Greater Noida: फर्जी वीजा से रह रहा चीनी नागरिक गर्लफ्रेंड सहित गिरफ्तार, बीटा-2 पुलिस ने गुरुग्राम से पकड़ा
गिरफ्तार आरोपी पर चीन से दो नागरिकों को अवैध तरीके से बुलाकर उनको ग्रेटर नोएडा के जेपी ग्रींस सोसाइटी में किराए पर फ्लैट पर ठहराने का भी आरोप है। सोमवार शाम चीनी नागरिक और उसकी भारतीय गर्लफ्रेंड से आईबी और लोकल इंटेलिजेंस पूछताछ कर रही है।
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फर्जी वीजा के सहारे दिल्ली-एनसीआर में टिके रहने के आरोपी को महिला मित्र सहित बीटा-2 थाना पुलिस ने गुरुग्राम के फाइव स्टार ताज होटल से गिरफ्तार किया है। शक है कि आरोपी देश में रहकर जासूसी कर रहा था।
उसपर चीन से दो नागरिकों को अवैध तरीके से बुलाकर उनको ग्रेटर नोएडा के जेपी ग्रींस सोसाइटी में किराए पर फ्लैट पर ठहराने का भी आरोप है। सोमवार शाम चीनी नागरिक और उसकी भारतीय गर्लफ्रेंड से आईबी और लोकल इंटेलिजेंस पूछताछ कर रही है। पुलिस ने उसके कब्जे से फर्जी वीजा और कई भारतीय सिम कार्ड भी बरामद की हैं।
तीन दिन पहले जासूसी के शक में पकड़े गए दोनों चीनी नागरिक लु लैंग और यू हेलंग के दोस्त सु फाई उर्फ काएला (36) को बीटा-2 थाना पुलिस ने नगालैंड के कोहिमा निवासी महिला मित्र पेटेख रेनुओ (22) के साथ गुरुग्राम के फाइव स्टार होटल से गिरफ्तार किया है। सु फाई चीन के झांग-गुआंग जिले का निवासी है।
खास बात यह है कि उसके वीजा की अवधि जुलाई 2020 में समाप्त हो गई थी। वीजा को फर्जी तरीके से प्रिंटर से कागज एडिट कर आरोपी बिना वीजा के जेपी ग्रींस सोसाइटी में किराए पर फ्लैट लेकर रह रहा था। पुलिस ने गुरुग्राम स्थित पांच सितारा होटल के कमरे से पकड़ा है।
जिस कमरे में दोनों ठहरे थे उसको सील कर दिया गया है। कमरे में चीनी नागरिक का लैपटाप व अन्य सामान बंद है। आईबी और लोकल इंटेलिजेंस इसकी जांच में अहम सुराग मिलने की संभावना है। हालांकि, पुलिस की गिरफ्त में आते ही चीनी युवक ने मोबाइल का पूरा डाटा डिलीट कर दिया है।
एसएसबी ने इंडो नेपाल बॉर्डर पर पकड़े थे दोनों चीनी नागरिक
दो चीनी नागरिक लु लैंग (30) और तो यूं हेलंग (34) को एसएसबी ने बिहार के इंडो-नेपाल बार्डर के नजदीक अवैध रूप से बॉर्डर पार करने की कोशिश में शनिवार को पकड़ा था। उन्हें वहां के सुरसंड थाना क्षेत्र में रखा गया है। पूछताछ में जानकारी मिली कि दोनों चीनी नागरिक अवैध रूप से काठमांडू के रास्ते देश में प्रवेश किया था। इस रूट की जानकारी सू फाई ने ही उन्हें दी थी। दोनों 25 मई को ग्रेटर नोएडा स्थित जेपी ग्रींस सोसाइटी में सु फाई के पास आए और 11 जून को गए। इस दौरान करीब 18 दिनों तक वह यहां रहे। तीनों पर ही जासूसी का शक होने पर खुफिया एजेंसियां जांच रही हैं।
भारतीयों के साथ मिलकर खोली थीं दो फैक्ट्रियां
पुलिस के अनुसार सु फाई नोएडा-ग्रेटर नोएडा में क्लब और कई फैक्टरियां संचालित कर रहा था। उसने भारतीय दोस्त रवि व नटवरलाल के साथ मिलकर मोबाइल की दो फैक्टरियां खोली थीं। एक गाजियाबाद व दूसरी नोएडा के सेक्टर-63 में है।
डेढ़ लाख रुपये प्रति माह किराया दे रहा था सु फाई
सु फाई जेपी ग्रींस सोसायटी के सन कोर्ट स्थित टी एक 401 फ्लैट में किराए पर रह रहा था। फ्लैट का किराया, बिजली बिल समेत करीब डेढ़ लाख रुपये है। आईबी और लोकल इंटेलिजेंस आरोपी और उसकी भारतीय गर्लफ्रेंड से पूछताछ कर रही है। वह तीन वर्ष से हिंदी भाषी क्षेत्र में रह रहा था। इसलिए उसे थोड़ी हिंदी आती है।
लोकल इंटेलिजेंस हुआ फेल
सु फाई एक वर्ष से अधिक समय से बिना वीजा का रह रहा है। वहीं, वह अपने यहां चीन से अवैध तरीके से अन्य नागरिकों को भी बुला लेता है। ऐसे में लोकल इंटेलिजेंस पूरी तरह से उसका पता लगाने में नाकाम रही है। यदि बिहार के सीतामढ़ी स्थित इंडो नेपाल बार्डर पर दोनों चीनी नागरिक न पकड़े जाते तो इनका खुलासा ही नहीं होता। इससे खुफिया तंत्र की कार्यशैली पर भी सवाल उठ रहे हैं।
बिहार के सीतामढ़ी स्थित इंडो-नेपाल बार्डर पर पकड़े गए चीनी नागरिकों को शरण देने वाले उसके दोस्त सु फाई को पकड़ लिया गया है। उससे पूछताछ की जा रही है।
- लव कुमार, अपर पुलिस आयुक्त, गौतमबुद्धनगर