खतरा : मानसून में फिर डूब सकती है दिल्ली
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मानसून के दौरान दिल्ली वासियों को सड़कों पर जलभराव की समस्या का सामना न करना पड़े, इसके लिए एमसीडी ने कमर कस ली है। तीनों एमसीडी के करीब 400 किलोमीटर के दायरे में कुल 663 नालों के करीब 90 फीसदी क्षेत्र से गाद निकालने का कार्य पूरा करने का दावा किया जा रहा है। सफाई की इस दौड़ में पीडब्ल्यूडी, दिल्ली जल बोर्ड और बाढ़ नियंत्रण विभाग अभी भी एमसीडी से पीछे हैं, नतीजतन बारिश में दिल्ली की सड़कों फिर जलभराव होने की संभावना बनी हुई है। हालांकि लोक निर्माण विभाग के मंत्री ने शुक्रवार को विभागीय अधिकारियों को 22 जून से पहले पीडब्ल्यूडी सड़कों से लगते नालों की सफाई का कार्य पूरा करने की हिदायत दी है।
मानसून आने में महज चंद दिन बचे हैं, लेकिन नालों की तेजी से सफाई के एमसीडी के दावे उस वक्त नाकाफी साबित हो जाएंगे, अगर अन्य विभागों ने थोड़ी भी सुस्ती की। अब तक पीडब्ल्यूडी, बाढ़ नियंत्रण और दिल्ली जल बोर्ड की ओर से किए जाने वाले कार्यों की रफ्तार धीमी है।
उत्तरी दिल्ली नगर निगम के अधिकारियों का कहना है कि नालों से गाद निकालने का करीब 90 फीसदी कार्य पूरा हो चुका है। दक्षिणी निगम में यह आंकड़ा करीब 90 फीसदी है। पूर्वी दिल्ली नगर निगम क्षेत्र में 90 फीसदी से अधिक नालों से गाद निकालने का काम पूरा हो चुका है और दावा किया जा रहा है कि 18-19 जून तक तीनों एमसीडी के सभी नालों से गाद निकालने का काम पूरा कर लिया जाएगा।
निगमों का आरोप यह भी है कि नालों की सफाई के लिए उन्हें दिल्ली सरकार से राशि न मिलने की वजह से इस कार्य को अंजाम तक पहुंचाने में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, लेकिन दिल्ली वासियों को परेशानी का सामना न करना पड़े, इसके लिए सभी इंतजाम किए जा रहे हैं। अगर, बारिश में फिर भी परेशानी आती है तो इसके लिए दूसरे विभागों की लापरवाही मुख्य वजह होगी।
22 से पहले सफाई का कार्य पूरा करने के निर्देश
लोक निर्माण विभाग के मंत्री सत्येन्द्र जैन ने 22 जून से पहले सभी सड़कों पर नालों से गाद निकालने का कार्य पूरा करने के निर्देश दिए हैं। पीडब्ल्यूडी के वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक में निर्देश देते हुए मंत्री ने हालात से निपटने के लिए नालों में बार स्क्रीनिंग/एमएस स्टील का इस्तेमाल करने के निर्देश दिए हैं, ताकि पीडब्ल्यूडी नालों में तैरने वाले कचरे को रोका जा सके। जैन ने अधिकारियों से कहा है कि पीडब्ल्यूडी के नालों में जलभराव या नाला बंद न हो, इसे सुनिश्चित करने की हिदायत दी है।
नालों की सफाई की तीनों निगमों में स्थिति
निगम नालों की संख्या लंबाई गाद (मीट्रिक टन में) प्रतिशत
उत्तरी दिल्ली नगर निगम 194 110 8456 86
दक्षिणी दिल्ली नगर निगम 247 163 29000 90
पूर्वी दिल्ली नगर निगम 222 122 2487 90