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कबाड़ी बनकर शहर में घूम रहे लुटेरे

Sat, 08 Nov 2014 07:52 AM IST
संदीप वर्मा/अमर उजाला, नोएडा
संदीप वर्मा/अमर उजाला, नोएडा Updated Sat, 08 Nov 2014 07:52 AM IST
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loot and theft cases in noida increased

नोएडा में इन दिनों चोरी और लूट की बड़ी वारदातों में इजाफा हो रहा है। ज्यादातर मामलों में कबाड़ियों और फेरी वालों के वेश में आने वाले चोर और लुटेरे पकड़े गए हैं।

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कॉलोनियों में निर्धारित दिनों में फेरी लगाने के आदेश के बावजूद अन्य दिनों में फेरीवाले टहलते रहते हैं। पहले यह फेरी लगाकर रेकी करते हैं और अगले दिन वारदात को अंजाम देते हैं।
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22 मई को निठारी में उद्योगपति के दफ्तर की तिजोरी तोड़कर 1 करोड़ 65 लाख रुपये की वारदात को अंजाम देने वाले चारों आरोपी कबाड़ी निकले। जिसमें तीन मुख्य अभियुक्त बिहार के निवासी थे और गाजियाबाद में कबाड़ी के रूप में काम करते थे और नोएडा में आकर वारदात करते थे। वारदात के बाद वह नेपाल भाग गए थे।
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वहीं, सितंबर में सेक्टर-33 रामलीला ग्राउंड में कबाड़ियों के वेश में आए मेरठ से चोरों ने प्राधिकरण के कूड़ेदान तोड़कर ले गए थे। सेक्टर-26 में एक उद्योगपति के घर से चोरों ने तिजोरी, बड़ी एलईडी स्मार्ट टीवी, साड़ियां, इलेक्ट्रॉनिक्स सामान सहित गायब कर दिया।

हालांकि, अभी तक इस चोरी का कोई सुराग नहीं लगा है। कॉलोनियों में रोज हो रही चोरियां और अनसुलझी वारदातों में भी पुलिस को शक है कि कबाड़ियों और फेरी वालों का हाथ है।

केवल ठेकेदारों का ही होता पहचान पत्र
सेक्टर-82 ईडब्यूएस पॉकेट-7 के अध्यक्ष राघवेंद्र दुबे का कहना है कि कबाड़ का ठेका लेने वाले ठेकेदार का तो आई कार्ड होता है, लेकिन उसके द्वारा कॉलोनी में भेजे जाने वाले लड़कों के पास कोई पहचान पत्र नहीं होता। ऐसे में वारदात की संभावना बढ़ जाती है।

लापरवाही से दिक्कत
सेक्टर-19 आरडब्ल्यूए अध्यक्ष रिषिपाल अवाना का कहना है कि नोएडा के लगभग सभी सेक्टरों में शनिवार और रविवार को सुबह से लेकर दोपहर तीन बजे तक का टाइम निर्धारित किया गया है। इसके बावजूद कई बार गार्डों की लापरवाही या सेटिंग के चलते कबाड़ी या फेरी वाले सेक्टरों में चक्कर लगाते हैं।

पुलिस वेरीफिकेशन नहीं होता

कबाड़ के ठेकेदार अपने यहां काम पर रखे लड़कों का पुलिस वेरीफिकेशन नहीं कराते। जिसके कारण मूल नाम-पता न होने के कारण वारदात करने के बाद आरोपी पुलिस की पकड़ में नहीं आते।


सरकारी जमीनों को बनाया अड्डा

सेक्टर-82 ईडब्ल्यूएस पॉकेट-7 के अध्यक्ष ने बताया कि कबाड़ियों को प्राधिकरण के कुछ कर्मियों और पुलिस का भी  आशीर्वाद प्राप्त है। जिसके चलते सरकारी जमीनों पर अपना कबाड़ का अड्डा बनाकर रखते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पॉकेट-12 और सेक्टर-92 की रोड के बीच कबाड़ियों ने जमीनों पर अवैध कब्जा कर रखा है।

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