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सड़क हादसे मे मारे गये परिवार से मिलने नहीं पहुंचा सरकार का कोई नुमाईंदा

Sun, 08 May 2016 09:29 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, गुड़गांव
ब्यूरो/अमर उजाला, गुड़गांव Updated Sun, 08 May 2016 09:29 AM IST
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जिला के गांव सिंगार में सड़क हादसे में शुक्रवार को मारे गये एक ही परिवार के लोगों को सांतवाना देने के लिये कांग्रेस के पूर्व मंत्री और प्रदेश उपाध्यक्ष आफताब अहमद शनिवार को गांव सिंगार पहंचे।

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इस मौके पर उन्होने मृतक परिवार के लोगो को सांत्वना दी और पार्टी की ओर से पूरा सहयोग करने का भरोसा भी दिया। इस मौके पर उन्होने अपनी ओर से गुप्त तरीके से मृतक परिवार के लोगो की इमदाद भी की।
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 वहीं सडक हादसे में मारे गये लोगों के परिवार वालों से सरकार और प्रसाशन का कोई नुमाईदा 36 घण्टे बाद तक भी न पहुंचने पर पूर्व मंत्री ने दुख प्रकट किया। उन्होने कहा कि ये सरकार का काम नहीं है कि इतने बडे हादसे में भी गरीब परिवार के लोगों को सांत्वना देने के लिये कोई न पहुचे।
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उन्होने सरकार से मांग की है कि सभी पांच मृतक लोगों के परिवार वालों को राजीव गांधी दुर्घना बीमा के तहत एक-एक लाख रूपये दिया जाये और मरने वाले सभी गरीब परिवार से ताल्लुक रखते हैं इसलिये सभी मृतको के परिवार को अलग से दो-दो लाख रूपये की सहायता दी जाये। आफताब अहमद ने कहा कि जो 10 लोग घायल है उनमें से कई की हालत नाजुक है सभी को एक-एक लाख की सहायता दी जाये और सभी का मुत इलाज कराया जाये।

 वहीं गांव के सुबद्दी का कहना है कि उनको अफसोस है कि 36 घण्टे बात तक सरकार और प्रसाशन का तहसीलदार तक उनके परिवारों को ढांडस बंधान तक नही ंआया है। उन्होने कहा कि जल्द गांव में पंचायत कर गरीब परिवार के लोगो को गांव की ओर से पूरी मदद की जाऐगी। वहीं सरकार को भी गरीब परिवार के लोगो की मदद करनी चाहिये।

मृतक साहून के पिता रहमान ने बताया कि उसके बेटे की आये करीब 30 साल थी। उसके तीन लडकी और एक तीन साल का बेटा है। अब कमाने वाला कोई नहीं है। सरकार उनकी कुछ मदद कर दे तो परिवार का गुजारा हो सकता है।

गौरतलब है कि कोसी कलां के पास थ्रीव्हीलर पलट जाने से पुन्हाना खण्ड के गांव सिंगर के साहून, मंगल, सुलेमान, समीखां, शेरू की मौत हो गई थी जबकी खतीजा पत्नी रहमान, बत्तों विधवा दीनू, मजीदन विधवा खलील, मरियम पत्नी फजरा, जमील पुत्र सुलेमान, गुड्डी पत्नी खुरशीद, असरफी पत्नी रमजान, मम्मन पुत्र सुपेदी, आसीनी पत्नी मम्मन, मामली पत्नी सिरदार गंभीर रूप से घायल हो गये।

डाक्टर ने नहीं दिखाई इंसानियत
जैसे ही गांव कोटमन कोसी के पास थ्रीव्हीलर पलट गया तो वहां मौजूद दुकानदारों ने पुलिस की मदद से सभी घायलों को कोसी के मंगला अस्पताल और और लाईफ लाईन अस्पताल में दाखिल कराया। गांव सिंगार निवासी साहून ने बताया कि वे सूचना मिलते ही तुरंत मौके पर पहुंच गये।

लेकिन मंगला अस्पताल जो पुन्हाना कस्बे के ही किसी आदमी का है उसने बिना पैसे जमा कराये घायलों का इलाज करने से मना कर दिया। उन्होने बताया कि पैसे घर से लाने की बता पर ही उसने इलाज शुरू किया। उन्होने बताया कि जमील और सुलेमान को मंगला अस्पताल में दाखिल किया गया था।


उसने केवल दो ड्रिप, पैशब की नलकी और पटटी करने के ही 24 हजार रूपये मांगे। जब उससे कम करने को कहा तो डाक्टर ने जवाब दिया कि पैसा एक भी नहीं छोडूगां अगर वह मेवात आये तो उसका पानी भी मत पिलाना। डाक्टर का ये ब्यान सुनकर गांव के लोगों ने मिलकर अस्पताल का बिल अदा किया अब घायलों को मांडीखेडा में दाखिल कराया गया है।

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