फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Noida News ›   3 gang miscreants arrested including Sundar Bhati's nephew

सुंदर भाटी का भतीजा अनिल भाटी समेत गैंग के तीन गिरफ्तार

Tue, 26 Nov 2019 01:27 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Tue, 26 Nov 2019 01:27 AM IST
विज्ञापन
3 gang miscreants arrested including Sundar Bhati's nephew
सुंदर भाटी के भतीजे सहित गिरोह के 3 बदमाश गिरफ्तार
विज्ञापन

ग्रेटर नोएडा। सुंदर भाटी के नाम से खौफ दिखाकर क्षेत्र की विभिन्न फैक्ट्रियों और कंपनियों में ट्रक लगवाने, पार्किंग और स्क्रैप का ठेका हथियाने वाले तीन बदमाशों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। इनमें सुंदर भाटी भतीजा 25 हजार का इनामी अनिल भाटी भी शामिल है। अनिल ओप्पो कंपनी के गार्ड की हत्या के मामले में फरार चल रहा था। उनके कब्जे से पुलिस ने बुलेट प्रूफ फॉर्च्यूनर, दस ट्रक, स्कॉर्पियो, रंगदारी से प्राप्त 40 हजार रुपये, एक पिस्टल और छह मोबाइल बरामद किए हैं। आरोपियों ने पूछताछ में गिरोह में शामिल चार और बदमाशों के नाम बताए हैं। इनमें से एक सुंदर भाटी हमीरपुर जेल में बंद है, जबकि अन्य तीन को पुलिस तलाश रही है।
एसएसपी वैभव कृष्ण ने बताया कि बीते दिनों ईकोटेक-1 कोतवाली क्षेत्र स्थित जुबलियंट फैक्ट्री में घुसकर बदमाशों ने रंगदारी मांगी थी। ट्रांसपोर्ट का ठेका हथियाने के लिए सुंदर भाटी का नाम लेकर फैक्ट्री प्रबंधन पर दबाव बनाया था। बात न मानने पर अंजाम भुगतने की धमकी दी थी। शिकायत पर मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की तो पता चला कि मामले में सुंदर भाटी गिरोह के बदमाश शामिल हैं। यह गिरोह अन्य कंपनी और फैक्ट्रियों से भी रंगदारी वसूलने, जबरन गाड़ी लगाने और ठेके आदि कब्जाने का काम कर रहा है। पुलिस और स्टार-2 टीम बदमाशों की तलाश में जुट गई और तीन बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया गया। उनकी 25 हजार रुपये के इनामी खानपुर गांव निवासी अनिल भाटी, लडपुरा निवासी सुमित भाटी और देवला निवासी प्रवीण के रूप में हुई। तीन फरार आरोपियों खानपुर निवासी मोहित भाटी, घंघोला निवासी शेरू भाटी और दिनेश उर्फ दिन्ने की तलाश में पुलिस जुटी है।
विज्ञापन

पेशी पर आए सुंदर भाटी से दिलाई धमकी
जानकारी के अनुसार सुमित भाटी चाहता था कि उसे जुबलियंट फैक्ट्री में ट्रांसपोर्ट का ठेका मिल जाए। इसके लिए उसने सुंदर को 50 हजार रुपये पहुंचाए थे। सुंदर भाटी के पेशी पर आने के दौरान आरोपियों ने व्हाट्सऐप से कॉल कर कंपनी प्रबंधन को धमकी दिलाई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

कैसे बुलेट प्रूफ कराई फॉर्च्यूनर
जानकारों की मानें तो किसी भी वाहन को बुलेट प्रूफ कराना आसान नहीं है। इसके लिए पुलिस-प्रशासन की जांच के अलावा बड़े स्तर से मंजूरी की जरूरत होती है। ऐसे में यह बड़ा सवाल है कि अनिल भाटी ने फॉर्च्यूनर को बुलेट प्रूफ कैसे करा लिया? हालांकि पुलिस का कहना है कि फॉर्च्यूनर को नियम विरुद्ध बुलेट प्रूफ कराया गया है।

जेल से बाहर आकर फिर आपराधिक गतिविधियों में लिप्त
16 नवंबर 2017 को दिनदहाड़े भाजपा नेता शिव कुमार यादव, उनके चालक बलीनाथ और सुरक्षाकर्मी रईसपाल की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। हत्या की साजिश में शामिल अनिल भाटी को दिसंबर 2017 में पुलिस ने गिरफ्तार किया था। तीन महीने पहले ही वह जमानत पर जेल से बाहर आया और फिर से आपराधिक वारदात में लिप्त हो गया। अनिल भाटी के जेल जाने के दौरान शेरू इस गोरखधंधे को संभाल रहा था। शेरू, अनिल भाटी के ताऊ का बेटा बताया जाता है। इसी गिरोह ने ठेका कब्जाने के लिए ओप्पो कंपनी पर फायरिंग कराई थी। इसमें एक गार्ड की हत्या हुई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed