अंकिता भंडारी केस: पीड़ित परिवार को हिरासत में लेने पर मल्लिकार्जुन खरगे ने पीएम मोदी को घेरा, पूछा सवाल
दिल्ली पुलिस ने बृहस्पतिवार सुबह इंडिया गेट पर धरना दे रहे अंकिता भंडारी के माता-पिता और कांग्रेस नेताओं को हिरासत में ले लिया। जिसके बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने एक्स पर मोदी सरकार को कायर और संवेदनहीन बताया। उन्होंने माता-पिता की हिरासत और भाजपाई 'वीआईपी' को राज्यपाल पद देने पर सवाल उठाए, इसे सत्ता का दमन कहा।
विस्तार
दिल्ली पुलिस ने अंकिता भंडारी हत्याकांड से जुड़े एक 'वीआईपी' की संवैधानिक पद पर नियुक्ति पर रोक लगाने की मांग को लेकर इंडिया गेट पर धरना दे रहे दिवंगत लड़की के माता-पिता और कांग्रेस के कुछ नेताओं को बृहस्पतिवार सुबह हिरासत में ले लिया।कांग्रेस ने पुलिस पर अंकिता के माता पिता के साथ दुर्व्यवहार का आरोप लगाया।
खरगे ने अंकिता भंडारी मामले पर मोदी सरकार को घेरा
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने एक्स पर पोस्ट कर मोदी सरकार को कायर और संवेदनहीन बताया। उन्होंने अंकिता भंडारी के माता-पिता को हिरासत में लेने और भाजपाई 'वीआईपी' को राज्यपाल पद देने पर सवाल उठाए। खरगे ने इसे सत्ता का दमन और सवालों से भागने का प्रमाण कहा, साथ ही अंकिता को न्याय दिलाने के लिए कांग्रेस के संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया।
मोदी सरकार की कायरता और संवेदनहीनता की पराकाष्ठा! न्याय की गुहार माँगने वाले अंकिता भंडारी के माता-पिता को हिरासत, और भाजपाई ‘VIP’ को Governor-ship! सत्ता का यह दमन सरकार की ताक़त नहीं, बल्कि सवालों से भागने का प्रमाण है। एक बेटी को खो चुके माता-पिता के साथ ऐसा व्यवहार अत्यंत शर्मनाक और निंदनीय है। अंकिता बेटी को न्याय दिलवाने के लिए काँग्रेस पार्टी संघर्ष करती रहेगी।
— Mallikarjun Kharge (@kharge) October 15, 2026
कांग्रेस नेताओं के अनुसार, पुलिस ने तड़के करीब चार बजे अंकिता के माता-पिता और प्रदर्शन में शामिल लोगों को हिरासत में लिया तथा बाद में उन्हें रिहा कर दिया। कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत, पवन खेड़ा और काजी निजामुद्दीन ने पुलिस कार्रवाई की आलोचना करते हुए आरोप लगाया कि न्याय की मांग करने वालों को निशाना बनाया जा रहा है।
अंकिता के माता-पिता भाजपा नेता दुष्यंत गौतम को सिक्किम का राज्यपाल नियुक्त किए जाने का विरोध कर रहे थे और बुधवार को इंडिया गेट पर धरने पर बैठ गए थे।उनका आरोप है कि हत्याकांड के सिलसिले में जिस कथित ‘वीआईपी’ की भूमिका को लेकर सवाल उठते रहे हैं, वह गौतम हैं। गौतम सितंबर 2022 में भाजपा के उत्तराखंड प्रभारी थे।
इन आरोपों पर भाजपा या गौतम की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाद्रा ने बुधवार देर शाम इंडिया गेट पहुंचकर अंकिता के माता-पिता से मुलाकात की थी और न्याय की लड़ाई में समर्थन का भरोसा दिया था।
राहुल गांधी ने बाद में सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर आरोप लगाया कि चार साल बीतने के बावजूद अंकिता के परिवार को न्याय नहीं मिला है। अंकिता के पिता ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से गौतम की नियुक्ति रोकने का अनुरोध करते हुए कहा कि मामले की केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) जांच पूरी होने तक उन्हें राज्यपाल नहीं बनाया जाना चाहिए।
ऋषिकेश के निकट वनंत्रा रिजॉर्ट में रिसेप्शनिस्ट के रूप में काम करने वाली 19 वर्षीय अंकिता की सितंबर 2022 में हत्या कर दी गई थी। मामले में रिजॉर्ट मालिक पुलकित आर्य और उसके दो कर्मचारियों को अदालत ने दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है।