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इलाज में लापरवाही से महिला की मौत का आरोप
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नूंह। शहीद हसन खां नलहड़ मेवाती मेडिकल कॉलेज में भर्ती एक महिला की मौत हो गई। इस मामले में महिला के बेटे पलवल के हथीन कस्बे के वार्ड-2, मोहल्ला-बासजटवाड़ा निवासी हेमंत ने इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए प्रदेश के मुख्यमंत्री, स्वास्थ्य मंत्री, विजिलेंस, उपायुक्त और पुलिस कप्तान को शिकायत दी है।
हेमंत ने बताया कि उनकी मां माया देवी (59) की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी। उन्होंने पहले पलवल के निजी अस्पताल में इलाज कराया था। मां की तबीयत ज्यादा खराब होने पर 22 मई को उन्हें मेडिकल कॉलेज लेकर आए थे। यहां डॉक्टरों ने उन्हें आईसीयू में बेड नंबर 13 पर भर्ती किया था। 23 मई की रात उनका छोटा भाई दिनेश मां के साथ अस्पताल परिसर में मौजूद रहा। तभी मां तबियत खराब हो गई। उन्होंने डॉक्टरों को सूचना दी। तभी नर्सिंग स्टाफ ने वहां आकर देखा कि जिस वेंटिलेटर पर उनकी मां को रखा था, वह बंद पड़ा था। उनकी मां के दोनों हाथों को बांधा हुआ था।
उन्होंने आरोप लगाया कि वेंटिलेटर के बंद होने से ही उनकी मां की मौत हुई है। उन्होंने जब इस बारे में डॉक्टरों से बात की तो उनसे दुर्व्यवहार किया गया। परिजनों ने बताया कि जब वह बाहर आए तो वहां मौजूद लोगों ने बताया कि बेड नंबर 13 पर वेंटिलेटर बंद होने से कई मरीजों की मौत हो चुकी है। हेमंत का कहना है कि उनकी मां की कोरोना रिपोर्ट भी निगेटिव आई थी। उन्होंने ट्विटर पर मुख्यमंत्री से भी शिकायत की है। इस बारे में मेडिकल कॉलेज के सुपरिटेंडेंट डॉ महासिंह का कहना है कि शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
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हेमंत ने बताया कि उनकी मां माया देवी (59) की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी। उन्होंने पहले पलवल के निजी अस्पताल में इलाज कराया था। मां की तबीयत ज्यादा खराब होने पर 22 मई को उन्हें मेडिकल कॉलेज लेकर आए थे। यहां डॉक्टरों ने उन्हें आईसीयू में बेड नंबर 13 पर भर्ती किया था। 23 मई की रात उनका छोटा भाई दिनेश मां के साथ अस्पताल परिसर में मौजूद रहा। तभी मां तबियत खराब हो गई। उन्होंने डॉक्टरों को सूचना दी। तभी नर्सिंग स्टाफ ने वहां आकर देखा कि जिस वेंटिलेटर पर उनकी मां को रखा था, वह बंद पड़ा था। उनकी मां के दोनों हाथों को बांधा हुआ था।
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उन्होंने आरोप लगाया कि वेंटिलेटर के बंद होने से ही उनकी मां की मौत हुई है। उन्होंने जब इस बारे में डॉक्टरों से बात की तो उनसे दुर्व्यवहार किया गया। परिजनों ने बताया कि जब वह बाहर आए तो वहां मौजूद लोगों ने बताया कि बेड नंबर 13 पर वेंटिलेटर बंद होने से कई मरीजों की मौत हो चुकी है। हेमंत का कहना है कि उनकी मां की कोरोना रिपोर्ट भी निगेटिव आई थी। उन्होंने ट्विटर पर मुख्यमंत्री से भी शिकायत की है। इस बारे में मेडिकल कॉलेज के सुपरिटेंडेंट डॉ महासिंह का कहना है कि शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
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