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Noida News: प्रदूषण नियंत्रण को लेकर पटाखों की बिक्री व इस्तेमाल पर रोक
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प्रदूषण नियंत्रण को लेकर पटाखों की बिक्री व इस्तेमाल पर रोक
- जिलाधीश ने जारी किए आदेश, एक नवंबर 2023 से 31 जनवरी 2024 तक प्रभावी रहेंगे
- दीपावली, क्रिसमस व नववर्ष पर केवल ग्रीन पटाखों का कर सकेंगे इस्तेमाल
संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह। प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए जिला में पटाखों के भंडारण, बिक्री व इस्तेमाल (ग्रीन पटाखों को छोडक़र) पर रोक लगाने के आदेश जिलाधीश एवं उपायुक्त धीरेंद्र खड़गटा ने जारी किए है। इसमें फ्लिपकार्ट, अमेजॉन आदि ई-कॉमर्स कम्पनियों को पटाखों के किसी भी ऑनलाइन ऑर्डर को स्वीकार करने की मनाही की गई है। यह आदेश जिला में पहली नवम्बर, 2023 से लागू होकर 31 जनवरी 2024 तक प्रभावी रहेंगे।
जिलाधीश ने पटाखों के उत्पादन, भण्डारण तथा बिक्री को लेकर विस्फोटक पदार्थ अधिनियम 1884 और विस्फोटक पदार्थ नियम 2008 के तहत आदेश जारी किए हैं। इसकी पालना सुनिश्चित करवाने की जिम्मेदारी नूंह पुलिस, नगर पालिका नूंह को भी दी गई है। थाना प्रभारी, नगर पालिका के अधिकारीगण, खण्ड विकास एवं पंचायत अधिकारी तथा तहसीलदार अपने-अपने कार्यक्षेत्र में एक-दूसरे से तालमेल करके इन आदेशों को सख्ती से लागू करवाएंगे। आदेशों को लागू करने वाले सभी अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे प्रतिदिन की पालना रिपोर्ट उपायुक्त को नियमित रूप से भेजेंगे। जारी आदेशों में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारियों को भी हिदायत दी गई है कि वे नियमित रूप से वायु की गुणवत्ता पर निगरानी रखेंगे।
सर्वोच्च न्यायालय की हिदायतों के अनुसार जिला में कम प्रदूषण फैलाने वाले ग्रीन पटाखें ही लाइसेंस प्राप्त व्यापारियों के माध्यम से बेचे जा सकते हैं। अन्य पटाखों तथा लकड़ी के उत्पादन, बिक्री तथा प्रयोग पर पूर्णत: प्रतिबंध लगा दिया गया है, क्योंकि इनसे बहुत ज्यादा वायु तथा ध्वनि प्रदूषण होता है और ठोस कचरा संबंधी समस्याएं भी होती हैं। ये पटाखें भी केवल दीपावली पर्व के दिन सांय 8 बजे से रात्रि 10 बजे तक व क्रिसमस व नववर्ष के अवसर पर रात्रि 11 बजकर 55 मिनट से लेकर रात्रि 12 बजकर 30 मिनट तक चलाने की अनुमति होगी। आदेशों का उल्लंघन करते पाए जाने पर दण्ड प्रक्रिया अधिनियम तथा विस्फोटक पदार्थ अधिनियम 1884 की विभिन्न धाराओं के तहत कानूनी कार्यवाही करके दण्डित किया जाएगा।
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- जिलाधीश ने जारी किए आदेश, एक नवंबर 2023 से 31 जनवरी 2024 तक प्रभावी रहेंगे
- दीपावली, क्रिसमस व नववर्ष पर केवल ग्रीन पटाखों का कर सकेंगे इस्तेमाल
संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह। प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए जिला में पटाखों के भंडारण, बिक्री व इस्तेमाल (ग्रीन पटाखों को छोडक़र) पर रोक लगाने के आदेश जिलाधीश एवं उपायुक्त धीरेंद्र खड़गटा ने जारी किए है। इसमें फ्लिपकार्ट, अमेजॉन आदि ई-कॉमर्स कम्पनियों को पटाखों के किसी भी ऑनलाइन ऑर्डर को स्वीकार करने की मनाही की गई है। यह आदेश जिला में पहली नवम्बर, 2023 से लागू होकर 31 जनवरी 2024 तक प्रभावी रहेंगे।
जिलाधीश ने पटाखों के उत्पादन, भण्डारण तथा बिक्री को लेकर विस्फोटक पदार्थ अधिनियम 1884 और विस्फोटक पदार्थ नियम 2008 के तहत आदेश जारी किए हैं। इसकी पालना सुनिश्चित करवाने की जिम्मेदारी नूंह पुलिस, नगर पालिका नूंह को भी दी गई है। थाना प्रभारी, नगर पालिका के अधिकारीगण, खण्ड विकास एवं पंचायत अधिकारी तथा तहसीलदार अपने-अपने कार्यक्षेत्र में एक-दूसरे से तालमेल करके इन आदेशों को सख्ती से लागू करवाएंगे। आदेशों को लागू करने वाले सभी अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे प्रतिदिन की पालना रिपोर्ट उपायुक्त को नियमित रूप से भेजेंगे। जारी आदेशों में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारियों को भी हिदायत दी गई है कि वे नियमित रूप से वायु की गुणवत्ता पर निगरानी रखेंगे।
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सर्वोच्च न्यायालय की हिदायतों के अनुसार जिला में कम प्रदूषण फैलाने वाले ग्रीन पटाखें ही लाइसेंस प्राप्त व्यापारियों के माध्यम से बेचे जा सकते हैं। अन्य पटाखों तथा लकड़ी के उत्पादन, बिक्री तथा प्रयोग पर पूर्णत: प्रतिबंध लगा दिया गया है, क्योंकि इनसे बहुत ज्यादा वायु तथा ध्वनि प्रदूषण होता है और ठोस कचरा संबंधी समस्याएं भी होती हैं। ये पटाखें भी केवल दीपावली पर्व के दिन सांय 8 बजे से रात्रि 10 बजे तक व क्रिसमस व नववर्ष के अवसर पर रात्रि 11 बजकर 55 मिनट से लेकर रात्रि 12 बजकर 30 मिनट तक चलाने की अनुमति होगी। आदेशों का उल्लंघन करते पाए जाने पर दण्ड प्रक्रिया अधिनियम तथा विस्फोटक पदार्थ अधिनियम 1884 की विभिन्न धाराओं के तहत कानूनी कार्यवाही करके दण्डित किया जाएगा।
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