कोर्ट में घुसा नेवला, मची अफरा-तफरी
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दिल्ली के तीस हजारी अदालत में बृहस्पतिवार को नेवले के आतंक का अजब नजारा देखने को मिला। नेवले ने दोपहर बाद एक अदालत में कामकाज पूरी तरह ठप कर दिया। मामला अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश अतुल कुमार गर्ग की कोर्ट का है।
अदालत सुबह ठीक तरह से चली। दोपहर को लंच के दौरान एक नेवला कोर्ट रूम में घुस गया। उसे देखते ही कोर्ट स्टाफ के बीच अफरा-तफरी मच गई। महिला कर्मचारी ही नहीं, पुरुष कर्मचारी भी कोने में सिमटते नजर आए।
जज साहब को स्टाफ ने इस बात की जानकारी दी तो उन्होंने फौरन नेवले को बाहर निकलवाने के लिए कहा। निकालने के लिए केयर टेकिंग ब्रांच के लोगों को बुलाया गया। इसके बाद शुरू हुआ ऑपरेशन नेवला। केयर टेकिंग ब्रांच के लोग नेवले को ढूंढने में लग गए, लेकिन वह उनकी पकड़ में नहीं आया।
करीब तीन घंटे तक कोर्ट रूम में मचाया उत्पात
कोर्ट से नेवले को निकालने का ऑपरेशन करीब तीन घंटे चला। इस दौरान मामलों की सुनवाई नहीं हो सकी। हत्या के एक मामले में डॉक्टर का बयान होना था और उसके अलावा भी करीब आधा दर्जन मामलों की सुनवाई टल गई।
कोर्ट रूम में करीब तीन घंटे तक अफरा-तफरी मचाने के बाद नेवला शाम करीब 4:45 बजे वहां लगे एसी की डक्ट से निकल कर भाग गया। तब जाकर कोर्ट स्टाफ की सांस में सांस आई। तीस हजारी कोर्ट राजधानी की सबसे बड़ी जिला अदालत है। यहां पर बंदरों, चूहों और कुत्तों का आतंक तो पहले से था ही अब नेवले ने भी अपनी मौजूदगी दर्ज करवा दी है।
कोर्ट खुलने से पहले और बंद होने के बाद यहां पर बंदरों का साम्राज्य कायम हो जाता है। कोर्ट स्टाफ को सही सलामत बाहर निकालने व बंदरों को भगाने के लिए हर रोज लंगूर की मदद ली जाती है। कोर्ट खुलने के दौरान यहां वहां आवारा कुत्ते घूमते रहते हैं या ठंडे कोनों में पड़े ऊंघते रहते हैं।