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कपड़े के शोरूम में आग, महिला समेत तीन की मौत
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फरीदाबाद डबुआ कालोनी एएनडी कान्वेंट स्कूल में आग लगने से बेहोश हुई नीता को घर से निकाल कर लाते लो?
- फोटो : Faridabad
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फरीदाबाद। शहर में कपड़े के एक शोरूम में शनिवार सुबह शार्ट सर्किट से आग लग गई। इसका धुआं पूरी बिल्डिंग में फैल गया। शोरूम के ऊपर चलने वाले स्कूल में एक महिला और उसके दो बच्चों की धुएं से दम घुटने से मौत हो गई। पुलिस ने तीनों के शव का पोस्टमार्टम करा परिजनों को सौंप दिया है।
डबुआ कॉलोनी 33 फुट रोड पर विशाल उर्फ लच्छू भाटी का भारती क्लाथ हाउस के नाम से कपड़ों का शोरूम है। इसके ऊपर ही पहली और दूसरी मंजिल पर एएनडी कॉन्वेंट स्कूल है, जोकि उनकी पत्नी नीता (27) भाटी चलाती थीं। दूसरी मंजिल पर ही एक हिस्से में विशाल ने अपनी रिहायश भी कर रखी है, जहां वह पत्नी और दो बच्चों यशिका (8) और लक्की (5) के साथ रह रहे थे। विशाल ने बताया कि शनिवार सुबह करीब 7.15 बजे वह दूध लेने के लिए नीचे उतरा था। इस दौरान उसने देखा कि दुकान में से धुआं निकल रहा है और बिजली के मीटर में स्पार्किंग हो रही है। वह दौड़कर ऊपर गए और दुकान की चाबी ली। इस दौरान उन्होंने नीता से नीचे जाने के लिए कहा और खुद बच्चों को लेकर आने की बात कही।
नीता नहीं मानी और कहा कि वह खुद ही बच्चों को लेकर आ रही है। इस पर विशाल नीचे आ गए और दुकान खोली। विशाल अपनी कार भी दुकान के अंदर ही खड़ा करते हैं। उन्होंने तेजी से कार को बाहर निकाला। तब तक आग शोरूम में फैल चुकी थी, जबकि धुआं पूरी इमारत में भर चुका था।
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नीता ने धुएं से बचने को खुद को कमरे में बंद कर लिया था
भयंकर आग देखकर विशाल ने दोबारा ऊपर जाने की कोशिश की, मगर धुएं के कारण नहीं जा सका। उधर, नीता और बच्चों ने धुएं से बचने के लिए खुद को एक कमरे में बंद कर लिया। तब तक आसपास के काफी लोग मौके पर एकत्र हो चुके थे। लोगों ने भवन के पिछली तरफ से ऊपर जाकर मुमटी पर लगी सीमेंट की चादरों को तोड़ा तो धुआं बाहर निकलने लगा।
खिड़की तोड़कर तीनों को निकाला, डॉक्टरों ने मृत घोषित किया
धुआं हल्का होने पर भवन के पिछली तरफ बनी खिड़की को तोड़कर कुछ लोग अंदर दाखिल हुए और नीता, लक्की और यशिका को बेहोशी की हालत में नीचे लेकर आए। तीनों को फोर्टिस एस्कॉटर्स अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने तीनों के शवों का पोस्टमार्टम करवा शव परिजनों को सौंप दिए हैं।
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डबुआ कॉलोनी 33 फुट रोड पर विशाल उर्फ लच्छू भाटी का भारती क्लाथ हाउस के नाम से कपड़ों का शोरूम है। इसके ऊपर ही पहली और दूसरी मंजिल पर एएनडी कॉन्वेंट स्कूल है, जोकि उनकी पत्नी नीता (27) भाटी चलाती थीं। दूसरी मंजिल पर ही एक हिस्से में विशाल ने अपनी रिहायश भी कर रखी है, जहां वह पत्नी और दो बच्चों यशिका (8) और लक्की (5) के साथ रह रहे थे। विशाल ने बताया कि शनिवार सुबह करीब 7.15 बजे वह दूध लेने के लिए नीचे उतरा था। इस दौरान उसने देखा कि दुकान में से धुआं निकल रहा है और बिजली के मीटर में स्पार्किंग हो रही है। वह दौड़कर ऊपर गए और दुकान की चाबी ली। इस दौरान उन्होंने नीता से नीचे जाने के लिए कहा और खुद बच्चों को लेकर आने की बात कही।
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नीता नहीं मानी और कहा कि वह खुद ही बच्चों को लेकर आ रही है। इस पर विशाल नीचे आ गए और दुकान खोली। विशाल अपनी कार भी दुकान के अंदर ही खड़ा करते हैं। उन्होंने तेजी से कार को बाहर निकाला। तब तक आग शोरूम में फैल चुकी थी, जबकि धुआं पूरी इमारत में भर चुका था।
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नीता ने धुएं से बचने को खुद को कमरे में बंद कर लिया था
भयंकर आग देखकर विशाल ने दोबारा ऊपर जाने की कोशिश की, मगर धुएं के कारण नहीं जा सका। उधर, नीता और बच्चों ने धुएं से बचने के लिए खुद को एक कमरे में बंद कर लिया। तब तक आसपास के काफी लोग मौके पर एकत्र हो चुके थे। लोगों ने भवन के पिछली तरफ से ऊपर जाकर मुमटी पर लगी सीमेंट की चादरों को तोड़ा तो धुआं बाहर निकलने लगा।
खिड़की तोड़कर तीनों को निकाला, डॉक्टरों ने मृत घोषित किया
धुआं हल्का होने पर भवन के पिछली तरफ बनी खिड़की को तोड़कर कुछ लोग अंदर दाखिल हुए और नीता, लक्की और यशिका को बेहोशी की हालत में नीचे लेकर आए। तीनों को फोर्टिस एस्कॉटर्स अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने तीनों के शवों का पोस्टमार्टम करवा शव परिजनों को सौंप दिए हैं।