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Noida News: 71 लोगों ने जीवन बचाने के लिए किया महादान
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-कैलाश नर्सिंग इंस्टीट्यूट और अमर उजाला फाउंडेशन के संयुक्त तत्वाधान में लगाया गया रक्तदान शिविर
-जिम्स अस्पताल के चिकित्सकों की टीम ने किया सहयोग
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। विश्व रक्तदाता दिवस के मौके पर कैलाश इंस्टीट्यूट ऑफ नर्सिंग एंड पैरा मेडिकल साइंस और अमर उजाला फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में नर्सिंग इंस्टीट्यूट के विद्यार्थियों, शिक्षकों और कर्मियों ने उत्साह से रक्तदान में हिस्सा लिया। राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान (जिम्स) के चिकित्सकों की टीम ने शिविर में 71 यूनिट रक्त एकत्र किया।
शिविर में मुख्य अतिथि नर्सिंग इंस्टीट्यूट के निदेशक संदीप गोयल ने रक्तदान कर शिविर का उद्घाटन किया। उन्होने कहा कि वर्तमान में रक्तदान के लिए लोगों में भ्रांतियां फैली हैं। इसके लिए समाज में जागरूकता फैलाने की बड़ी आवश्यकता है। उन्होंने बताया कि अमर उजाला न केवल जागरूकता मुहिम को आगे बढ़ा रहा है बल्कि अपनी इस मुहिम से हजारों जिंदगियों को भी बचा रहा है। शिविर में राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान के ब्लड बैंक प्रभारी डॉ. शालिनी बहादुर के नेतृत्व में अस्पताल के डॉक्टरों, नर्सिंग समेत अन्य टीम ने रक्तदान कराने में सहयोग किया। इस मौके पर हिमोग्लोबिन, उच्च रक्तचाप की जांच की गई। शिविर में कुल 80 लोगों ने रक्तदान के लिए पंजीकरण कराया, लेकिन 71 लोग ही रक्तदान के लिए उपयुक्त पाए गए।
डॉ. शालिनी बहादुर ने बताया कि 71 यूनिट रक्तदान का उपयोग कर इसके अलग-अलग तत्वों का उपयोग किया जा सकता है। इससे निकाली जाने वाली लाल रक्त कोशिकाओं को रक्त की कमी होने वाले मरीजों को देकर उनकी जान बचाई जा सकती है। इसके अलावा प्लेटलेट्स और प्लाज्मा को आपातकालीन स्थिति में देकर मरीजों की जान बचाई जा सकती है। इस अवसर पर कॉलेज के एचओडी डॉ. सगुन अग्रवाल, प्रशासनिक अधिकारी धनेश शर्मा, गौरव कुमार, प्रसिद्ध पाठक और दीक्षा शर्मा ने अहम योगदान दिया। वहीं, जिम्स की टीम में टेक्निकल सुपरिटेंडेंट धीरज कुमार और अमित भाटी समेत काफी लोग मौजूद रहे।
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शहर में कई स्थानों पर हुआ रक्तदान शिविर
शहर में कई स्थानों पर रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। शारदा इंस्टीट्यूट में आयोजित स्वैच्छिक रक्तदान शिविर में 85 लोगों ने रक्त दान किया। अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. एके गडपायले ने बताया कि रक्तदान को महादान कहा जाता है, क्योंकि इससे लोगों को नया जीवन मिलता है। डॉ. ज्योति मिश्रा, डॉ. नीमा तिवारी सहित लोग उपस्थित थे। दूसरी तरफ, आईटीएस डेंटल कॉलेज हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर में रोटरी क्लब के सहयोग से 100 विद्यार्थियों, शिक्षकों और कर्मियों ने रक्तदान किया। इस मौके पर फिट नहीं होने के कारण बहुत से विद्यार्थी रक्तदान नहीं कर पाए। संस्थान के प्रधानाचार्य डॉ. सचित आनंद अरोड़ा ने कहा रक्तदान से किसी भी तरह कोई नुकसान नहीं होता है।
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-जिम्स अस्पताल के चिकित्सकों की टीम ने किया सहयोग
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। विश्व रक्तदाता दिवस के मौके पर कैलाश इंस्टीट्यूट ऑफ नर्सिंग एंड पैरा मेडिकल साइंस और अमर उजाला फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में नर्सिंग इंस्टीट्यूट के विद्यार्थियों, शिक्षकों और कर्मियों ने उत्साह से रक्तदान में हिस्सा लिया। राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान (जिम्स) के चिकित्सकों की टीम ने शिविर में 71 यूनिट रक्त एकत्र किया।
शिविर में मुख्य अतिथि नर्सिंग इंस्टीट्यूट के निदेशक संदीप गोयल ने रक्तदान कर शिविर का उद्घाटन किया। उन्होने कहा कि वर्तमान में रक्तदान के लिए लोगों में भ्रांतियां फैली हैं। इसके लिए समाज में जागरूकता फैलाने की बड़ी आवश्यकता है। उन्होंने बताया कि अमर उजाला न केवल जागरूकता मुहिम को आगे बढ़ा रहा है बल्कि अपनी इस मुहिम से हजारों जिंदगियों को भी बचा रहा है। शिविर में राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान के ब्लड बैंक प्रभारी डॉ. शालिनी बहादुर के नेतृत्व में अस्पताल के डॉक्टरों, नर्सिंग समेत अन्य टीम ने रक्तदान कराने में सहयोग किया। इस मौके पर हिमोग्लोबिन, उच्च रक्तचाप की जांच की गई। शिविर में कुल 80 लोगों ने रक्तदान के लिए पंजीकरण कराया, लेकिन 71 लोग ही रक्तदान के लिए उपयुक्त पाए गए।
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डॉ. शालिनी बहादुर ने बताया कि 71 यूनिट रक्तदान का उपयोग कर इसके अलग-अलग तत्वों का उपयोग किया जा सकता है। इससे निकाली जाने वाली लाल रक्त कोशिकाओं को रक्त की कमी होने वाले मरीजों को देकर उनकी जान बचाई जा सकती है। इसके अलावा प्लेटलेट्स और प्लाज्मा को आपातकालीन स्थिति में देकर मरीजों की जान बचाई जा सकती है। इस अवसर पर कॉलेज के एचओडी डॉ. सगुन अग्रवाल, प्रशासनिक अधिकारी धनेश शर्मा, गौरव कुमार, प्रसिद्ध पाठक और दीक्षा शर्मा ने अहम योगदान दिया। वहीं, जिम्स की टीम में टेक्निकल सुपरिटेंडेंट धीरज कुमार और अमित भाटी समेत काफी लोग मौजूद रहे।
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शहर में कई स्थानों पर हुआ रक्तदान शिविर
शहर में कई स्थानों पर रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। शारदा इंस्टीट्यूट में आयोजित स्वैच्छिक रक्तदान शिविर में 85 लोगों ने रक्त दान किया। अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. एके गडपायले ने बताया कि रक्तदान को महादान कहा जाता है, क्योंकि इससे लोगों को नया जीवन मिलता है। डॉ. ज्योति मिश्रा, डॉ. नीमा तिवारी सहित लोग उपस्थित थे। दूसरी तरफ, आईटीएस डेंटल कॉलेज हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर में रोटरी क्लब के सहयोग से 100 विद्यार्थियों, शिक्षकों और कर्मियों ने रक्तदान किया। इस मौके पर फिट नहीं होने के कारण बहुत से विद्यार्थी रक्तदान नहीं कर पाए। संस्थान के प्रधानाचार्य डॉ. सचित आनंद अरोड़ा ने कहा रक्तदान से किसी भी तरह कोई नुकसान नहीं होता है।