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Noida News: सीएम की फटकार के बाद विद्युत निगम ने अवैध बताकर काटे 13 हजार कनेक्शन

Sat, 29 Aug 2026 08:52 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Sat, 29 Aug 2026 08:52 PM IST
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Following a reprimand from the CM, the electricity corporation disconnected 13,000 connections, deeming them illegal.
- सेक्टर-63 के बिजली सबस्टेशन क्षेत्र के चोटपुर, बहलोलपुर समेत आसपास के क्षेत्र में की कार्रवाई
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- लोगों ने किया विरोध, पुलिस बल के साथ पहुंची निगम की टीम
नंबर
16 से ज्यादा वर्षों से इसी तरह बिजली चल रही थी

माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। सीएम योगी की फटकार के बाद विद्युत निगम ने शनिवार को सेक्टर-63 बिजली सब स्टेशन क्षेत्र में 13 हजार घरों की बिजली काट दी। चोटपुर, बहलोलपुर समेत आसपास के क्षेत्र में बने घरों में लगे कनेक्शन को अवैध बताकर निगम की ओर से कार्रवाई की गई है। यहां निगम को यहां से करोड़ों रुपये का घाटा होता था। कनेक्शन से निगम को राजस्व प्राप्त नहीं होता था। कनेक्शन काटने का स्थानीय लोगों ने जमकर विरोध किया।
लखनऊ में हुई समीक्षा बैठक के बाद कार्रवाई की गई। डूब क्षेत्र में अवैध कनेक्शन होने का हवाला देकर निगम वर्षों से अपना पल्ला झाड़ता रहा है। शनिवार दोपहर निगम की टीम पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंची। मौके से 11 केवी और अन्य लाइनों को ट्रांसफार्मर से काटा गया। जो भी लाइन निगम की टीम ने काटी उसे छोड़ने के बजाय ट्रैक्टर ट्रॉली में भरकर साथ ले गई।
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छिजारसी के आसपास डूब क्षेत्र होने की वजह से कम दर में जमीन मिलने की वजह से बड़ी संख्या में यहां पर प्रवासी रहते हैं। वर्षों पहले यहां रहने आए लोगों ने किसी तरह मकान बनवाकर बिजली कनेक्शन भी ले लिया। अब शनिवार को पूरे क्षेत्र में आपूर्ति बंद हो गई। इसके बाद लोग सड़कों पर जमा हो गए और जमकर कार्रवाई का विरोध किया। मौके पर पुलिस बल ने तैनात रहकर स्थिति पर काबू पाए रखा।
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सिंडिकेट की जेब में जाते थे प्रतिमाह 1.7 करोड़ रुपये
करीब 16 वर्षों से छिजारसी के इस क्षेत्र में बिजली चल रही थी। निगम के मुताबिक सभी घर डूब क्षेत्र में बने हुए हैं। ऐसे में यहां पर जो भी बिजली उपयोग करते थे उन्हें अवैध बताया जाता था। हालांकि कई लोगों के पास बाकायदा कनेक्शन और मीटर भी थे। यहां फीडर संख्या-4 से पूरे क्षेत्र में बिजली पहुंचती थी। बिजली तो निगम की ओर से दी जाती थी लेकिन उसका भुगतान किसी और के पास पहुंचता था। क्षेत्र में बिजली देने और उससे राजस्व वसूलने का काम सिंडिकेट ने संभाला हुआ था। बिजली खपने का पैसा सिंडिकेट वसूलता था। करीब 13 हजार से ज्यादा कनेक्शन यहां पर चल रहे थे। जिनसे प्रतिमाह लगभग 1.7 करोड़ रुपये सिंडिकेट के खाते में जमा हाेते थे। इसकी जानकारी होने के बाद भी निगम की ओर से कार्रवाई नहीं की गई
समीक्षा बैठक में सामने आया मामला
बृहस्पतिवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में समीक्षा बैठक ली। जहां स्टेट ट्रांसफॉर्मेशन कमीशन के सीईओ मनोज कुमार सिंह ने छिजारसी क्षेत्र में हो रही बिजली चोरी का ब्योरा रखा। यहां बिजली देने की बात तो सामने आई लेकिन उसका राजस्व निगम को प्राप्त नहीं हो रहा था। जिसके बाद उत्तरप्रदेश पावर काॅरपोरेशन के अध्यक्ष आशीष गोयल से भी जवाब मांगा गया। मुख्यमंत्री ने नाराजगी जताते हुए तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए।


19 लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज
विद्युत निगम की ओर से देर शाम 19 के विरुद्ध एंटी पावर थेफ्ट थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। अभी तक तीन हजार अवैध कनेक्शन चिह्नित किए गए हैं। साथ ही अन्य अवैध कनेक्शन को चिह्नित किए जाने का सिलसिला जारी है। इसके अलावा मौके से 300 मीटर अवैध 11 केवीए प्राइमरी कंडक्टर और 10 ट्रांसफार्मर जब्त किए गए।


छिजारसी क्षेत्र में अवैध तरीके से बिजली उपयोग करने वालों पर कार्रवाई की गई। बिछाई गई लाइनें हटा दी गईं हैं जिससे दोबारा बिजली चोरी नहीं हो सके। साथ ही जो भी इस मामले में लिप्त हैं उनपर प्राथमिकी दर्ज कराई जा रही है। -उमेश सिंह यादव, अधीक्षण अभियंता वाणिज्यिक, विद्युत निगम।
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