में किलोमीटर व किराए संबंधित जानकारी देने के लिए गए हुए हैं।
मशीनों में रूट संबंधित जानकारी अपलोड होने के बाद यह मशीनें गुरुग्राम डिपो भेजी जाएंगी। मशीनों को चलाने के लिए परिचालकों को प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। प्रशिक्षण में बताया जाएगा कि रूटों पर किसी स्टॉपेज की टिकट निकालने के लिए कौन से बटन दबाने हैं, कागज का रोल कैसे डाला जाएगा, अगर ई-टिकटिंग मशीन में कोई दिक्कत आती है तो कैसे इसको ठीक किया जा सकता है।
रोडवेज अधिकारियों का कहना है कि ई-टिकटिंग प्रणाली से जहां परिचालकों को टिकट बनाने में कम समय लगेगा, वहीं किराया संबंधी परेशानी भी दूर होगी। गुरुग्राम बस डिपो में वर्तमान में विभिन्न रूटों पर 97 सामान्य रोडवेज बसें, छह वॉल्वो और किलोमीटर स्कीम के तहत 35 बसें चल रही हैं।
विज्ञापन
टिकट को लेकर समस्याएं होंगी दूर
ई-टिकटिंग मशीन परिचालकों को मिलने के बाद रोडवेज विभाग का टिकट छपवाने का खर्च कम करने में भी मदद मिलेगी। मशीन द्वारा एक प्रिंट पर कई लोगों के लिए एक टिकट निकाली जा सकती है। रूट पर यात्रियों की अलग-अलग टिकटों का संयोजन (जोड़) करने में परिचालक का समय भी बचेगा। अगर 6 सवारी एक साथ रोडवेज बस में सफर कर रही हैं तो परिचालक को अलग-अलग टिकट बनानी पड़ती हैं। टिकट बनाते समय कर रहित, कर सहित, सीटीयू व टोल टैक्स की अलग-अलग टिकटों का जोड़ करना पड़ता है जिससे परिचालक का टिकट काटने का समय व कागज दोनों की बर्बादी होती है। ई-टिकटिंग मशीन मिलने के बाद परिचालक जिस रूट पर क्लिक करेंगे, उसी रूट पर यात्री के उतरने वाले स्थान की टिकट प्रिंट होकर मशीन से बाहर आएंगी।
गुरुग्राम डिपो में 189 ई-टिकटिंग मशीन परिवहन विभाग की ओर से भेजी जानी हैं। गुरुग्राम डिपो के तहत चलने वाली रोडवेज बसों के किलोमीटर व किराए को मशीनों में अपलोड किया जा रहा है। जल्द ही यहां डिपो में यह मशीन पहुंचने की उम्मीद है। इसके लिए परिचालकों को भी प्रशिक्षण दिया जाएगा।
- राजबीर, मुख्य निरीक्षक (सीआई), गुरुग्राम बस डिपो
विज्ञापन
मशीनों में किराया व किलोमीटर संबंधित डेटा किया जा रहा अपलोड
मशीन मिलने के बाद परिचालकों को टिकट पंचिंग से मिलेगा छुटकारा
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। गुरुग्राम बस डिपो के परिचालक यात्रियों को टिकट पंचिंग कर नहीं देंगे, बल्कि एक बटन दबाते ही टिकट बाहर आएगा। गुरुग्राम की रोडवेज बसों में जल्द ही ई-टिकट की सुविधा शुरू हो जाएगी। शहर से हरियाणा के विभिन्न जिलों व दूसरे प्रदेशों में जाने वाली रोडवेज बसों सहित लोकल रूरों पर चलने वाली बसों के किलोमीटर व उसके अनुसार किराया तय किया जा रहा है। गुरुग्राम बस डिपो को 189 इलेक्ट्रानिक टिकटिंग मशीन (ईटीएम) मिलेंगी। डिपो के दो परिचालक मनोज व संदीप बतौर यातायात निरीक्षक (टीआई) ई-टिकटिंग मशीनों में किलोमीटर व किराए संबंधित जानकारी देने के लिए गए हुए हैं।
मशीनों में रूट संबंधित जानकारी अपलोड होने के बाद यह मशीनें गुरुग्राम डिपो भेजी जाएंगी। मशीनों को चलाने के लिए परिचालकों को प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। प्रशिक्षण में बताया जाएगा कि रूटों पर किसी स्टॉपेज की टिकट निकालने के लिए कौन से बटन दबाने हैं, कागज का रोल कैसे डाला जाएगा, अगर ई-टिकटिंग मशीन में कोई दिक्कत आती है तो कैसे इसको ठीक किया जा सकता है।
विज्ञापन
रोडवेज अधिकारियों का कहना है कि ई-टिकटिंग प्रणाली से जहां परिचालकों को टिकट बनाने में कम समय लगेगा, वहीं किराया संबंधी परेशानी भी दूर होगी। गुरुग्राम बस डिपो में वर्तमान में विभिन्न रूटों पर 97 सामान्य रोडवेज बसें, छह वॉल्वो और किलोमीटर स्कीम के तहत 35 बसें चल रही हैं।
विज्ञापन
टिकट को लेकर समस्याएं होंगी दूर
ई-टिकटिंग मशीन परिचालकों को मिलने के बाद रोडवेज विभाग का टिकट छपवाने का खर्च कम करने में भी मदद मिलेगी। मशीन द्वारा एक प्रिंट पर कई लोगों के लिए एक टिकट निकाली जा सकती है। रूट पर यात्रियों की अलग-अलग टिकटों का संयोजन (जोड़) करने में परिचालक का समय भी बचेगा। अगर 6 सवारी एक साथ रोडवेज बस में सफर कर रही हैं तो परिचालक को अलग-अलग टिकट बनानी पड़ती हैं। टिकट बनाते समय कर रहित, कर सहित, सीटीयू व टोल टैक्स की अलग-अलग टिकटों का जोड़ करना पड़ता है जिससे परिचालक का टिकट काटने का समय व कागज दोनों की बर्बादी होती है। ई-टिकटिंग मशीन मिलने के बाद परिचालक जिस रूट पर क्लिक करेंगे, उसी रूट पर यात्री के उतरने वाले स्थान की टिकट प्रिंट होकर मशीन से बाहर आएंगी।
गुरुग्राम डिपो में 189 ई-टिकटिंग मशीन परिवहन विभाग की ओर से भेजी जानी हैं। गुरुग्राम डिपो के तहत चलने वाली रोडवेज बसों के किलोमीटर व किराए को मशीनों में अपलोड किया जा रहा है। जल्द ही यहां डिपो में यह मशीन पहुंचने की उम्मीद है। इसके लिए परिचालकों को भी प्रशिक्षण दिया जाएगा।
- राजबीर, मुख्य निरीक्षक (सीआई), गुरुग्राम बस डिपो