फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Noida News ›   26.8 km long BRT corridor to be built from Pari Chowk to Noida Airport

Noida News: परी चौक से नोएडा एयरपोर्ट तक बनेगा 26.8 किमी लंबा बीआरटी कॉरिडोर

Mon, 12 Jun 2023 11:40 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Mon, 12 Jun 2023 11:40 PM IST
विज्ञापन
26.8 km long BRT corridor to be built from Pari Chowk to Noida Airport
परी चौक से नोएडा एयरपोर्ट तक बनेगा 26.8 किमी लंबा बीआरटी कॉरिडोर
विज्ञापन


- डीपीआर के लिए कंपनी का चयन -दो माह में देनी होगी यीडा को रिपोर्ट
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। यमुना प्राधिकरण (यीडा) जेवर में निर्माणाधीन अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से ग्रेनो के परी चौक ग्रेनो तक बस रैपिड ट्रांजिट (बीआरटी) कॉरिडोर बनाएगा। यमुना एक्सप्रेस के किनारे बनने वाले करीब 26.8 किमी लंबे कॉरिडोर से फिल्म सिटी और यीडा के सेक्टरों से भी जोड़ा जाएगा। इससे ग्रेटर नोएडा से एयरपोर्ट के अलावा यीडा के औद्योगिक, संस्थागत और आवासीय सेक्टरों तक पहुंच आसान होगी। यीडा ने प्रोजेक्ट की विस्तृत रिपोर्ट (डीपीआर)बनाने के लिए राइटस लिमिटेड का चयन किया है। कंपनी दो माह में डीपीआर बनाकर यीडा को सौंपेगी।
यीडा एयरपोर्ट तक यात्रियों को दिल्ली, नोएडा और ग्रेटर नोएडा से कम समय में पहुंचाने के लिए हर संभव प्रयास कर रहा है। दिल्ली से हाईस्पीड मेट्रो के लिए डीपीआर और रूट तैयार किया जा चुका है। एयरपोर्ट को दिल्ली मुंबई एक्सप्रेसवे और यमुना एक्सप्रेसवे से जोड़ने के लिए केएमपी लिंक से 33 किमी का ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे का निर्माण जारी है। इसमें यूपी का 9 किमी का हिस्सा आ रहा है। इसी ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस वे पर 30 किमी माइल स्टोन पर इंटरचेंज बनाकर यमुना एक्सप्रेसवे को भी जोड़ा जाएगा। वहीं बुलंदशहर के चोला से रेलवे मार्ग से जेवर एयरपोर्ट को जोड़ने पर सहमति बन गई है। शासन से भी जल्द ही मंजूरी मिल जाएगी। इसके अलावा वहीं से सड़क मार्ग के द्वारा भी नोएडा एयरपोर्ट को जोड़ा जाएगा।
विज्ञापन

ओएसडी शैलेंद्र भाटिया ने बताया कि ग्रेटर नोएडा से यीडा के आवासीय, औद्योगिक और संस्थागत सेक्टरों को जोड़ने के लिए बीआरटी कॉरिडोर बनाया जाएगा। परिवहन व्यवस्था को मजबूत करने के लिए जेवर एयरपोर्ट से सटे एमआरओ (प्रस्तावित) से परी चौक तक 26.8 किमी लंबा कॉरिडोर बनाया जाएगा। सेक्टर की 45 मीटर चौड़ी रोड से कॉरिडोर को जोड़ा जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


कॉरिडोर पर चलेगी ट्राम या बस, 14 को फैसला
मुख्य सचिव 14 जून को लखनऊ में बीआरटी कॉरिडोर से जुड़ी अहम बैठक करेंगे। इसमें कॉरिडोर पर ट्राम या बस चालने का निर्णय लिया जाएगा। अधिकारियों के मुताबिक बीआरटी परियोजना पीपीपी मॉडल पर विकसित की जाएगी।

क्या है बस रैपिड ट्रांजिट सिस्टम?

बस रैपिड ट्रांजिट (बीआरटी) बेहतर गुणवत्ता वाली यातायात व्यवस्था है। इसमें मेट्रो-स्तर की क्षमताओं पर तेज, आरामदायक और कम लागत में सेवा मिलती है। कई शहरों में 60 सीटर बसें बीआरटी रूट पर दौड़ाई जाती हैं। आमतौर पर इसे फीडर सेवा भी कहा जाता है। दिल्ली में भी यह कारिडोर बनाया गया था। मगर फीडर सिस्टम ठीक नहीं होने के कारण इसे बंद कर दिया गया। इसका सफर बस से कई गुना सुरक्षित होती है।

कोट
एयरपोर्ट को कनेक्टिविटी देने के मामले में भारत दुनिया के 13 देशों में शामिल हो जाएगा। अभी 12 देशों ने इस तरह की कनेक्टिविटी दे रखी है। यहां भी बीआरटी से परिवाहन सेवाएं बेहतर होंगी। यीडा का उददेश्य है कि एयरपोर्ट पर हर व्यक्ति आसानी से पहुंच सकें।- डॉ. अरुणवीर सिंह, सीईओ यीडा।

नोएडा-ग्रेटर नोएडा और मथुरा भी होंगे रैपिड रेल से कनेक्ट
ग्रेटर नोएडा। दिल्ली से गाजियाबाद और फिर मेरठ तक रेपिड रेल से कनेक्ट कर दिया गया है। अब इसे देखते हुए यीडा के सीईओ ने भी शासन तक नोएडा एयरपोर्ट को रैपिड रेल से कनेक्ट करने की बात पहुंचाई है। उन्होंने कहा है कि दिल्ली से नोएडा एयरपोर्ट, मथुरा और आगरा को रैपिड रेल से जोड़ने पर कनेक्टिविटी बढ़ने के साथ ही कारोबारियों को काफी लाभ मिलेगा। अहम है कि रैपिड रेल परियोजना दिल्ली से वाराणसी तक प्रस्तावित है। पहले चरण में यह आगरा तक प्रस्तावित है और यीडा सीईओ ने शासन में इसका प्रस्ताव ले जाने की बात कही है कि एयरपोर्ट और मथुरा को भी इस कॉरिडोर से कनेक्ट किया जाए। इनके लिए यहां पर भी स्टेशन बनाए जाए।



नोएडा एयरपोर्ट भी होगा 13 देशों में शुमार

नोएडा एयरपोर्ट से यीडा जिस तरह पॉड टैक्सी, हाईस्पीड मैट्रो, दिल्ली-मुंबई ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे, यमुना एक्सप्रेसवे, बीआरटी, रेलवे मार्ग और रेपिड रेल से भी जोड़ने की योजना है। इसी तरह न्यूयार्क और लंदन समेत दुनिया के 12 देशों में ही एयरपोर्ट को कनेक्टिविटी दी गई है। अब इस तरह की परिवहन व्यवस्था के बाद 13वां देश भारत इनमें शामिल हो जाएगा। दुनिया का पहला बीआरटी सिस्टम इंग्लैंड में बसवे नाम से शुरू किया गया। दुनिया के छह महाद्वीपों समेत कुल 166 शहरों में बीआरटी सिस्टम लागू है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed