{"_id":"5ba1518f867a557ece01e2e7","slug":"15372988136-ashram-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बच्चों की पढ़ाई पहले से ज्यादा होगी इनोवेटिव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बच्चों की पढ़ाई पहले से ज्यादा होगी इनोवेटिव
Updated Wed, 19 Sep 2018 12:57 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बच्चों की पढ़ाई पहले से ज्यादा रोचक होगी
सीबीएसई ने संबद्ध स्कूलों से पठन सामग्री तैयार करने को कहा
बेहतर सामग्री का चयन कर दीक्षा पोर्टल पर की जाएगी अपलोड
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने स्कूली बच्चों की पढ़ाई पहले से ज्यादा रुचिकर बनाने के लिए प्रयास शुरू किए हैं। बोर्ड ने अपने संबद्ध स्कूलों से इनोवेटिव कंटेंट (पठन सामग्री) तैयार करने को कहा है। बेहतर सामग्री का चयन कर इसे डिजिटल नेशनल प्लेटफॉर्म (दीक्षा पोर्टल) पर अपलोड किया जाएगा। सामग्री कक्षा 1 से 12वीं के पाठ्यक्रम के तहत आने वाले विषयों पर ही तैयार की जाएगी।
खास बात यह है कि जिन शिक्षकों की सामग्री को पोर्टल पर अपलोड करने के लिए चयनित किया जाएगा, उन्हें सीबीएसई शिक्षक पुरस्कार के चयन के दौरान वेटेज मिलेगी। सीबीएसई ने स्कूलों को कहा है कि वह कंटेंट तैयार कर अपनी एंट्री 15 अक्तूबर तक भेज सकते हैैं। मानव संसाधन विकास मंत्रालय व नेशनल काउंसिल ऑफ टीचर एजुकेशन ने शिक्षकों को डिजिटल प्लेटफॉर्म देने के लिए दीक्षा पोर्टल शुरू किया हुआ है। इस पोर्टल पर शिक्षकों को अपनी क्लासरूम टीचिंग के दौरान पढ़ाने के तरीके, इनोवेशन को अन्य शिक्षकों के साथ साझा करने का अवसर मिलता है। ऐसे में बोर्ड की सोच है कि सीबीएसई संबद्ध स्कूलों के शिक्षक भी इस पोर्टल पर अपना योगदान दें।
दीक्षा पोर्टल पहले से ही कई शिक्षकों और छात्रों द्वारा उपयोग किया जा रहा है। बोर्ड ने स्कूलों को कहा है कि सामग्री ऐसी होनी चाहिए जो कि कांसेप्ट को अच्छे से समझने में सहायता करें, जो वीडियो तैयार किए जाएं, वह अवधारणा को स्पष्ट करने वाले होने चाहिए। सामग्री दो से चार मिनट से ज्यादा की नहीं होनी चाहिए। जिन शिक्षकों की सामग्री का चयन किया जाएगा, उन्हें सीबीएसई की राष्ट्रीय सामग्री निर्माण टीम का हिस्सा बनने के लिए भी चुना जा सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सीबीएसई ने संबद्ध स्कूलों से पठन सामग्री तैयार करने को कहा
बेहतर सामग्री का चयन कर दीक्षा पोर्टल पर की जाएगी अपलोड
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने स्कूली बच्चों की पढ़ाई पहले से ज्यादा रुचिकर बनाने के लिए प्रयास शुरू किए हैं। बोर्ड ने अपने संबद्ध स्कूलों से इनोवेटिव कंटेंट (पठन सामग्री) तैयार करने को कहा है। बेहतर सामग्री का चयन कर इसे डिजिटल नेशनल प्लेटफॉर्म (दीक्षा पोर्टल) पर अपलोड किया जाएगा। सामग्री कक्षा 1 से 12वीं के पाठ्यक्रम के तहत आने वाले विषयों पर ही तैयार की जाएगी।
खास बात यह है कि जिन शिक्षकों की सामग्री को पोर्टल पर अपलोड करने के लिए चयनित किया जाएगा, उन्हें सीबीएसई शिक्षक पुरस्कार के चयन के दौरान वेटेज मिलेगी। सीबीएसई ने स्कूलों को कहा है कि वह कंटेंट तैयार कर अपनी एंट्री 15 अक्तूबर तक भेज सकते हैैं। मानव संसाधन विकास मंत्रालय व नेशनल काउंसिल ऑफ टीचर एजुकेशन ने शिक्षकों को डिजिटल प्लेटफॉर्म देने के लिए दीक्षा पोर्टल शुरू किया हुआ है। इस पोर्टल पर शिक्षकों को अपनी क्लासरूम टीचिंग के दौरान पढ़ाने के तरीके, इनोवेशन को अन्य शिक्षकों के साथ साझा करने का अवसर मिलता है। ऐसे में बोर्ड की सोच है कि सीबीएसई संबद्ध स्कूलों के शिक्षक भी इस पोर्टल पर अपना योगदान दें।
विज्ञापन
दीक्षा पोर्टल पहले से ही कई शिक्षकों और छात्रों द्वारा उपयोग किया जा रहा है। बोर्ड ने स्कूलों को कहा है कि सामग्री ऐसी होनी चाहिए जो कि कांसेप्ट को अच्छे से समझने में सहायता करें, जो वीडियो तैयार किए जाएं, वह अवधारणा को स्पष्ट करने वाले होने चाहिए। सामग्री दो से चार मिनट से ज्यादा की नहीं होनी चाहिए। जिन शिक्षकों की सामग्री का चयन किया जाएगा, उन्हें सीबीएसई की राष्ट्रीय सामग्री निर्माण टीम का हिस्सा बनने के लिए भी चुना जा सकता है।
विज्ञापन