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खादर क्षेत्र में दो किमी तक यमुना का पानी घुसा, कई गांवों की फसल डूबी
Updated Tue, 31 Jul 2018 10:44 PM IST
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खादर क्षेत्र में दो किमी तक घुसा यमुना का पानी
कामनगर में एक जगह से बंधा कटा, दुरुस्त करा रहा प्रशासन
अमर उजाला ब्यूरो
ग्रेटर नोएडा/दनकौर/रबूपुरा/जेवर। हरियाणा के हथनी कुंड बैराज से रविवार रात छोड़ा गया छह लाख क्यूसेक पानी ग्रेटर नोएडा, दनकौर, रबूपुरा और जेवर के खादर क्षेत्र में 500 मीटर से करीब दो किमी तक बंधे तक घुस आया। ग्रेटर नोएडा के कामनगर में एक जगह से बंधा कट गया। प्रशासन उसे दुरुस्त करने में लगा है। मंगलवार दोपहर बाद से इन क्षेत्रों में पानी कम होना शुरू हुआ। यदि पानी दोबारा बढ़ा, तो सदर और जेवर तहसील क्षेत्र के करीब 35 गांवों में बाढ़ का खतरा है।
हथनी कुंड बैराज से छोड़ा गया छह लाख क्यूसेक पानी सोमवार शाम से लेकर मंगलवार सुबह तक जेवर क्षेत्र में पहुंच गया। सोमवार रात नौ बजे से पानी बढ़ना शुरू हुआ और खादर क्षेत्र में बंधे तक करीब आठ हजार हेक्टेयर क्षेत्र में फसलों में पानी आ गया। हालांकि, प्रशासन ने पहले से अलर्ट जारी कर पूरा क्षेत्र खाली करा दिया था।
सदर क्षेत्र में कामनगर डेरीन, कामबक्शपुर, याकूबपुर, मोमनाथल और सफीपुर में बंधे तक पानी घुस आया है। कामनगर में बंधा एक स्थान पर कट गया था, जिससे तेजी से गांव की ओर पानी आने लगा, लेकिन प्रशासन और गांववासियों ने मिलकर मरम्मत शुरू कर दी, जिससे गांव में अधिक पानी नहीं आ सका।
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पानी में घुसकर मवेशियों का चारा ला रहे
जेवर के खादर में सुबह किसानों को फसलें जलमग्न दिखीं। इस दौरान किसान गर्दन तक गहरे पानी में घुसकर मवेशियों के लिए चारा लाते दिखे। जेवर क्षेत्र के झुप्पा, शमशमनगर, कानीगढ़ी, गोविंदगढ़ में पांच किमी लंबे पुश्ते के किनारे के किसानों की लगभग 5000 बीघा फसल में पानी घुस गया। किसानों की माने तो मंगलवार शाम तक लगातार पानी का स्तर बढ़ता जा रहा है, जिससे धान और सब्जियों की फसल पूरी तरह से डूब चुकी है, जल्द पानी नहीं निकला तो मवेशियों के लिए चारे की फसल ज्वार नहीं बचेगा।
धान, ज्वार और बाजरे की फसलें जलमग्न
रबूपुरा क्षेत्र में सौ से अधिक किसानों की फसलें डूब गईं। रबूपुरा क्षेत्र में मकनपुर खादर, मकनपुर बांगर, लतीपुर, सिरौली बांगर, मेहंदीपुर, तकीपुर व झुप्पा आदि गांवों के किसानों की धान, बाजरा व ज्वार आदि की फसलें जलमग्न हो गई हैं।
घरों में घुस सकता है पानी
मंगलवार को खादर गांव के नजदीक बांध तक यमुना का पानी पहुंच गया। ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि बुधवार दोपहर तक पानी बांध को पार कर घरों में घुस सकता है। ग्रामीण वेदपाल कौशिक ने बताया कि दो साल पहले भी लगातार बारिश से यमुना का जलस्तर बढ़ने से गांवों में पानी आ गया था।
एडीएम के साथ क्षेत्र का किया दौरा
सदर में करीब सात और जेवर तहसील में पांच बाढ़ चौकियां बनाई गई हैं। कामनगर में बंधा कट गया था, उसे दुरुस्त करने में प्रशासन लग गया है। एडीएम के साथ कामनगर, मोमनाथल आदि गांवों का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया है। प्रशासन स्थिति पर नजर रखे हुए है।
-राजपाल सिंह, एसडीएम, सदर
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कामनगर में एक जगह से बंधा कटा, दुरुस्त करा रहा प्रशासन
अमर उजाला ब्यूरो
ग्रेटर नोएडा/दनकौर/रबूपुरा/जेवर। हरियाणा के हथनी कुंड बैराज से रविवार रात छोड़ा गया छह लाख क्यूसेक पानी ग्रेटर नोएडा, दनकौर, रबूपुरा और जेवर के खादर क्षेत्र में 500 मीटर से करीब दो किमी तक बंधे तक घुस आया। ग्रेटर नोएडा के कामनगर में एक जगह से बंधा कट गया। प्रशासन उसे दुरुस्त करने में लगा है। मंगलवार दोपहर बाद से इन क्षेत्रों में पानी कम होना शुरू हुआ। यदि पानी दोबारा बढ़ा, तो सदर और जेवर तहसील क्षेत्र के करीब 35 गांवों में बाढ़ का खतरा है।
हथनी कुंड बैराज से छोड़ा गया छह लाख क्यूसेक पानी सोमवार शाम से लेकर मंगलवार सुबह तक जेवर क्षेत्र में पहुंच गया। सोमवार रात नौ बजे से पानी बढ़ना शुरू हुआ और खादर क्षेत्र में बंधे तक करीब आठ हजार हेक्टेयर क्षेत्र में फसलों में पानी आ गया। हालांकि, प्रशासन ने पहले से अलर्ट जारी कर पूरा क्षेत्र खाली करा दिया था।
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सदर क्षेत्र में कामनगर डेरीन, कामबक्शपुर, याकूबपुर, मोमनाथल और सफीपुर में बंधे तक पानी घुस आया है। कामनगर में बंधा एक स्थान पर कट गया था, जिससे तेजी से गांव की ओर पानी आने लगा, लेकिन प्रशासन और गांववासियों ने मिलकर मरम्मत शुरू कर दी, जिससे गांव में अधिक पानी नहीं आ सका।
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पानी में घुसकर मवेशियों का चारा ला रहे
जेवर के खादर में सुबह किसानों को फसलें जलमग्न दिखीं। इस दौरान किसान गर्दन तक गहरे पानी में घुसकर मवेशियों के लिए चारा लाते दिखे। जेवर क्षेत्र के झुप्पा, शमशमनगर, कानीगढ़ी, गोविंदगढ़ में पांच किमी लंबे पुश्ते के किनारे के किसानों की लगभग 5000 बीघा फसल में पानी घुस गया। किसानों की माने तो मंगलवार शाम तक लगातार पानी का स्तर बढ़ता जा रहा है, जिससे धान और सब्जियों की फसल पूरी तरह से डूब चुकी है, जल्द पानी नहीं निकला तो मवेशियों के लिए चारे की फसल ज्वार नहीं बचेगा।
धान, ज्वार और बाजरे की फसलें जलमग्न
रबूपुरा क्षेत्र में सौ से अधिक किसानों की फसलें डूब गईं। रबूपुरा क्षेत्र में मकनपुर खादर, मकनपुर बांगर, लतीपुर, सिरौली बांगर, मेहंदीपुर, तकीपुर व झुप्पा आदि गांवों के किसानों की धान, बाजरा व ज्वार आदि की फसलें जलमग्न हो गई हैं।
घरों में घुस सकता है पानी
मंगलवार को खादर गांव के नजदीक बांध तक यमुना का पानी पहुंच गया। ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि बुधवार दोपहर तक पानी बांध को पार कर घरों में घुस सकता है। ग्रामीण वेदपाल कौशिक ने बताया कि दो साल पहले भी लगातार बारिश से यमुना का जलस्तर बढ़ने से गांवों में पानी आ गया था।
एडीएम के साथ क्षेत्र का किया दौरा
सदर में करीब सात और जेवर तहसील में पांच बाढ़ चौकियां बनाई गई हैं। कामनगर में बंधा कट गया था, उसे दुरुस्त करने में प्रशासन लग गया है। एडीएम के साथ कामनगर, मोमनाथल आदि गांवों का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया है। प्रशासन स्थिति पर नजर रखे हुए है।
-राजपाल सिंह, एसडीएम, सदर