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म्यूजिक सिस्टम से निकली थी मौत की चिंगारी
अमर उजाला, साहिबाबाद
Updated Tue, 10 Mar 2015 01:32 AM IST
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फर्रुखनगर में पटाखों से भरी कार में धमाके की जांच में पता चला है कि म्यूजिक सिस्टम की वायरिंग में कई दिन से स्पार्किंग हो रही थी, हालांकि अभी फोरेंसिक रिपोर्ट आनी बाकी है।
बता दें कि हादसा भी तभी हुआ, जब बच्चे कार में गाना सुन रहे थे। ऐसे में लोगों को आशंका है कि म्यूजिक सिस्टम की वायरिंग में ही शॉर्ट सर्किट हुआ होगा।
फोरेंसिक जांच में भी प्रथम दृष्टया यही कारण आ रहा है। फोरेंसिक एक्सपर्ट देवराज ने बताया कि चार दिन में रिपोर्ट आ जाएगी।
घर में पसरा सन्नाटा
फर्रुखनगर के पटाखा कारोबारी रिजवान के बच्चों से चहकते घर में सन्नाटा पसरा है। एक पल में घर की खुशियां छिन गईं।
रिजवान के बेटे फरहान (7) को सोमवार सुबह सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया, जबकि अक्शा (4), फारिया (2.5) और फरहान (6) को रविवार देर रात दफना दिया गया था। परिवार के लोग सदमे में हैं।
दो अप्रैल को रिजवान के चचेरे भाई समाउन की शादी थी, जिसे टाल दिया गया है। दूसरी तरफ, लाजपत नगर स्थित अंबे अस्पताल में भर्ती जांबाज कृष की हालात में पहले से सुधार बताया जा रहा है।
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सुबह नौ बजे रिजवान के बेटे फरहान का शव गांव लाया गया। शव को बहुत देर तक घर पर नहीं रखा गया। फरहान को सुपुर्द-ए-खाक करने के दौरान बड़ी संख्या में गांव के लोग मौजूद रहे, जिसके चलते पुलिस बल भी तैनात रहा।
चर्चा है कि आखिर कार में विस्फोट हुआ भी तो कैसे। ज्यादातर लोगों का मानना है कि कार में शॉर्ट सर्किट ही हुआ होगा।
दूसरी तरफ, कृष की मां पुष्पा ने बताया कि बेटे की तबीयत अब ठीक है। डॉक्टरों ने जल्द ही छुट्टी देकर घर भेजने की बात कही है।
कृष की हालत स्थिर दर्द से है परेशानी
अंबे अस्पताल में जांबाज कृष का इलाज चल रहा है। कृष का इलाज सर्जन डा. एके सेठ कर रहे हैं। उनके मुताबिक कृष की हालत स्थिर है।
40 फीसदी तक जलने की वजह से उसे आईसीयू में रखा गया है, जिससे बेहतर इलाज मिल सके। कृष के इलाज में तकरीबन 50 हजार रुपये का खर्च आएगा।
नहीं लिए जा सके रिजवान के बयान
जांच अधिकारी और फर्रुखनगर चौकी इंचार्ज सत्यपाल सिंह ने बताया कि रिजवान की हालत फिलहाल ठीक नहीं है। डॉक्टरों के मना करने की वजह से उसके बयान नहीं लिए जा सके हैं।
उन्होंने बताया कि अभी तक जांच में सामने आया है कि कार की ड्राइविंग सीट का दरवाजा खुला हुआ था और चाभी कार में लगी हुई थी।
बच्चे अंदर बैठे थे। धमाके और बच्चों के चीखने की आवाज पर रिजवान कार के पास पहुंचा था, जिसमें वह भी जल गया।
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बता दें कि हादसा भी तभी हुआ, जब बच्चे कार में गाना सुन रहे थे। ऐसे में लोगों को आशंका है कि म्यूजिक सिस्टम की वायरिंग में ही शॉर्ट सर्किट हुआ होगा।
फोरेंसिक जांच में भी प्रथम दृष्टया यही कारण आ रहा है। फोरेंसिक एक्सपर्ट देवराज ने बताया कि चार दिन में रिपोर्ट आ जाएगी।
घर में पसरा सन्नाटा
फर्रुखनगर के पटाखा कारोबारी रिजवान के बच्चों से चहकते घर में सन्नाटा पसरा है। एक पल में घर की खुशियां छिन गईं।
रिजवान के बेटे फरहान (7) को सोमवार सुबह सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया, जबकि अक्शा (4), फारिया (2.5) और फरहान (6) को रविवार देर रात दफना दिया गया था। परिवार के लोग सदमे में हैं।
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दो अप्रैल को रिजवान के चचेरे भाई समाउन की शादी थी, जिसे टाल दिया गया है। दूसरी तरफ, लाजपत नगर स्थित अंबे अस्पताल में भर्ती जांबाज कृष की हालात में पहले से सुधार बताया जा रहा है।
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सुबह नौ बजे रिजवान के बेटे फरहान का शव गांव लाया गया। शव को बहुत देर तक घर पर नहीं रखा गया। फरहान को सुपुर्द-ए-खाक करने के दौरान बड़ी संख्या में गांव के लोग मौजूद रहे, जिसके चलते पुलिस बल भी तैनात रहा।
चर्चा है कि आखिर कार में विस्फोट हुआ भी तो कैसे। ज्यादातर लोगों का मानना है कि कार में शॉर्ट सर्किट ही हुआ होगा।
दूसरी तरफ, कृष की मां पुष्पा ने बताया कि बेटे की तबीयत अब ठीक है। डॉक्टरों ने जल्द ही छुट्टी देकर घर भेजने की बात कही है।
कृष की हालत स्थिर दर्द से है परेशानी
अंबे अस्पताल में जांबाज कृष का इलाज चल रहा है। कृष का इलाज सर्जन डा. एके सेठ कर रहे हैं। उनके मुताबिक कृष की हालत स्थिर है।
40 फीसदी तक जलने की वजह से उसे आईसीयू में रखा गया है, जिससे बेहतर इलाज मिल सके। कृष के इलाज में तकरीबन 50 हजार रुपये का खर्च आएगा।
नहीं लिए जा सके रिजवान के बयान
जांच अधिकारी और फर्रुखनगर चौकी इंचार्ज सत्यपाल सिंह ने बताया कि रिजवान की हालत फिलहाल ठीक नहीं है। डॉक्टरों के मना करने की वजह से उसके बयान नहीं लिए जा सके हैं।
उन्होंने बताया कि अभी तक जांच में सामने आया है कि कार की ड्राइविंग सीट का दरवाजा खुला हुआ था और चाभी कार में लगी हुई थी।
बच्चे अंदर बैठे थे। धमाके और बच्चों के चीखने की आवाज पर रिजवान कार के पास पहुंचा था, जिसमें वह भी जल गया।