{"_id":"61609fed8ebc3e298800e821","slug":"blue-print-was-ready-to-cheat-thousands-by-making-virtual-coin-chain-noida-news-noi609401357","type":"story","status":"publish","title_hn":"वर्चुअल कॉइन चेन बनाकर हजारों को ठगने का तैयार था ब्लू प्रिंट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
वर्चुअल कॉइन चेन बनाकर हजारों को ठगने का तैयार था ब्लू प्रिंट
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नोएडा (सुशांत समदर्शी)। शाइन सिटी प्रोजेक्ट के नाम पर करोड़ों रुपये ठगने वाले आरोपियों ने वर्चुअल कॉइन केक चेन बनाकर हजारों लोगों से पैसे ऐंठने का ब्लू प्रिंट तैयार कर रखा था। एक साल में पैसे दोगुना करने के नाम पर करोड़ों रुपये ठगकर विदेश भागने की साजिश के तहत पार्क एसेंट होटल में एजेंट बनाने के लिए बृहस्पतिवार को भव्य आयोजन किया गया था।
होटल में करीब 80 लोग शामिल थे। इसमें गिरफ्तार किए गए लोगों के अलावा सभी एजेंट व निवेशक थे। आरोपियों ने कॉइन केक खरीदने के लिए 1500, 2500, 5000 और 10 हजार कॉइन का पैकेज तैयार किया था। एक कॉइन की कीमत पांच रुपये थी। लॉंचिंग से पहले ही आरोपियों ने 50 लाख रुपये जमा भी करा लिए थे। होटल में आयोजित पार्टी के लिए तीन लाख रुपये खर्च किए गए थे। इसमें सभी को इन पैकेज के बारे में बताया जाना था। साथ ही, पोंजी स्कीम की तरह एक चेन बनाने का भी पैकेज था। इसके तहत अगर कोई निवेशक कॉइन केक खरीदकर लोगों को जोड़कर चेन बनाता तो उसे 10 से 15 फीसदी तक अतिरिक्त पैसे दिए जाते। पूछताछ में पता चला कि धीरे-धीरे आगे की पार्टी में बॉलीवुड स्टार को भी बुलाया जाना था।
शाइन सिटी की विक्रांत टीम की थी साजिश
शाइन सिटी प्रोजेक्ट फर्जीवाड़े के मुख्य आरोपी राशिद नसीम ने ठगी के लिए कई टीमें बनाई थीं। इसमें आईएनएस विक्रांत के नाम पर विक्रांत टीम, जगुआर टीम आदि नाम शामिल थे। वर्चुअल कॉइन फर्जीवाड़े की साजिश विक्रांत टीम के पूर्व सीनियर मैनेजर विक्रम सिंह यादव की थी। विक्रम ने ही इस पूरे फर्जीवाड़े की स्क्रिप्ट अन्य लोगों के साथ मिलकर लिखी और कॉइन केक बेचने लगा।
विज्ञापन
शाइन सिटी का मुख्य आरोपी पहले भी लांच कर चुका है वर्चुअल कॉइन
राशिद वर्ष 2019 में कंपनी बंदकर देश छोड़कर भाग गया था। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ में पता चला कि राशिद फिलहाल दुबई में है। उसने पहले भी शाइन वर्चुअल कॉइन को लांच किया था। इसमें सैकड़ों लोगों से करोड़ों ठगे गए थे। राशिद ने ही आरोपियों को बताया था कि वर्चुअल करेंसी में भविष्य है और इसमें प्रलोभन देकर करोड़ों रुपये ठगे जा सकते हैं।
वर्चुअल कॉइन लांच कर एजेंट बनाने के दौरान एसटीएफ की टीम ने इस फर्जीवाड़े का खुलासा किया है। इसमें आरोपी अलग-अलग पैकेज व मल्टीपल चेन बनाकर करोड़ों की ठगी को अंजाम देने वाले थे।
- हेमराज मीणा, एसएसपी, एसटीएफ
विज्ञापन
होटल में करीब 80 लोग शामिल थे। इसमें गिरफ्तार किए गए लोगों के अलावा सभी एजेंट व निवेशक थे। आरोपियों ने कॉइन केक खरीदने के लिए 1500, 2500, 5000 और 10 हजार कॉइन का पैकेज तैयार किया था। एक कॉइन की कीमत पांच रुपये थी। लॉंचिंग से पहले ही आरोपियों ने 50 लाख रुपये जमा भी करा लिए थे। होटल में आयोजित पार्टी के लिए तीन लाख रुपये खर्च किए गए थे। इसमें सभी को इन पैकेज के बारे में बताया जाना था। साथ ही, पोंजी स्कीम की तरह एक चेन बनाने का भी पैकेज था। इसके तहत अगर कोई निवेशक कॉइन केक खरीदकर लोगों को जोड़कर चेन बनाता तो उसे 10 से 15 फीसदी तक अतिरिक्त पैसे दिए जाते। पूछताछ में पता चला कि धीरे-धीरे आगे की पार्टी में बॉलीवुड स्टार को भी बुलाया जाना था।
विज्ञापन
शाइन सिटी की विक्रांत टीम की थी साजिश
शाइन सिटी प्रोजेक्ट फर्जीवाड़े के मुख्य आरोपी राशिद नसीम ने ठगी के लिए कई टीमें बनाई थीं। इसमें आईएनएस विक्रांत के नाम पर विक्रांत टीम, जगुआर टीम आदि नाम शामिल थे। वर्चुअल कॉइन फर्जीवाड़े की साजिश विक्रांत टीम के पूर्व सीनियर मैनेजर विक्रम सिंह यादव की थी। विक्रम ने ही इस पूरे फर्जीवाड़े की स्क्रिप्ट अन्य लोगों के साथ मिलकर लिखी और कॉइन केक बेचने लगा।
विज्ञापन
शाइन सिटी का मुख्य आरोपी पहले भी लांच कर चुका है वर्चुअल कॉइन
राशिद वर्ष 2019 में कंपनी बंदकर देश छोड़कर भाग गया था। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ में पता चला कि राशिद फिलहाल दुबई में है। उसने पहले भी शाइन वर्चुअल कॉइन को लांच किया था। इसमें सैकड़ों लोगों से करोड़ों ठगे गए थे। राशिद ने ही आरोपियों को बताया था कि वर्चुअल करेंसी में भविष्य है और इसमें प्रलोभन देकर करोड़ों रुपये ठगे जा सकते हैं।
वर्चुअल कॉइन लांच कर एजेंट बनाने के दौरान एसटीएफ की टीम ने इस फर्जीवाड़े का खुलासा किया है। इसमें आरोपी अलग-अलग पैकेज व मल्टीपल चेन बनाकर करोड़ों की ठगी को अंजाम देने वाले थे।
- हेमराज मीणा, एसएसपी, एसटीएफ